Monsoon session : मानसून सत्र 2025 के दौरान लोकसभा में आज ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा की जाएगी। गृह मंत्री अमित शाह दोपहर 12 बजे लोकसभा में संबोधन देंगे, जबकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शाम को इस मुद्दे पर क्लोजिंग स्पीच देंगे। इस चर्चा की शुरुआत पहले दिन रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने की थी और इस दौरान पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी नोक-झोंक भी देखने को मिली। ऑपरेशन सिंदूर को लेकर केंद्र सरकार का रुख और विपक्षी पार्टियों का विरोध दोनों ही सवालों का केंद्र बने हुए हैं।
केंद्र सरकार के 8 नए बिलों पर हो सकती है चर्चा
मानसून सत्र में केंद्र सरकार ने कुल 8 नए बिल पेश किए हैं, जिनमें से कुछ पर आज चर्चा या मतदान हो सकता है। 29 जुलाई को सत्र के सातवें दिन आयकर विधेयक 2025 और बिल्स ऑफ लैडिंग 2025 पर चर्चा की संभावना है, जिन्हें पहले लोकसभा में पारित किया जा चुका था और अब ये राज्यसभा में पेश किए गए हैं। इसके अलावा, सत्र सुबह 11 बजे शुरू होगा, जिसके बाद प्रश्नकाल और शून्यकाल होगा। प्रश्नकाल में सांसद मंत्रियों से विभिन्न मुद्दों पर सवाल पूछेंगे, जबकि शून्यकाल में बिना पूर्व सूचना के सांसद जनता से जुड़े मुद्दों को उठा सकते हैं।
महत्वपूर्ण विधेयकों पर चर्चा, खेल और शिक्षा पर सुधार
मानसून सत्र में पेश किए गए विधेयकों में से एक है नेशनल स्पोर्ट्स गवर्नेंस बिल, जिसे खेल प्रशासन में सुधार के लिए लाया गया है। इस बिल का उद्देश्य भारतीय खेलों के प्रशासन को अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाना है। इसके साथ ही, नेशनल एंटी-डोपिंग (संशोधन) बिल भी पेश किया गया है, जिसका उद्देश्य डोपिंग विरोधी नियमों में सुधार करना है।
इसके अलावा, मणिपुर GST संशोधन बिल को मणिपुर के टैक्स सिस्टम में बदलाव के लिए पेश किया गया है, जबकि जन विश्वास (संशोधन) विधेयक व्यापार और जीवन को आसान बनाने के लिए कानूनी सुधार करेगा। भारतीय प्रबंधन संस्थान (संशोधन) बिल के तहत IIM गुवाहाटी को भारतीय संसद में मान्यता दी जाएगी। वहीं, भू-धरोहर स्थल और भू-अवशेष विधेयक सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण के लिए लाया गया है।
विपक्षी गठबंधन की तैयारी, केंद्र सरकार को घेरने की रणनीति
विपक्षी गठबंधन (INDIA) ने मानसून सत्र में कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर केंद्र सरकार को घेरने की रणनीति बनाई है। इन मुद्दों में पहलगाम आतंकी हमला, ऑपरेशन सिंदूर, बिहार में वोटर लिस्ट पुनरीक्षण, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के विवादित दावे, मणिपुर में जारी अशांति, और महिलाओं, दलितों और अल्पसंख्यकों के खिलाफ अत्याचार शामिल हैं। विपक्ष ने इन मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगा है और आगामी दिनों में इन पर जोरदार बहस होने की संभावना है।
सत्र की कार्यवाही पर नजरें
सत्र के सातवें दिन केंद्र सरकार द्वारा पेश किए गए विभिन्न विधेयकों पर बहस और चर्चा जारी रहेगी। इन विधेयकों का उद्देश्य न केवल प्रशासनिक सुधार लाना है, बल्कि देश के विभिन्न क्षेत्रों में विकास और सुधार के मार्ग को प्रशस्त करना भी है। इस दौरान, विपक्षी दलों के द्वारा सरकार पर सवाल उठाए जाने की संभावना भी है, जिससे मानसून सत्र और भी रोमांचक होने की उम्मीद है।