Nick Kyrgios Cocaine Test : ऑस्ट्रेलियाई टेनिस स्टार और विंबलडन के पूर्व फाइनलिस्ट निक किर्गियोस ने बुधवार को खुलासा किया कि वह कोकीन टेस्ट में पॉजिटिव पाए गए हैं। चोटों से लगातार जूझने के कारण करियर पटरी से उतरने के बीच किर्गियोस ने इस घटना को अपने लिए एक बड़ा ‘वेक-अप कॉल’ बताया। 31 वर्षीय खिलाड़ी ने सोशल मीडिया पर टेस्ट में असफल होने की बात स्वीकार करते हुए इसकी पूरी जिम्मेदारी भी ली है।
मलोरका में लिया गया था सैंपल
किर्गियोस के मुताबिक, जून में स्पेन के मलोरका में आयोजित एक निचले स्तर के ग्रास-कोर्ट टूर्नामेंट के दौरान उनका सैंपल लिया गया था। बाद में जांच में कोकीन की मौजूदगी की पुष्टि हुई। उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि उन्होंने बड़ी गलती की है और वह इसके लिए पूरी जिम्मेदारी स्वीकार करते हैं। इस मामले के सामने आने से पहले ही किर्गियोस का करियर चोटों और मैदान से बाहर विवादों के कारण लगातार चर्चा में रहा है।
अस्थायी रूप से किया गया निलंबित
इंटरनेशनल टेनिस इंटीग्रिटी एजेंसी यानी ITIA के अनुसार किर्गियोस के सैंपल की जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद उन्हें अस्थायी निलंबन का सामना करना पड़ा। एजेंसी ने बताया कि सैंपल 22 जून को लिया गया था और 17 जुलाई को पॉजिटिव परिणाम की पुष्टि हुई। इसके बाद 4 अगस्त को अनिवार्य अस्थायी निलंबन लागू किया गया। किर्गियोस ने इस निलंबन के खिलाफ अपील नहीं की है।
चार साल तक के बैन का खतरा
इस मामले में किर्गियोस को अधिकतम चार साल तक के प्रतिबंध का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि, अंतिम सजा कई परिस्थितियों और नियमों के आधार पर तय होगी। प्रतियोगिताओं के दौरान कोकीन प्रतिबंधित पदार्थों की श्रेणी में आता है, जबकि प्रतियोगिता से बाहर इसके इस्तेमाल के मामलों में अपेक्षाकृत कम सजा का प्रावधान हो सकता है। 2017 में ब्रिटिश खिलाड़ी डैन इवांस को इसी तरह के मामले में एक साल के लिए निलंबित किया गया था।
चोटों ने मानसिक रूप से भी किया प्रभावित
किर्गियोस ने कहा कि पिछले दो वर्षों में लगातार चोटों से जूझना उनके लिए बेहद मुश्किल रहा। उन्होंने स्वीकार किया कि इस दौरान उन्हें कई बार बेबस और अकेला महसूस हुआ। हालांकि उन्होंने साफ किया कि उनकी मानसिक स्थिति उनके किए गए काम को सही नहीं ठहराती। खिलाड़ी के मुताबिक चोटों ने उनके शरीर और मानसिक स्वास्थ्य पर गहरा असर डाला और उनका शरीर उस तरह साथ नहीं दे रहा था, जैसा उनका दिमाग और इच्छा चाहती थी।
टेनिस करियर में लगातार गिरावट
एक समय विश्व टेनिस के सबसे प्रतिभाशाली खिलाड़ियों में गिने जाने वाले किर्गियोस की मौजूदा रैंकिंग गिरकर 919 हो चुकी है। इस साल सिंगल्स में उनका रिकॉर्ड 1-3 रहा है। हाल ही में उन्हें विंबलडन में डबल्स खेलने के लिए वाइल्ड कार्ड मिला था, लेकिन वह अपने साथी अलेक्जेंडर बुब्लिक के साथ पहले ही दौर में हार गए।
2022 में दिखा था शानदार प्रदर्शन
किर्गियोस का करियर 2022 में अपने बेहतरीन दौर में पहुंचा था। उन्होंने विंबलडन के फाइनल में जगह बनाई थी, जहां उन्हें नोवाक जोकोविच के हाथों हार का सामना करना पड़ा। इसके बाद उन्होंने वॉशिंगटन में हार्ड-कोर्ट टूर्नामेंट जीता और कुछ सप्ताह बाद यूएस ओपन के क्वार्टर फाइनल तक पहुंचे। उस समय उनके करियर को नई ऊंचाई मिलने की उम्मीद जताई जा रही थी।
चोटों ने रोका वापसी का रास्ता
अक्टूबर 2022 में टोक्यो में घुटने की चोट के बाद किर्गियोस अगले दो वर्षों में सिर्फ एक बार प्रतिस्पर्धी टेनिस खेल पाए। कलाई की चोट के कारण वह 2023 विंबलडन में भी हिस्सा नहीं ले सके। 2025 में भी उनका प्रदर्शन निराशाजनक रहा। उन्होंने ऑस्ट्रेलियन ओपन का पहला मुकाबला गंवाया और इसके बाद बाकी तीन ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंटों में हिस्सा नहीं लिया।
किर्गियोस ने वापसी की उम्मीद जताई
किर्गियोस ने अपने बयान में संकेत दिया कि वह अपने करियर को खत्म नहीं मान रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह घटना उन्हें अपनी स्थिति समझने और खुद में सुधार करने का अवसर दे रही है। उन्होंने अगले 28 दिनों तक सोशल मीडिया और सार्वजनिक जीवन से दूरी बनाकर खुद को सुधारने पर ध्यान देने की बात कही है। अब उनकी नजर इस मुश्किल दौर से बाहर निकलकर टेनिस कोर्ट पर वापसी करने पर होगी।
Read More : Prince Harry Meghan UK Return: 6 साल बाद बच्चों संग ब्रिटेन लौटेंगे हैरी-मेगन, शाही परिवार के करीब आएंगे