Premanand Maharaj Ashram : वृंदावन के संत प्रेमानंद महाराज से जुड़े श्रीराधा केली कुंज आश्रम में शिष्य रसिक दुलारी शरण उर्फ दीपक लोधी की मौत के बाद व्यवस्थाओं में कई बदलाव किए गए हैं। सामने आई जानकारी के अनुसार, फाइनल दीक्षा, दीक्षा उपस्थिति और टोकन के जरिए होने वाले दर्शन को अनिश्चितकाल के लिए रोक दिया गया है।
फाइनल दीक्षा पर फिलहाल रोक
आश्रम की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक, नए साधकों को दी जाने वाली फाइनल यानी अंतिम दीक्षा की प्रक्रिया फिलहाल स्थगित रहेगी। इसकी दोबारा शुरुआत के लिए कोई निश्चित तारीख घोषित नहीं की गई है। इससे दीक्षा की तैयारी कर रहे श्रद्धालुओं को आगे की आधिकारिक सूचना का इंतजार करना होगा।
दीक्षा उपस्थिति भी अनिश्चितकाल के लिए बंद
रिपोर्टों के अनुसार, 29 सितंबर तक दीक्षा उपस्थिति को लेकर अलग व्यवस्था थी, लेकिन 30 सितंबर को इसमें भी बदलाव की सूचना सामने आई। अब दीक्षा उपस्थिति को भी अनिश्चितकाल के लिए बंद किए जाने की जानकारी है। इसके चलते निर्धारित समय पर आश्रम पहुंचने वाले साधकों को नई व्यवस्था की प्रतीक्षा करनी होगी।
टोकन दर्शन की व्यवस्था भी रोकी गई
फाइनल दीक्षा के साथ केली कुंज में टोकन के माध्यम से होने वाले दर्शन भी फिलहाल बंद कर दिए गए हैं। रिपोर्टों के मुताबिक, यमुना विहार कुंज और बेलवन से जुड़ी कुछ दर्शन व्यवस्थाओं में भी बदलाव किया गया है। आश्रम से जुड़े सेवादारों ने श्रद्धालुओं को इन परिवर्तनों की जानकारी दी है।
शिष्यों की वेशभूषा में भी बड़ा बदलाव
आश्रम में शिष्यों के पहनावे को लेकर भी नए निर्देश जारी किए गए हैं। अब प्रत्येक शिष्य के लिए पहले की तरह सफेद या पीले रंग का अचला पहनना जरूरी नहीं होगा। विरक्त या गृहस्थ शिष्य जो किसी व्यवसाय या अन्य काम से जुड़े हैं, उन्हें सामान्य कपड़े अथवा कुर्ता-पायजामा पहनने के निर्देश दिए गए हैं।
सेवा से जुड़े शिष्यों के लिए अलग व्यवस्था
नई व्यवस्था में सेवा से जुड़े गृहस्थ शिष्यों के लिए भी सामान्य कपड़े या कुर्ता-पायजामा पहनने की बात कही गई है। वहीं, सफेद वस्त्र पहनने की अनुमति उन विरक्त शिष्यों को होगी जो प्रेमानंद महाराज की सेवा या केली कुंज की व्यवस्थाओं से सक्रिय रूप से जुड़े हैं।
दीपक लोधी की मौत के बाद उठे सवाल
रसिक दुलारी शरण उर्फ दीपक लोधी की मौत 25 सितंबर को गुरु कृपा कुंज की चौथी मंजिल से गिरने के बाद हुई थी। लाइव हिन्दुस्तान की रिपोर्ट के अनुसार, उन्हें गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मौत हो गई। पुलिस घटना की परिस्थितियों की जांच कर रही है।
मौत की वजह पर अभी जांच जारी
दीपक लोधी की मौत को लेकर अलग-अलग सवाल उठ रहे हैं, लेकिन घटना की अंतिम परिस्थितियों को लेकर अभी जांच पूरी नहीं हुई है। रिपोर्टों में सीसीटीवी और घटनास्थल से जुड़े साक्ष्यों की जांच का उल्लेख है। ऐसे में मौत के कारण को लेकर किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले पुलिस जांच के परिणाम का इंतजार करना जरूरी है।
परिवार की ओर से भी जांच की मांग
मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, दीपक लोधी के परिवार की ओर से मामले की जांच को लेकर सवाल उठाए गए हैं। वहीं पुलिस उपलब्ध साक्ष्यों और घटना से जुड़े तथ्यों की पड़ताल कर रही है। आश्रम की ओर से भी मामले पर विस्तृत सार्वजनिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
श्रद्धालुओं को नई व्यवस्था का इंतजार
दीक्षा, दर्शन और वेशभूषा से जुड़े बदलावों के बाद अब श्रद्धालुओं की नजर आश्रम की अगली सूचना पर है। फाइनल दीक्षा और टोकन दर्शन दोबारा कब शुरू होंगे, इसकी फिलहाल कोई समयसीमा सामने नहीं आई है। दूसरी ओर, दीपक लोधी की मौत से जुड़ी जांच जारी है, इसलिए आगे आने वाली आधिकारिक जानकारी महत्वपूर्ण होगी।
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