Surajpur News : छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले के आमगांव कोयला खदान परिसर में एक गंभीर घटना ने सभी को झकझोर दिया है। 37 वर्षीय ट्रक चालक मनोज जाट ने ट्रक में ही फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। इस दुखद घटना के बाद खदान परिसर में हड़कंप मच गया है और ट्रक चालकों में भारी रोष देखा जा रहा है।

आत्महत्या की वजह: कोयला लोडिंग में अवैध वसूली
संभागीय ट्रक मालिक संघ के अध्यक्ष रविंद्र तिवारी ने बताया कि मनोज जाट पिछले 12 दिनों से खदान परिसर के बाहर अपने ट्रक को खड़ा करके कोयला लोडिंग का इंतजार कर रहा था, लेकिन एसईसीएल के कर्मचारियों ने बिना पैसे लिए लोडिंग करने से मना कर दिया। मनोज ने कई बार कर्मचारियों से आर्थिक मदद की गुहार लगाई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।

30 अगस्त को जब ट्रक को खदान के अंदर ले जाकर तौलने के बाद कोयला लोड नहीं किया गया, तो मनोज हताश हो गया। इसी मानसिक तनाव में उसने शनिवार रात अपने ट्रक में फांसी लगाकर जान दे दी।
ट्रक मालिक संघ का आरोप और प्रशासन से मांग
रविंद्र तिवारी ने इस घटना को लेकर सूरजपुर एसएसपी और सरगुजा रेंज के आईजी से बात कर जिम्मेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने बताया कि खदान परिसर में ट्रक चालकों से लोडिंग के नाम पर 1500 से 2000 रुपए तक की अवैध वसूली की जाती है, जो न देने पर गाड़ियों को लोडिंग से वंचित कर दिया जाता है।
खदान प्रबंधन का पक्ष
अभी तक खदान प्रबंधन की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। परंतु ट्रक चालकों के अनुसार यह मामला कोयला खदान के कर्मचारियों की मनमानी और अवैध वसूली की समस्या को उजागर करता है।
ट्रक चालकों की सुरक्षा और आर्थिक सुरक्षा पर सवाल
इस घटना ने प्रदेश के कोयला परिवहन क्षेत्र में कार्यरत ट्रक चालकों की सुरक्षा और आर्थिक हालात पर गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं। लंबे समय से इस क्षेत्र में अवैध वसूली और कर्मचारियों के दुरुपयोग की शिकायतें सामने आ रही हैं। ऐसे माहौल में एक ईमानदार ट्रक चालक को इस कदर मानसिक तनाव झेलना पड़ा कि उसने अपनी जान तक दे दी।










