Surajpur News: छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है, जहाँ रामनगर स्थित मोहरा एनिकट में नहाने गए दो नाबालिग छात्र अपनी जान गंवा बैठे। रविवार को हुई इस हृदयविदारक घटना के बाद से पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है। पुलिस और एसडीआरएफ (SDRF) की टीम ने सोमवार सुबह कड़ी मशक्कत के बाद दोनों छात्रों के शवों को पानी से बाहर निकाला। यह घटना विश्रामपुर थाना क्षेत्र की है, जहाँ दोस्तों के साथ पिकनिक मनाने और घूमने गए इन बच्चों को अंदाजा भी नहीं था कि यह उनकी आखिरी यात्रा साबित होगी।
दोस्ती और दंगल: कैसे हुआ यह भयानक हादसा?
जानकारी के मुताबिक, रविवार दोपहर को शिवनंदनपुर का रहने वाला 12 वर्षीय आदिल अंसारी और जयनगर कुंजनगर का रहने वाला 15 वर्षीय अयान सद्दाम अपने 5-6 हमउम्र दोस्तों के साथ घूमने के लिए रामनगर मोहरा एनीकट पहुँचे थे। मस्ती के मूड में आए आदिल और अयान ने पानी में उतरने का फैसला किया। जैसे ही वे गहरे पानी की ओर बढ़े, एनिकट की गहराई और तेज बहाव ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। उनके साथियों ने उन्हें डूबता देख शोर मचाया, लेकिन जब तक कोई मदद के लिए पहुँचता, दोनों गहरे पानी में समा चुके थे। इस दौरान अयान का भाई आवेश भी वहां मौजूद था, जिसने अपनी आँखों के सामने इस खौफनाक मंजर को देखा।
एसडीआरएफ का रेस्क्यू ऑपरेशन: अंधेरे ने डाली बाधा, सुबह मिले शव
घटना की सूचना मिलते ही विश्रामपुर पुलिस तत्काल मौके पर पहुँची और स्थिति की गंभीरता को देखते हुए एसडीआरएफ की टीम को बुलाया गया। रविवार शाम तक स्थानीय गोताखोरों की मदद से सघन तलाशी अभियान चलाया गया, लेकिन पानी की गहराई और बढ़ते अंधेरे के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन को बीच में ही रोकना पड़ा। सोमवार सुबह होते ही फिर से सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। करीब तीन घंटे की कड़ी मेहनत के बाद दोनों मासूमों के निष्प्राण शरीर बरामद हुए। पुलिस ने पंचनामा तैयार कर शवों को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है।
शब-ए-बारात पर आया था घर: परिवारों में पसरा मातम
मृतक अयान सद्दाम कार्मेल कॉन्वेंट स्कूल में कक्षा 9वीं का होनहार छात्र था। वहीं, आदिल अंसारी मनेंद्रगढ़ में अपने नाना-नानी के पास रहकर मदरसे में तालीम हासिल कर रहा था। आदिल हाल ही में शब-ए-बारात के पवित्र पर्व पर अपने माता-पिता से मिलने शिवनंदनपुर आया हुआ था। अयान के परिजनों ने रोते हुए बताया कि वह रविवार को दोपहर का खाना खाने के बाद ‘हेयर कटिंग’ कराने की बात कहकर घर से निकला था। किसी को क्या पता था कि वह घर लौटने के बजाय हमेशा के लिए खामोश हो जाएगा। दोनों परिवारों का रो-रोकर बुरा हाल है।
प्रशासन की चेतावनी नजरअंदाज: खूनी बन रहा है मोहरा एनीकट
रामनगर का मोहरा एनीकट स्थानीय प्रशासन द्वारा पहले ही ‘प्रतिबंधित क्षेत्र’ घोषित किया जा चुका है। यहां पानी की गहराई और फिसलन इतनी अधिक है कि पूर्व में भी कई लोग यहाँ डूबकर अपनी जान गंवा चुके हैं। प्रशासन ने यहाँ चेतावनी बोर्ड भी लगाए हैं, लेकिन इसके बावजूद सुरक्षा इंतजामों की कमी और युवाओं की लापरवाही भारी पड़ रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यहाँ पुलिस की गश्त बढ़ानी चाहिए ताकि बच्चे और किशोर इस जानलेवा गहराई तक न पहुँच सकें।
















