Pakistan floods : पाकिस्तान में इस मानसून सीजन में बाढ़ और भारी बारिश ने तबाही मचा दी है। अब तक रिपोर्ट्स के मुताबिक, पाकिस्तान में 271 लोगों की मौत हो चुकी है और स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ है। पाकिस्तान की नेशनल डिजास्टर मैनेजमेंट अथॉरिटी (NDMA) ने बताया कि पिछले 24 घंटों में ही 6 और लोगों की मौत हो गई है और 22 लोग घायल हुए हैं। इस दौरान बलूचिस्तान प्रांत में हालात सबसे ज्यादा खराब हैं, जहां बारिश के कारण पानी में डूबने और छत गिरने की घटनाएं सामने आई हैं। 26 जून से अब तक इस आपदा में पाकिस्तान में कुल 655 लोग घायल हो चुके हैं।
पाकिस्तान मौसम विभाग का अलर्ट
पाकिस्तान मौसम विभाग (PMD) ने आने वाले दिनों के लिए नए चेतावनियां जारी की हैं। विभाग ने बताया कि देश के कई हिस्सों में बादल घिरे रहेंगे और हल्की बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। इससे हवा में नमी बनी रहेगी, जिससे तापमान में गिरावट आएगी। मौसम विभाग ने खासकर सिंध प्रांत के बदीन, थरपारकर, उमरकोट, संघर, मीरपुरखास और अन्य इलाकों में बारिश की संभावना जताई है। मंगलवार को सुबह और रात के समय भी बारिश होने की चेतावनी दी गई है।
29 जुलाई से बढ़ेगा खतरा
पाकिस्तान में रोजाना मौतों की संख्या बढ़ती जा रही है। मौसम विभाग ने बताया कि मंगलवार से स्थिति और भी खराब हो सकती है। तेज हवाओं के साथ बारिश के कारण लैंडस्लाइड्स का खतरा बढ़ जाएगा, जिससे कई इलाकों में पानी भर सकता है। गिलगित-बाल्टिस्तान और खैबर पख्तूनख्वा जैसे क्षेत्रों में सबसे ज्यादा खतरा हो सकता है। इसके अलावा पंजाब डिजास्टर मैनेजमेंट ने 31 जुलाई तक बाढ़ की चेतावनी जारी की है। प्रशासन को हाई अलर्ट पर रखा गया है, ताकि हालात और बिगड़ने से पहले स्थिति को संभाला जा सके।
प्रशासन की तैयारियां और राहत कार्य
पाकिस्तान में बढ़ते संकट को देखते हुए प्रशासन और राहत एजेंसियां सक्रिय हो गई हैं। कई प्रभावित क्षेत्रों में बचाव कार्य जारी है और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। साथ ही, पाकिस्तान सरकार ने आपातकालीन राहत कोष जारी किया है ताकि प्रभावित क्षेत्रों में जरूरी सामान जैसे भोजन, दवाइयां और आश्रय प्रदान किया जा सके। प्रशासन ने नागरिकों से भी सावधान रहने और सुरक्षित स्थानों पर शरण लेने की अपील की है।
पाकिस्तान में मानसून सीजन के दौरान बाढ़ और बारिश के कारण हालात गंभीर हो गए हैं, और मौतों की संख्या लगातार बढ़ रही है। पाकिस्तान मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में स्थिति और खराब होने की संभावना जताई है, जिसके मद्देनजर प्रशासन ने उच्च स्तर का अलर्ट जारी किया है। अब यह देखना होगा कि राहत कार्यों और प्रशासनिक तैयारियों से प्रभावित क्षेत्रों में स्थिति को कितनी जल्दी सामान्य किया जा सकता है।