Chhattisgarh school holidays 2025: छत्तीसगढ़ के विद्यार्थियों और शिक्षकों के लिए खुशखबरी है। राज्य सरकार ने आगामी त्योहारों और वार्षिक अवकाश को लेकर स्कूलों में 64 दिन की छुट्टियों की घोषणा की है। अवर सचिव की ओर से इस संबंध में आधिकारिक आदेश जारी किया गया है, जिसके अनुसार दशहरा, दीपावली, सर्दी और गर्मी की छुट्टियों की स्पष्ट रूपरेखा तैयार कर दी गई है। दशहरा और दीपावली में लंबी छुट्टियां जारी आदेश के मुताबिक, दशहरा अवकाश इस बार 29 सितंबर 2025 से 4 अक्टूबर 2025 तक रहेगा। इस अवकाश से पहले (28 सितंबर) और बाद (5 अक्टूबर) को रविवार पड़ रहा है, जिससे छात्रों को कुल 8 दिन की छुट्टी मिलेगी।वहीं, दीपावली अवकाश 20 अक्टूबर से 25 अक्टूबर 2025 तक रहेगा। इसमें भी छुट्टी के आगे-पीछे रविवार पड़ने से छात्रों को दीपावली में भी 8 दिन का ब्रेक मिलेगा। इन दोनों प्रमुख त्योहारों में ही छात्रों को कुल 16 दिन का अवकाश मिल रहा है, जिससे परिवारों को यात्रा और त्योहारों की तैयारी के लिए भी पर्याप्त समय मिलेगा। शीतकालीन अवकाश भी 8 दिन शीतकालीन अवकाश इस वर्ष 22 दिसंबर से 27 दिसंबर 2025 तक घोषित किया गया है। इसमें भी एक रविवार शामिल है, जिससे छात्रों को कुल 8 दिन की छुट्टी का लाभ मिलेगा। यह ब्रेक विद्यार्थियों और शिक्षकों को सर्दियों के मौसम में आराम और पारिवारिक समय बिताने का अवसर देगा। ग्रीष्मकालीन अवकाश: सबसे लंबा ब्रेक ग्रीष्मकालीन अवकाश अगले वर्ष 1 मई 2026 से 15 जून 2026 तक रहेगा, जो कुल 46 दिनों का होगा। यह अवकाश शिक्षकों को अकादमिक सत्र की तैयारियों के लिए समय देने के साथ-साथ छात्रों को गर्मी से राहत प्रदान करेगा। कुल मिलाकर 64 दिन की छुट्टियां इन सभी अवकाशों को मिलाकर स्कूलों में कुल 64 दिन की छुट्टियां घोषित की गई हैं: दशहरा अवकाश: 6 दिन + 2 रविवार = 8 दिन दीपावली अवकाश: 6 दिन + 2 रविवार = 8 दिन शीतकालीन अवकाश: 6 दिन + 2 रविवार = 8 दिन ग्रीष्मकालीन अवकाश: 46 दिन प्रशासनिक आदेश से मिली पुष्टि छत्तीसगढ़ शासन की ओर से शिक्षा विभाग के अवर सचिव ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिया है। आदेश के तहत सभी राजकीय, अनुदान प्राप्त और निजी स्कूलों में यह छुट्टियां लागू रहेंगी। इससे विद्यालयों को पहले से वार्षिक कार्ययोजना और परीक्षाओं की तैयारी करने में आसानी होगी। छत्तीसगढ़ के स्कूली छात्रों और अभिभावकों के लिए यह छुट्टियों का शेड्यूल राहत भरा है। त्योहारों और मौसम के अनुसार तैयार की गई यह योजना न केवल बच्चों के मानसिक और शारीरिक विश्राम के लिए लाभकारी है, बल्कि शिक्षकों को भी अकादमिक कार्यों की बेहतर योजना बनाने का मौका देती है। Read More : Abujhmad encounter: 40-40 लाख के इनामी दो टॉप नक्सली ढेर, नक्सलवाद के खिलाफ बड़ी जीत

















