Iran Spy Network: ईरान के कद्दावर नेता अली लारीजानी की हत्या के बाद तेहरान ने अपनी आंतरिक सुरक्षा को अभेद्य बनाने के लिए अब तक का सबसे बड़ा खुफिया अभियान शुरू किया है। ईरानी सुरक्षा एजेंसियों ने देश के भीतर सक्रिय अमेरिकी और इजरायली जासूसी नेटवर्क को जड़ से उखाड़ने के लिए एक व्यापक ‘सर्च ऑपरेशन’ चलाया है। इस विशाल अभियान का मुख्य उद्देश्य दुश्मन के सुरक्षित ठिकानों और गुप्त सूचना तंत्रों को पूरी तरह ध्वस्त करना है। ईरान के खुफिया मंत्रालय ने इसे राष्ट्रीय गरिमा की बहाली और भविष्य के संभावित हमलों को रोकने की दिशा में एक निर्णायक कदम बताया है।

26 प्रांतों में हड़कंप: 111 रॉयल सेल्स और जासूसी नेटवर्क ध्वस्त
ईरानी खुफिया मंत्रालय द्वारा जारी आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, यह कार्रवाई देश के 26 अलग-अलग प्रांतों में एक साथ की गई। इस दौरान 111 ‘रॉयलिस्ट सेल्स’ (राजशाही समर्थक गुटों) की पहचान कर उन्हें पूरी तरह निष्क्रिय कर दिया गया है। सुरक्षा अधिकारियों का दावा है कि ये नेटवर्क देश में अस्थिरता पैदा करने और संवेदनशील सैन्य ठिकानों की जानकारी विदेशी ताकतों तक पहुँचाने का काम कर रहे थे। ये समूह कथित तौर पर राजशाही की बहाली के बहाने विदेशी खुफिया एजेंसियों के इशारे पर विध्वंसक गतिविधियों में लिप्त थे।
अमेरिकी जासूस रंगे हाथों गिरफ्तार: सैन्य मुख्यालयों की जानकारी लीक करने का आरोप
तसनीम न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक, इस अभियान के दौरान सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता हाथ लगी है। हमेदान और पश्चिम अजरबैजान प्रांतों से कुल 4 अमेरिकी जासूसों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया है। इन पर आरोप है कि वे ईरान के सुरक्षा बलों के मुख्यालयों और अत्याधुनिक सैन्य उपकरणों की तैनाती से जुड़ी गोपनीय जानकारी दुश्मनों को भेज रहे थे। इसके अलावा, 21 अन्य संदिग्धों को भी हिरासत में लिया गया है, जो कथित तौर पर अंतरराष्ट्रीय आतंकी संगठनों और जासूसी नेटवर्क के बीच सेतु का काम कर रहे थे।
हथियारों का जखीरा और हिंसा की साजिश: सड़कों पर अराजकता फैलाने की योजना विफल
छापेमारी के दौरान ईरानी सुरक्षा एजेंसियों ने केवल जासूसों को ही नहीं पकड़ा, बल्कि भारी मात्रा में अवैध हथियारों का जखीरा भी बरामद किया है। जब्त किए गए हथियारों में 29 कोल्ट पिस्टल, 2 कलाश्निकोव राइफलें और 58 लोडेड मैगजीन शामिल हैं। अधिकारियों का कहना है कि इन हथियारों का इस्तेमाल देश के भीतर संगठित तरीके से हिंसा भड़काने और सड़कों पर अराजकता फैलाने के लिए किया जाना था। इस कार्रवाई से ईरान ने घरेलू स्तर पर रची जा रही एक बहुत बड़ी साजिश को समय रहते विफल कर दिया है।
स्टारलिंक उपकरणों की बड़ी खेप जब्त: सैटेलाइट संचार के जरिए हो रही थी जासूसी
इस पूरे ऑपरेशन का सबसे तकनीकी पहलू स्टारलिंक (Starlink) उपकरणों की जब्ती रहा। सुरक्षा एजेंसियों ने 350 स्टारलिंक डिवाइसों की दो बड़ी खेप जब्त करने का दावा किया है। ईरानी अधिकारियों का मानना है कि इन सैटेलाइट उपकरणों का उपयोग जासूसों द्वारा सरकारी सर्विलांस और सेंसरशिप से बचने के लिए किया जा रहा था। इन डिवाइसों के जरिए संवेदनशील डेटा और गुप्त सूचनाएं बिना किसी बाधा के अमेरिका और इजरायल तक पहुँचाई जा रही थीं। यह जब्ती ईरान के लिए तकनीकी जासूसी को रोकने की दिशा में बड़ी कामयाबी मानी जा रही है।
नागरिकों से विशेष अपील: राष्ट्रीय सुरक्षा में जनता की भागीदारी अनिवार्य
लारीजानी की हत्या के बाद पैदा हुए हालातों को देखते हुए ईरान अब अपनी आंतरिक सुरक्षा में किसी भी प्रकार की कोताही बरतने के मूड में नहीं है। खुफिया मंत्रालय ने देश के सभी नागरिकों से एक विशेष अपील जारी की है कि वे किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या असामान्य गतिविधि की जानकारी तुरंत सरकारी पोर्टल पर दें। मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि राष्ट्रीय सुरक्षा को अभेद्य बनाने के लिए जनता की सतर्कता और समय पर मिला सहयोग ही सबसे बड़ा हथियार साबित होगा।


















