Janjgir Murder Case: छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जहाँ ‘ऑनर किलिंग’ के एक संदिग्ध मामले में एक भाई ने अपने दोस्तों के साथ मिलकर अपनी ही बहन के प्रेमी की बेरहमी से हत्या कर दी। वैलेंटाइन वीक के दौरान हुई इस हिंसा ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी (नाबालिग भाई) समेत कुल छह लोगों को गिरफ्तार कर लिया है।

प्रेम प्रसंग से नाराज भाई ने रची खूनी साजिश
मृतक की पहचान सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के दर्रा गांव निवासी राहुल चौहान (27) के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, राहुल का शिवरीनारायण की रहने वाली एक लड़की के साथ काफी समय से प्रेम प्रसंग चल रहा था। लड़की का भाई इस रिश्ते के सख्त खिलाफ था और दोनों के बीच फोन पर होने वाली बातचीत से अक्सर नाराज रहता था। 11 फरवरी को जब राहुल वैलेंटाइन वीक के दौरान शिवरीनारायण मेले में अपनी प्रेमिका से मिलने पहुंचा, तो भाई का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया।
चाकुओं से गोदकर उतारा मौत के घाट: 4 नाबालिग शामिल
लड़की से मिलने के बाद राहुल जब शाम करीब 6 बजे मेले से लौट रहा था, तभी प्रेमिका के भाई और उसके पांच दोस्तों ने उसे घेर लिया। हमलावरों ने पूर्व नियोजित तरीके से राहुल पर धावा बोल दिया। आरोपियों के पास छोटे-छोटे चाकू थे, जिनसे उन्होंने राहुल के पेट, चेहरे और हाथों पर ताबड़तोड़ वार किए। इस हिंसक हमले में राहुल की मौके पर ही मौत हो गई। साक्ष्य छिपाने के उद्देश्य से आरोपियों ने शव को पास के ही धरदेई ग्राम स्थित पुरेना तालाब में फेंक दिया।
दोस्त की गवाही से खुला कत्ल का राज
घटना के समय राहुल के साथ उसका एक दोस्त भी मौजूद था। जब आरोपियों ने हमला किया, तो वह अपनी जान बचाकर वहां से भागने में सफल रहा। रात करीब 8 बजे जब पुलिस को तालाब में शव मिलने की सूचना मिली, तो उन्होंने मर्ग कायम कर जांच शुरू की। राहुल के दोस्त से पूछताछ करने पर पुलिस को पूरी सच्चाई पता चली। दोस्त ने बताया कि किस तरह छह लड़कों ने उन्हें घेरा और हथियारों से हमला किया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई: आरोपी भेजे गए जेल
शिवरीनारायण पुलिस ने संदेह के आधार पर लड़की के नाबालिग भाई को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसके बाद उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने इस मामले में दो बालिग आरोपियों—कोमल कर्ष (23) और राजवीर अनंत (19)—को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहाँ से उन्हें जेल भेज दिया गया है। वहीं, मुख्य साजिशकर्ता सहित चार नाबालिग आरोपियों को बाल सुधार गृह भेजा गया है।
अपराधिक प्रवृत्ति के थे सभी आरोपी दोस्त
जांच में यह भी सामने आया है कि इस हत्याकांड में शामिल सभी लड़के बदमाश प्रवृत्ति के थे। पुलिस के अनुसार, ये किशोर और युवक अक्सर अपने साथ अवैध रूप से चाकू रखकर घूमते थे। भाई ने अपनी बहन के निजी जीवन पर नियंत्रण करने और समाज में अपनी झूठी शान को बचाने के लिए इन अपराधी प्रवृत्ति के दोस्तों का सहारा लिया और एक युवक की जान ले ली।


















