Aaj Ka Mausam : भारत के कई हिस्सों में इन दिनों लोग भीषण गर्मी और चिलचिलाती धूप का सामना कर रहे हैं, लेकिन इसी बीच मौसम विभाग (IMD) ने राहत और आफत दोनों की एक साथ भविष्यवाणी की है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, देश के करीब 17 राज्यों में तेज आंधी-तूफान के साथ भारी बारिश होने की बड़ी चेतावनी जारी की गई है। इस मौसमी बदलाव के पीछे दो मुख्य कारण हैं—पहला, दक्षिण-पश्चिम मानसून की तेज रफ्तार और दूसरा, उत्तर-पश्चिम भारत में एक नए और बेहद सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) का आना। इन दोनों प्रणालियों के आपस में टकराने के कारण अगले कुछ दिनों तक देश के बड़े हिस्से में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदलने वाला है। मौसम विभाग ने लोगों को आगाह किया है कि वे घरों से बाहर निकलने से पहले एक बार अपने इलाके का मौसम और मानसून अपडेट जरूर देख लें। आज यानी 10 जून और कल 11 जून को उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी और पहाड़ी इलाकों में हल्की से लेकर मूसलाधार बारिश दर्ज की जा सकती है। इस खराब मौसम के दौरान हवाओं की रफ्तार काफी भयावह हो सकती है। विभाग का अनुमान है कि 60 से लेकर 90 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज धूलभरी आंधियां चल सकती हैं। इसके साथ ही, कई मैदानी और पर्वतीय राज्यों में भारी ओलावृष्टि (Hailstorm) होने की भी प्रबल आशंका जताई गई है, जो फसलों और आम जनजीवन को प्रभावित कर सकती है। मानसून की तेज रफ्तार मौसम विभाग (IMD) के ताजा बुलेटिन के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून देश के विभिन्न हिस्सों में बहुत तेजी से आगे की ओर कदम बढ़ा रहा है। मानसून ने अब पूरे सिक्किम राज्य को अपनी जद में ले लिया है और इसके साथ ही उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल के भी कई महत्वपूर्ण इलाकों में अपनी स्थिति को बेहद मजबूत कर लिया है। आने वाले अगले 4 से 5 दिनों के भीतर मानसून के और अधिक आक्रामक होने की उम्मीद है। अनुमान है कि यह जल्द ही महाराष्ट्र, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, ओडिशा, झारखंड, बिहार और छत्तीसगढ़ के बचे हुए हिस्सों में भी दस्तक दे देगा, जिससे इन राज्यों में भी मानसूनी बारिश का दौर विधिवत रूप से शुरू हो जाएगा। दूसरी तरफ, मानसून के सक्रिय होने की वजह से अगले 5 से 7 दिनों के दौरान दक्षिण और पूर्वोत्तर भारत के राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश (Heavy Rainfall) होने का रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। केरल, कर्नाटक और तमिलनाडु के तटीय व आंतरिक इलाकों में मूसलाधार बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। वहीं पूर्वोत्तर भारत के राज्यों—अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 15 जून तक व्यापक और लगातार बारिश होने की संभावना है, जिससे वहां बाढ़ जैसे हालात भी पैदा हो सकते हैं। दिल्ली-एनसीआर का मौसम देश की राजधानी दिल्ली और उसके आसपास के इलाकों (NCR) में इन दिनों मौसम में काफी उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है। बीते मंगलवार की शाम को अचानक आई तेज आंधी और आंधी-तूफान की वजह से दिल्लीवासियों को चिलचिलाती गर्मी से थोड़ी राहत मिली थी और तापमान में गिरावट दर्ज की गई थी। मौसम विभाग के अनुसार, आज यानी 10 जून को दिल्ली के आसमान में आंशिक रूप से बादलों की आवाजाही बनी रहेगी। हालांकि, आज दिन के समय गर्मी का असर रहेगा और अधिकतम तापमान 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान है। लेकिन दिल्लीवालों के लिए असली राहत 11 और 12 जून को आएगी। इस दौरान पश्चिमी विक्षोभ के पूरी तरह सक्रिय होने के कारण दिल्ली और आसपास के इलाकों में तेज रफ्तार से आंधी चलने और हल्की से मध्यम स्तर की बारिश होने की पूरी संभावना है। इससे तापमान में भारी गिरावट आएगी और उमस भरी गर्मी से लोगों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। उत्तर प्रदेश में मौसम का मिजाज उत्तर प्रदेश जैसे बड़े राज्य में इस समय मौसम के दो अलग-अलग रंग देखने को मिल रहे हैं। मौसम विभाग ने यूपी के कई जिलों में आज यानी 10 जून को गरज-चमक के साथ तेज आंधी आने की चेतावनी दी है। इन जिलों में मेरठ, मुजफ्फरपुर, शामली, बिजनौर, रामपुर, पीलीभीत, बरेली, खीरी, बहराइच, श्रावस्ती, गोरखपुर, देवरिया, बलिया, आगरा, फिरोजाबाद और एटा शामिल हैं। इसके विपरीत, राज्य के दक्षिणी और बुंडेलखंड क्षेत्र जैसे प्रयागराज, कौशांबी, मिर्जापुर, सोनभद्र, चित्रकूट, फतेहपुर, हमीरपुर, महोबा, झांसी, जालौन और ललितपुर में अभी भी भीषण लू (Heatwave) का कहर जारी रहेगा, जिसके लिए अलर्ट जारी किया गया है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि 11 जून से पूरे उत्तर प्रदेश में मौसम पूरी तरह से करवट ले लेगा। पश्चिमी विक्षोभ के असर से 11 जून से लेकर 15 जून के बीच पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश के लगभग सभी हिस्सों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश होने के आसार हैं। इस दौरान राज्य में 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से विनाशकारी हवाएं चल सकती हैं। विशेष रूप से पश्चिमी यूपी में 12 जून को ओलावृष्टि की भी आशंका जताई गई है, जिससे किसानों को अपनी फसलों को लेकर सतर्क रहने की सलाह दी गई है। बिहार में मानसून की दस्तक बिहार में भी मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है और लोग मानसून का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। आईएमडी के पूर्वानुमान के मुताबिक, अगले 4 से 5 दिनों के भीतर दक्षिण-पश्चिम मानसून बिहार में आधिकारिक रूप से दस्तक दे सकता है। इससे पहले राज्य के कई हिस्सों में प्री-मानसून गतिविधियों के कारण बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। 10 से 15 जून के बीच राज्य के पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सिवान, सारण, मुजफ्फरपुर, वैशाली, सीतामढ़ी, शिवहर, दरभंगा, समस्तीपुर, मधुबनी, सुपौल, अररिया, किशनगंज, पूर्णिया, कटिहार, मधेपुरा और सहरसा में अच्छी बारिश होने की संभावना जताई गई है। विशेष रूप से 11 और 12 जून को बिहार के कई जिलों में मूसलाधार बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इस दौरान मौसम विभाग ने सचेत किया है कि 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी-तूफान आ सकता है और आकाशीय बिजली गिरने की भी आशंका है। ऐसे में लोगों को खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी गई है। देश के प्रमुख शहरों का तापमान आज 10 जून

















