Major Accident in Durg : छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां मंगलवार की दोपहर एक भीषण अग्निकांड में एक ही परिवार के चार सदस्यों की दर्दनाक मौत हो गई। कुम्हारी थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले एक रिहायशी मकान में पहले शॉर्ट सर्किट हुआ और फिर गैस सिलेंडर फटने से पूरा परिवार जिंदा जल गया। इस हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। मृतकों में पिता, उनकी दो बेटियां और एक मासूम बच्ची शामिल है।

शॉर्ट सर्किट से भड़की चिंगारी और फिर जोरदार धमाका: कुम्हारी में मातम
प्रत्यक्षदर्शियों और शुरुआती पुलिस जांच के अनुसार, हादसे की शुरुआत बिजली के खंभे में हुए शॉर्ट सर्किट से हुई। घर की वायरिंग में आई खराबी के कारण आग तेजी से फैली। बताया जा रहा है कि आग सबसे पहले छत के रास्ते अंदर दाखिल हुई और देखते ही देखते किचन तक पहुंच गई। किचन में रखे गैस सिलेंडर ने जैसे ही आग पकड़ी, एक जोरदार धमाका हुआ। ब्लास्ट इतना शक्तिशाली था कि मकान की दीवारें हिल गईं और आग की लपटों ने पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया। अंदर फंसे लोगों को बाहर निकलने का कोई रास्ता नहीं मिला।
सोते समय काल बना सिलेंडर ब्लास्ट: डेढ़ साल की मासूम समेत 4 की मौत
यह हादसा उस समय हुआ जब घर के सदस्य दोपहर के वक्त विश्राम कर रहे थे। घर के भीतर दो बहनें मौजूद थीं, जिनमें से एक विवाहित थी और अपनी डेढ़ साल की बेटी के साथ मायके आई हुई थी। साथ ही उनके पिता भी घर में ही थे। गहरी नींद और अचानक हुए तेज धमाके के कारण किसी को भी संभलने या भागने का मौका नहीं मिल पाया। आग इतनी भयावह थी कि स्थानीय लोगों के प्रयासों के बावजूद किसी को बचाया नहीं जा सका। दमकल विभाग ने घंटों की मशक्कत के बाद जब आग पर काबू पाया, तब तक चारों के शरीर पूरी तरह जल चुके थे।
मदद के लिए दौड़े पड़ोसी, लेकिन आग की लपटों ने रोक दी राह
धमाके की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण और पड़ोसी तुरंत मदद के लिए दौड़े। लोगों ने बाल्टियों से पानी डालकर आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन सिलेंडर फटने के बाद फैली आग और जहरीले धुएं के कारण कोई भी घर के भीतर दाखिल नहीं हो सका। सूचना मिलने के बाद पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक सब कुछ राख हो चुका था। पुलिस ने घटनास्थल से चारों शवों को बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। इस मंजर को देखकर वहां मौजूद हर शख्स की आंखें नम हो गईं।
सरकार का बड़ा ऐलान: पीड़ितों को कुल 9-9 लाख रुपये मुआवजे की घोषणा
इस भीषण त्रासदी पर राज्य के मुख्यमंत्री ने गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने पीड़ित परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं प्रकट करते हुए मृतकों के परिजनों को 5-5 लाख रुपये की सहायता राशि देने का ऐलान किया है। इसके साथ ही जिला प्रशासन की ओर से भी त्वरित राहत के तौर पर 4-4 लाख रुपये का मुआवजा देने की बात कही गई है। इस तरह प्रत्येक मृतक के आश्रितों को कुल 9 लाख रुपये की आर्थिक मदद दी जाएगी। प्रशासन ने यह भी सुनिश्चित किया है कि घायलों या प्रभावितों को हर संभव सहायता प्रदान की जाए।
सुरक्षा पर सवाल: जर्जर वायरिंग और शॉर्ट सर्किट से बचाव की जरूरत
कुम्हारी का यह हादसा एक बार फिर बिजली के उपकरणों और घरेलू गैस सिलेंडर के सुरक्षित रखरखाव पर बड़े सवाल खड़े करता है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वे इस बात की गहन जांच कर रहे हैं कि बिजली विभाग की लापरवाही या घर की जर्जर वायरिंग में से आग का मुख्य कारण क्या था। हादसे के बाद पूरे गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है और पीड़ित परिवार के घर पर सांत्वना देने वालों का तांता लगा है। पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।


















