सीतापुर @thetarget365 सरगुजा जिले के सीतापुर थाना क्षेत्र में रात्रि गश्त पर निकले पुलिसकर्मियों पर शराब पीकर मारपीट करने का गंभीर आरोप लगा है। घटना के बाद आहत पक्ष के साथ स्थानीय नागरिकों ने थाने का घेराव कर नारेबाजी की और दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की मांग की। दिनभर की गहमागहमी के बाद देर शाम 4 पुलिसकर्मी लाइन अटैच कर दिए गए हैं।
जानकारी अनुसार, शुक्रवार को रात्रि गश्त पर निकली पुलिस पर शराब दुकान के कर्मचारी एवं स्थानीय दुकानदारों ने शराब पीकर मारपीट का आरोप लगाया है। बताया जा रहा है कि शासकीय शराब दुकान के कर्मचारी हरि सोनी, पान ठेला व्यवसायी शेखर सोनी, बिरयानी सेंटर के अविनाश कंसारी और अन्य व्यापारियों की पुलिस ने डंडों से जमकर पिटाई कर दी। इसी दौरान मारपीट में झारखंड से सगाई समारोह में शामिल होने आया युवक भी घायल हो गया, जो अपने रिश्तेदार से मिलने उसके दुकान पर पहुंचा था। युवक का हाथ भी फ्रैक्चर हो गया है।
देर रात हुई इस घटना के बाद आहत पक्ष के साथ स्थानीय लोगों ने थाने का घेराव कर दिया। घेराव के दौरान पीड़ित पक्ष एवं स्थानीय लोग पुलिसकर्मियों का डॉक्टरी मुलाहजा की मांग कर रहे थे।इस दौरान पुलिस की मार से गंभीर रूप से घायलों का देर रात डॉक्टरी मुलाहिजा कराया गया। देर रात तक थाने में गहमागहमी का माहौल बना रहा। एसडीओपी द्वारा पुलिसकर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई के आश्वासन के बाद रात को पीड़ित पक्ष समेत स्थानीय लोग वापस लौटे।
अगले दिन शनिवार को पीड़ित पक्ष समेत काफी संख्या में नगरवासी मारपीट करने वाले पुलिसकर्मियों पर कार्यवाही की मांग को लेकर फिर थाना पहुँचे। जहाँ उन्होंने मारपीट करने वाले पुलिसकर्मियों के विरुद्ध कार्यवाही की मांग की।कार्यवाही नही होने से नाराज लोगो ने थाने का घेराव कर दिया। इस दौरान मारपीट करने वाले पुलिसकर्मियों के निलंबन की मांग करते हुए लोगों ने जमकर नारेबाजी की। नारेबाजी के दौरान काफी संख्या में नगरवासी थाने में इकट्ठा हो गए थे। जिससे काफी देर तक थाना परिसर में गहमागहमी का माहौल बना हुआ था।
एडीशनल एसपी ने पुलिसकर्मियों को किया लाइन अटैच
पुलिसकर्मियों द्वारा मारपीट की घटना के बाद थाना परिसर में मचे बवाल के बीच एडिशनल एसपी अमोलक सिंह ढिल्लो सीतापुर थाना पहुँचे। जहाँ एडिशनल एसपी एवं एसडीओपी राजेंद्र मंडावी ने पीड़ित पक्ष एवं नगरवासियों को समझाने की काफी कोशिश की। पर इसका पीड़ित पक्ष एवं नगरवासियों पर कोई असर नही हुआ। वे मारपीट करने वाले पुलिसकर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग पर अड़े थे।उनका कहना था कि जब तक उनके विरुद्ध कार्रवाई नही होगी, तब तक वो थाने में ही डटे रहेंगे।
मामले की गंभीरता और लोगों का आक्रोश देख एडिशनल एसपी ने उप निरीक्षक राजेंद्र सिंह, प्रधान आरक्षक रंजीत लकड़ा, आरक्षक अशोक कुजूर एवं सुनील पैंकरा को लाइन अटैच कर दिया। उन्होंने कहा कि जांच के बाद इनके विरुद्ध आगे की कार्रवाई की जायेगी।