Air India crash report : अहमदाबाद में 12 जून को हुए एयर इंडिया विमान हादसे की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट सामने आई है, जिसने सभी को चौंका दिया है। एयरक्राफ्ट एक्सिडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) की रिपोर्ट के अनुसार, टेकऑफ के कुछ सेकेंड बाद ही विमान के दोनों इंजन अचानक बंद हो गए, जिससे विमान अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हादसे में 260 लोगों की मौत हो गई थी, जिसमें 241 यात्री और 12 क्रू सदस्य शामिल थे।
AAIB की जांच में सबसे बड़ा खुलासा यह हुआ कि विमान के दोनों इंजन में ईंधन की आपूर्ति अचानक रुक गई। रिपोर्ट के अनुसार, प्लेन ने सुबह 8:08 बजे करीब 180 नॉट्स की अधिकतम इंडिकेटेड एयरस्पीड हासिल की थी। इसके तुरंत बाद दोनों इंजन के फ्यूल कट-ऑफ स्विच ‘रन’ से कट-ऑफ पोजिशन में चले गए, जिससे ईंधन की आपूर्ति बंद हो गई। यह घटना सिर्फ एक सेकंड के अंतराल में हुई, जिसने विमान को बेहद संवेदनशील स्थिति में डाल दिया।
प्रारंभिक रिपोर्ट में कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर (CVR) से मिली बातचीत ने भी कई नए सवाल खड़े किए हैं। रिकॉर्डिंग के अनुसार, एक पायलट ने दूसरे से पूछा, “तुमने इंजन क्यों बंद किया?” इस पर दूसरे पायलट ने उत्तर दिया, “मैंने कुछ नहीं किया।” यह संवाद दर्शाता है कि इंजन बंद होने की प्रक्रिया किसी भी पायलट द्वारा जानबूझकर नहीं की गई थी, बल्कि यह किसी तकनीकी या स्वचालित गड़बड़ी का परिणाम हो सकती है।
जैसे ही इंजन फेल हुए, विमान की आपातकालीन प्रणाली सक्रिय हो गई। इसमें सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाई रैम एयर टर्बाइन (RAT) ने, जो ऐसी स्थिति में स्वतः सक्रिय हो जाता है जब विमान में बिजली सप्लाई या हाइड्रोलिक सिस्टम फेल हो जाए। RAT हवा की गति से ऊर्जा उत्पन्न करता है जिससे विमान को आवश्यक न्यूनतम संचालन शक्ति मिलती है। इसके साथ ही विमान के ऑक्सिलरी पावर यूनिट (APU) ने भी कार्य करने की कोशिश की, लेकिन ये प्रयास विमान को बचाने में असफल रहे।
RAT की सक्रियता इस ओर इशारा करती है कि दोनों इंजन के बंद होते ही विमान की मुख्य पावर सप्लाई भी प्रभावित हुई थी। जब विमान के दोनों इंजन और मुख्य पावर स्रोत काम नहीं करते हैं, तब ही RAT जैसे उपकरण सक्रिय होते हैं। इसका मतलब है कि यह हादसा केवल इंजन फेल होने तक सीमित नहीं था, बल्कि इससे संपूर्ण पावर मैनेजमेंट सिस्टम भी ठप्प हो गया था।
12 जून की इस भयावह दुर्घटना में एयर इंडिया का बोइंग 787-8 विमान (उड़ान संख्या AI 171) अहमदाबाद से लंदन गैटविक के लिए रवाना हुआ था। टेकऑफ के तुरंत बाद यह विमान एक मेडिकल कॉलेज के हॉस्टल परिसर में क्रैश हो गया। हादसे में कुल 260 लोगों की मौत हो गई, जिनमें 169 भारतीय, 53 ब्रिटिश, एक कनाडाई और सात पुर्तगाली नागरिक शामिल थे। चमत्कारिक रूप से इस हादसे में एक यात्री जीवित बच गया, जिसे गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया।
AAIB ने स्पष्ट किया है कि यह रिपोर्ट केवल प्रारंभिक जांच पर आधारित है और हादसे की विस्तृत जांच अभी जारी है। अंतिम निष्कर्ष सामने आने में समय लगेगा। फिर भी प्रारंभिक रिपोर्ट से यह संकेत मिलता है कि यह हादसा किसी मानवीय भूल से नहीं, बल्कि तकनीकी प्रणाली की असफलता का परिणाम हो सकता है।
इस हादसे ने भारत की विमानन सुरक्षा प्रणाली को एक बार फिर कठघरे में ला खड़ा किया है। जब एक आधुनिक बोइंग 787-8 जैसे विमान में टेकऑफ के तुरंत बाद दोनों इंजन अचानक बंद हो जाएं, तो यह किसी बड़ी चूक या तकनीकी खामी की ओर इशारा करता है। आने वाले दिनों में AAIB की विस्तृत रिपोर्ट का इंतजार रहेगा, लेकिन फिलहाल इस हादसे ने यात्रा सुरक्षा को लेकर गहरे सवाल खड़े कर दिए हैं।
Singrauli Adani Power Plant: मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले से एक बेहद तनावपूर्ण खबर सामने…
Ambikapur Ganja Smuggling: छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में नशे के सौदागरों के खिलाफ पुलिस ने…
PM Modi on Rani Rashmoni: आगामी चुनावों की सरगर्मी के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने…
Team India at Siddhivinayak: टी20 वर्ल्ड कप 2026 का खिताब जीतकर इतिहास रचने वाली भारतीय…
Bihar Crime: बिहार के सारण जिले के डोरनी (डेरनी) इलाके से एक रूह कंपा देने…
Rahul Gandhi Martial Arts: देश की राजनीति की गहमागहमी के बीच लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष…
This website uses cookies.