Gariaband Teacher Murder: छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में आज सुबह उस वक्त दहशत का माहौल बन गया, जब एक रिहायशी इलाके में स्थित मंदिर के पीछे एक महिला का अधजला शव बरामद हुआ। इस सनसनीखेज वारदात ने पूरे शहर को झकझोर कर रख दिया है। घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस के आला अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और मामले की गुत्थी सुलझाने में जुटे हैं।
Gariaband Teacher Murder: रिहायशी इलाके में वारदात: झाड़ियों में मिला शव
आज सुबह लगभग 10 बजे गरियाबंद के सिविल लाइन वार्ड के पास स्थित साईं मंदिर परिसर में हड़कंप मच गया। मंदिर के पीछे मौजूद घनी झाड़ियों के बीच स्थानीय लोगों ने एक अधजली लाश देखी। दिन-दहाड़े और शहर के बीचों-बीच हुई इस घटना की किसी को कानो-कान भनक तक नहीं लगी। सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस और फोरेंसिक एक्सपर्ट्स की टीम मौके पर पहुँची। पुलिस ने तत्काल इलाके की घेराबंदी कर साक्ष्य जुटाना शुरू कर दिया है।
Gariaband Teacher Murder: दो दिन की मशक्कत के बाद हुई मृतिका की पहचान
शुरुआत में शव की शिनाख्त करना पुलिस के लिए एक बड़ी चुनौती थी। हालांकि, दो दिनों की गहन जांच और गुमशुदगी की रिपोर्टों के मिलान के बाद मृतिका की पहचान जिनेश्वरी कुर्रे के रूप में की गई है। जिनेश्वरी गरियाबंद के ही माजरकट्टा स्कूल में शिक्षिका के पद पर पदस्थ थीं। वह गरियाबंद के सिविल लाइन वार्ड की ही निवासी थीं। पुलिस ने बताया कि वह शादीशुदा थीं और उनके बच्चे भी हैं। शिक्षिका की इस तरह दर्दनाक मौत की खबर सुनते ही शिक्षा जगत और स्थानीय समुदाय में शोक की लहर दौड़ गई है।
घटनास्थल का मुआयना और पुलिस की प्रारंभिक जांच
एडिशनल एसपी जितेंद्र चंद्राकर ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि शिक्षिका आज सुबह अपने घर से निकली थीं, जिसके कुछ ही घंटों बाद उनका शव साईं मंदिर की झाड़ियों में मिला। पुलिस के मुताबिक, प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का नहीं लग रहा है, क्योंकि घटनास्थल पर ऐसे कोई साक्ष्य नहीं मिले हैं जो यह साबित करें कि महिला ने खुद को आग लगाई हो। शरीर के कुछ हिस्से बुरी तरह झुलसे हुए थे, जो किसी बड़ी साजिश की ओर इशारा कर रहे हैं।
घरेलू विवाद और जयंती समारोह का एंगल
पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि मृतिका 18 दिसंबर को आयोजित एक जयंती समारोह में अपने परिवार के साथ शामिल हुई थीं। परिजनों और आसपास के लोगों से पूछताछ में पुलिस को घरेलू विवाद के कुछ सुराग मिले हैं। आशंका जताई जा रही है कि पारिवारिक कलह इस जघन्य वारदात के पीछे का मुख्य कारण हो सकती है। हालांकि, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वे अभी किसी अंतिम नतीजे पर नहीं पहुँचे हैं और हर संभावित पहलू, जिसमें हत्या और फिर शव को जलाने की कोशिश शामिल है, उसकी बारीकी से जांच कर रहे हैं।
मोबाइल ज़ब्त और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतज़ार
पुलिस ने मृतिका का मोबाइल फोन ज़ब्त कर लिया है और उसकी कॉल डिटेल्स (CDR) खंगाली जा रही है। मोबाइल के डेटा से यह पता चल सकता है कि मौत से पहले उनकी किससे बात हुई थी या वे किसके बुलावे पर मंदिर की ओर गई थीं। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है, जिसकी रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों और समय का खुलासा हो पाएगा। पुलिस का कहना है कि पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा।गरियाबंद पुलिस इस मामले को सुलझाने के लिए सीसीटीवी फुटेज और स्थानीय गवाहों की मदद ले रही है। शहर के रिहायशी इलाके में हुई इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।
















