Shreyas Iyer Statement : काउंटी ग्राउंड पर खेले गए चौथे टी20 मुकाबले में इंग्लैंड ने भारत को 9 विकेट से करारी शिकस्त देकर न केवल मैच जीता, बल्कि सीरीज पर भी अपना कब्जा जमा लिया। इंग्लैंड ने भारत द्वारा दिए गए 159 रनों के मामूली लक्ष्य को मात्र 13.5 ओवरों में ही हासिल कर लिया। भारतीय टीम और कप्तान श्रेयस अय्यर के लिए पिछले छह मैचों में यह पांचवीं हार है। इस दुखद परिणाम के साथ ही टीम इंडिया ने पिछले सात वर्षों में पहली बार लगातार दो टी20 इंटरनेशनल सीरीज गंवाने का रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया है। इंग्लैंड के खिलाफ इस एकतरफा मुकाबले में मिली हार के बाद भारतीय खेमे में मायूसी साफ देखी जा सकती थी।

हार के बाद श्रेयस अय्यर की स्वीकारोक्ति: कम स्कोर रहा हार का कारण
मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में कप्तान श्रेयस अय्यर काफी निराश नजर आए। उन्होंने स्पष्ट रूप से स्वीकार किया कि भारतीय टीम का बल्लेबाजी क्रम बोर्ड पर एक सम्मानजनक और चुनौतीपूर्ण स्कोर खड़ा करने में पूरी तरह से विफल रहा। अय्यर ने कहा, “यह मुकाबला हमारे लिए बेहद निराशाजनक रहा। 158 रनों का स्कोर इंग्लैंड जैसी आक्रामक टीम के खिलाफ बिल्कुल भी पर्याप्त नहीं था। अंततः परिणाम सबके सामने है, उन्होंने जिस तेजी से लक्ष्य का पीछा किया, वह हमारी रणनीति की विफलता को दर्शाता है।” कप्तान के अनुसार, टीम का मनोबल और लय दोनों ही इस सीरीज में पूरी तरह से बिखरे हुए नजर आए।

गेंदबाजों के लचर प्रदर्शन पर बोले कप्तान: रणनीति लागू करने में चूके
गेंदबाजों की असफलता पर टिप्पणी करते हुए श्रेयस अय्यर ने बताया कि उन्होंने गेंदबाजों को एक स्पष्ट रणनीति दी थी, लेकिन वे उसे मैदान पर सही ढंग से लागू नहीं कर सके। अय्यर ने कहा, “मैंने गेंदबाजों से केवल यही कहा था कि वे अपनी लेंथ पर टिके रहें। मिडिल और लेग-स्टंप पर सटीक गेंदबाजी करना उनके बल्लेबाजों के लिए मुश्किल साबित हो सकता था, लेकिन हमने इसका पालन नहीं किया। जब भी हमारे गेंदबाजों ने गति में बदलाव करने की कोशिश की या कुछ अलग करने का प्रयास किया, इंग्लिश बल्लेबाजों ने उन ढीली गेंदों पर जमकर रन बटोरे। हम अपनी गेंदबाजी योजना को मैदान पर सही तरीके से क्रियान्वित करने में पिछड़ गए।”
व्यक्तिगत प्रदर्शन पर बोले अय्यर: टीम की जीत को दी प्राथमिकता
इस पूरी सीरीज में श्रेयस अय्यर का व्यक्तिगत बल्ला चला है और उन्होंने अपनी बल्लेबाजी से प्रभावित भी किया है। हालांकि, वे अपनी निजी उपलब्धि से खुश होने के बजाय टीम की हार से अधिक चिंतित नजर आए। उन्होंने स्पष्ट किया कि व्यक्तिगत रिकॉर्ड का कोई महत्व नहीं है यदि वह टीम को जीत न दिला सके। अय्यर ने कहा, “निश्चित रूप से मैं अपने व्यक्तिगत प्रदर्शन से खुश हूं, लेकिन अगर यह प्रदर्शन टीम को जीत नहीं दिला सकता, तो इसका कोई अर्थ नहीं है। जब भी मैं मैदान पर उतरता हूं, मेरा लक्ष्य टीम को जिताना होता है। आज हमारा दिन नहीं था, लेकिन हम अब अगले मैच में सुधार के साथ वापसी करने की उम्मीद कर रहे हैं।”












