Hindu Identity
Hindu Identity: राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (RSS) के प्रमुख मोहन भागवत ने हाल ही में हिंदुत्व की परिभाषा को लेकर अपने विचार साझा किए। उनका कहना है कि हिंदुत्व केवल धार्मिक या सीमाओं तक सीमित नहीं है, बल्कि यह समावेशी दृष्टिकोण का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि यदि मुस्लिम और ईसाई नागरिक इस देश की पूजा, भारतीय संस्कृति का पालन करें और अपनी परंपराओं और रीति-रिवाजों के साथ राष्ट्र के प्रति आस्था बनाए रखें, तो वे भी हिंदू समाज का हिस्सा माने जा सकते हैं। यह विचार उन्होंने गुवाहाटी में RSS के शताब्दी वर्ष के समारोह में व्यक्त किए, जहां वे बुद्धिजीवियों, लेखकों और उद्यमियों को संबोधित कर रहे थे।
भागवत ने अपने संबोधन में पांच प्रमुख सामाजिक परिवर्तनों पर भी विस्तार से चर्चा की। इनमें सामाजिक सद्भाव, परिवार जागरण, नागरिक अनुशासन, आत्मनिर्भरता और पर्यावरण संरक्षण शामिल हैं। उन्होंने कहा कि इन पांच स्तंभों पर ध्यान देने से समाज में स्थायित्व और विकास दोनों संभव हैं। भागवत ने यह स्पष्ट किया कि समावेशी दृष्टिकोण अपनाकर ही आधुनिक भारत में सामाजिक एकता और राष्ट्रीय विकास को बढ़ावा दिया जा सकता है।
RSS प्रमुख मोहन भागवत 20 नवंबर को मणिपुर पहुंचेगे। यह दौरा मणिपुर में 2023 में हुई जातीय हिंसा के बाद उनका पहला राज्य दौरा है। भागवत इस दौरे के दौरान तीन दिन राज्य में रहेंगे और विभिन्न नागरिकों, उद्यमियों और जनजातीय समुदायों के प्रतिनिधियों से मुलाकात करेंगे। संघ के राज्य महासचिव तरुण कुमार शर्मा ने बताया कि यह दौरा RSS के शताब्दी समारोह की गतिविधियों का हिस्सा है और संगठन की विकास और सामाजिक जागरूकता से जुड़ी पहलों को बढ़ावा देगा।
मई 2023 से मणिपुर के मैतेई और कुकी समुदायों के बीच गंभीर जातीय हिंसा हुई थी। इस हिंसा में अब तक 260 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है और करीब 70 हजार लोग विस्थापित हो चुके हैं। हिंसा के बाद मणिपुर के तत्कालीन मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह ने इस्तीफा दे दिया था। राज्य में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए केंद्र सरकार ने राष्ट्रपति शासन लागू किया है। इस पृष्ठभूमि में भागवत का दौरा राज्य में शांति और सामाजिक एकता के संदेश के रूप में देखा जा रहा है।
भागवत का मणिपुर दौरा 20 से 22 नवंबर तक चलेगा। 20 नवंबर को वे इम्फाल के कोंजेग लाइकाई में उद्यमियों और विशिष्ट नागरिकों के साथ संवाद करेंगे। अगले दिन, 21 नवंबर को वे मणिपुर हिल्स के जनजातीय नेताओं से मुलाकात करेंगे। इस दौरान वे विभिन्न सामाजिक और आर्थिक पहलुओं पर चर्चा करेंगे और स्थानीय समुदायों में राष्ट्रीय एकता और नागरिक जिम्मेदारी के महत्व को समझाएंगे।
भागवत का यह दौरा RSS के शताब्दी समारोह की कड़ी में हो रहा है। संघ के अधिकारियों के अनुसार, यह दौरा केवल संगठन की 100वीं वर्षगांठ का जश्न नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य सामाजिक जागरूकता, समावेशिता और नागरिक अनुशासन को बढ़ावा देना भी है। भागवत ने स्पष्ट किया कि RSS का दृष्टिकोण हमेशा समावेशी और सामाजिक समरसता पर आधारित रहा है, और मणिपुर दौरा इसी उद्देश्य को साकार करने का एक प्रयास है।
Read More : Raipur Train Block: रायपुर-तिल्दा नेवरा सेक्शन में मेगा ब्लॉक, क्या यात्रियों को और परेशानी झेलनी पड़ेगी?
PBKS vs MI Result : आईपीएल 2026 के ताजा मुकाबले में मुंबई इंडियंस ने पंजाब…
Modi Cabinet 2.0: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आगामी 21 मई 2026 को मंत्रिपरिषद…
Shani Jayanti 2026 : हिंदू धर्म में शनि देव को एक न्यायप्रिय देवता और कर्मफल…
Deepak Bati Niyam : हिंदू धर्म में दीपक जलाना केवल परंपरा नहीं, बल्कि ईश्वर के…
Aaj Ka Rashifal 15 May 2026: आज 15 मई 2026 दिन शुक्रवार है. कल का…
Sabarimala Case: उच्चतम न्यायालय ने सबरीमाला मंदिर सहित देश के विभिन्न धार्मिक स्थलों पर महिलाओं…
This website uses cookies.