Bastar road accident: छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले से एक अत्यंत दुखद खबर सामने आई है। सुकमा-जगदलपुर मार्ग पर स्थित खतरनाक दरभा घाटी में एक अनियंत्रित ट्रक और पिकअप के बीच जबरदस्त टक्कर हो गई। इस भीषण सड़क हादसे में तीन लोगों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई है, जबकि ट्रक चालक घंटों केबिन के मलबे में फंसा रहा। प्रारंभिक जांच में हादसे का मुख्य कारण ट्रक का ब्रेक फेल होना बताया जा रहा है।
Bastar road accident: दरभा घाटी के अंधे मोड़ पर काल बनकर आया ट्रक
यह हृदयविदारक घटना दरभा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली घाटी में हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, एक भारी मालवाहक ट्रक सुकमा की ओर से जगदलपुर की तरफ आ रहा था। घाटी की ढलान उतरते समय अचानक ट्रक का ब्रेक फेल हो गया। ढलान होने के कारण ट्रक की रफ्तार इतनी तेज हो गई कि चालक उस पर नियंत्रण खो बैठा। इसी दौरान सामने से आ रही एक पिकअप वाहन से ट्रक की सीधी भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि पिकअप के परखच्चे उड़ गए।
Bastar road accident: हादसे में तीन लोगों की दर्दनाक मौत, इलाके में पसरा मातम
इस जबरदस्त टक्कर में पिकअप सवार तीन लोगों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। मृतकों के शव वाहन के भीतर ही बुरी तरह फंस गए थे, जिन्हें काफी मशक्कत के बाद बाहर निकाला गया। हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई और तत्काल दरभा पुलिस को सूचित किया गया। पुलिस ने मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। मृतकों की शिनाख्त की कार्रवाई की जा रही है, ताकि उनके परिजनों को सूचना दी जा सके।
ट्रक केबिन में फंसा रहा चालक: रेस्क्यू ऑपरेशन की चुनौती
टक्कर का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि ट्रक का अगला हिस्सा पूरी तरह पिचक गया, जिससे ट्रक चालक केबिन के भीतर ही फंस गया। वह बुरी तरह घायल था और दर्द से कराह रहा था। पुलिस और स्थानीय लोगों ने लोहे को काटकर चालक को बाहर निकालने का प्रयास शुरू किया। काफी समय तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद चालक को सुरक्षित बाहर निकालकर एंबुलेंस के जरिए नजदीकी अस्पताल भेजा गया, जहां उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है।
दरभा घाटी: हादसों का डेंजर जोन और ब्रेक फेल की समस्या
बस्तर की दरभा घाटी अपनी घुमावदार सड़कों और गहरी ढलानों के लिए जानी जाती है। यहाँ अक्सर भारी वाहनों के ब्रेक फेल होने की खबरें आती रहती हैं। भारी सामान लदे होने के कारण ढलान पर ब्रेक पर दबाव बढ़ जाता है, जिससे वे काम करना बंद कर देते हैं। इस हादसे ने एक बार फिर घाटी में सुरक्षा इंतजामों और भारी वाहनों के फिटनेस चेक को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या ट्रक में ओवरलोडिंग थी या वाहन में कोई तकनीकी खराबी पहले से मौजूद थी।
पुलिस की कार्रवाई और यातायात बहाली के प्रयास
घटना के बाद घाटी के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे जगदलपुर-सुकमा मार्ग पर आवागमन पूरी तरह ठप हो गया। दरभा पुलिस ने क्रेन की मदद से दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को सड़क से हटवाया और यातायात बहाल कराया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामला दर्ज कर लिया गया है और ट्रक के दस्तावेजों की जांच की जा रही है। घायलों को बेहतर इलाज मुहैया कराने के लिए प्रशासन को निर्देशित किया गया है।
सड़क सुरक्षा के नियमों की अनदेखी पड़ रही भारी
इस हादसे ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि पहाड़ी रास्तों पर जरा सी लापरवाही या तकनीकी चूक जानलेवा साबित हो सकती है। विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि घाटियों में उतरते समय वाहनों को लो-गियर में रखना चाहिए ताकि इंजन ब्रेकिंग का लाभ मिल सके। फिलहाल, इस हादसे ने तीन परिवारों की खुशियां छीन ली हैं और पूरे बस्तर संभाग में शोक की लहर है।
















