Kitchen Garden
Kitchen Garden: आजकल लोग अपनी जीवनशैली और खान-पान को लेकर अत्यधिक जागरूक हो गए हैं। यही कारण है कि भारतीय किचन गार्डन में अब पारम्परिक सब्जियों के साथ-साथ विदेशी सब्जियों का चलन भी तेजी से बढ़ा है। इसी कड़ी में ‘अरुगुला’, जिसे दुनिया भर में ‘रॉकेट लीफ’ के नाम से भी जाना जाता है, स्वास्थ्य प्रेमियों की पहली पसंद बन गई है। अपने विशिष्ट तीखे और नटी (मूंगफली जैसा) फ्लेवर के लिए मशहूर यह सलाद सब्जी न केवल स्वाद में लाजवाब है, बल्कि पोषक तत्वों का पावरहाउस भी है। यदि आप अपनी बालकनी या छत पर कुछ नया और फायदेमंद उगाना चाहते हैं, तो अरुगुला एक बेहतरीन विकल्प साबित हो सकता है।
अरुगुला की खेती की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इसे उगाने के लिए आपको किसी बड़े खेत की आवश्यकता नहीं है। इसे आप अपने घर के 8 से 10 इंच गहरे गमले या ग्रो बैग में भी सफलतापूर्वक उगा सकते हैं।
मिट्टी तैयार करना: इसकी बुवाई के लिए भुरभुरी और उपजाऊ मिट्टी का चयन करें। मिट्टी में गोबर की खाद या वर्मीकम्पोस्ट अच्छी मात्रा में मिलाएं ताकि पौधों को पर्याप्त पोषण मिल सके।
बीज बोने का तरीका: बीजों को मिट्टी की सतह पर हल्का सा बिखेर दें और उसके ऊपर मिट्टी की एक बहुत पतली परत डाल दें।
धूप और स्थान: अरुगुला को बहुत कड़ी धूप पसंद नहीं है। हल्की छाया वाली जगह या ऐसी जगह जहाँ छनकर धूप आती हो, इसके विकास के लिए आदर्श मानी जाती है।
अरुगुला के पौधों को नमी बहुत प्रिय है, लेकिन जलभराव इनके लिए घातक हो सकता है। यदि आप चाहते हैं कि आपकी अरुगुला की पत्तियां नरम और स्वादिष्ट बनी रहें, तो मिट्टी में हमेशा हल्की नमी बनाए रखें। नमी की कमी होने पर पत्तियां अधिक कड़वी हो जाती हैं। तेज गर्मी के दिनों में पौधों को सीधी धूप से बचाना अनिवार्य है, अन्यथा पत्तियां झुलस सकती हैं और पौधा समय से पहले बीज देने लगता है। इसके अलावा, गमले से खरपतवार को समय-समय पर हटाते रहें और कीटों से बचाव के लिए जैविक नीम के तेल का स्प्रे करें।
अरुगुला की सबसे बड़ी खासियत इसकी तेजी से बढ़ने की क्षमता है। बुवाई के मात्र 30 से 40 दिनों के भीतर यह कटाई के लिए तैयार हो जाती है। जब पत्तियां 3 से 4 इंच लंबी हो जाएं, तो उन्हें कैंची की मदद से सावधानीपूर्वक काट लें। ध्यान रहे कि जड़ को नुकसान न पहुँचे, ताकि वहाँ से नई पत्तियां दोबारा निकल सकें। इस तरह आप एक ही पौधे से कई बार पैदावार ले सकते हैं।
बाजार में अरुगुला या रॉकेट लीफ की कीमतें काफी अधिक होती हैं, क्योंकि इसे एक प्रीमियम सलाद सब्जी माना जाता है। घर पर इसे उगाकर आप न केवल अपने पैसे बचा सकते हैं, बल्कि रसायनों से मुक्त ताजी और ऑर्गेनिक सब्जी का आनंद भी ले सकते हैं। यदि आप इसे थोड़े बड़े स्तर पर उगाते हैं, तो स्थानीय ऑर्गेनिक मंडियों या कैफे में इसकी आपूर्ति कर अच्छा मुनाफा भी कमाया जा सकता है। सैंडविच हो या सलाद, घर की उगी ताजी अरुगुला आपके खाने का जायका और आपकी सेहत दोनों को बेहतर बना देगी।
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