Bangladesh Politics 2026
Bangladesh Politics 2026: बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना ने अपने देश की वर्तमान स्थिति को लेकर एक बेहद भावुक और तीखा बयान जारी किया है। अपने संबोधन की शुरुआत “बिस्मिल्लाहिर रहमानिर रहीम” से करते हुए उन्होंने कहा कि बांग्लादेश आज अपने इतिहास के सबसे अंधकारमय और रक्तरंजित दौर से गुजर रहा है। हसीना के अनुसार, 1971 के मुक्ति संग्राम के जरिए जो मातृभूमि हासिल की गई थी, वह आज एक गहरी खाई के कगार पर खड़ी है। उन्होंने देशवासियों को संबोधित करते हुए कहा कि पूरा राष्ट्र अब एक विशाल जेल और ‘मौत की घाटी’ में तब्दील हो चुका है, जहाँ हर तरफ तबाही और कराहते हुए लोगों की चीखें सुनाई दे रही हैं।
शेख हसीना ने अंतरिम सरकार के प्रमुख मोहम्मद यूनुस पर सीधा और कड़ा प्रहार किया। उन्होंने यूनुस को “खूनी फासीवादी, सूदखोर, मनी लॉन्ड्रर और सत्ता-लोलुप गद्दार” करार दिया। हसीना ने आरोप लगाया कि 5 अगस्त 2024 को एक विदेशी साजिश के तहत उनकी लोकतांत्रिक रूप से चुनी गई सरकार को जबरन अपदस्थ कर दिया गया। उन्होंने दावा किया कि यूनुस ने अपनी नीतियों से राष्ट्र का खून चूसा है और मातृभूमि की आत्मा को कलंकित किया है। उनके अनुसार, जिस दिन से यह ‘कठपुतली शासन’ सत्ता में आया है, तब से लोकतंत्र निर्वासित हो चुका है और राष्ट्र आतंक के युग में डूब गया है।
पूर्व प्रधानमंत्री ने देश में मानवाधिकारों के हनन पर गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि वर्तमान शासन में प्रेस की स्वतंत्रता छीन ली गई है और महिलाओं व लड़कियों के खिलाफ यौन हिंसा व यातना की घटनाएं बेकाबू हो गई हैं। हसीना ने विशेष रूप से धार्मिक अल्पसंख्यकों के लगातार हो रहे उत्पीड़न का मुद्दा उठाया। उन्होंने बताया कि राजधानी से लेकर दूरदराज के गांवों तक अब केवल भीड़ का आतंक (Mob Justice), सशस्त्र डकैती और वसूली का राज है। शिक्षा संस्थान अराजकता का केंद्र बन गए हैं और न्यायपालिका अब आम नागरिकों के लिए एक डरावना दुःस्वप्न बन चुकी है।
शेख हसीना ने अपने बयान में एक और खतरनाक संकेत दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि गद्दार यूनुस शासन बांग्लादेश की संप्रभुता और प्राकृतिक संसाधनों को विदेशी हितों के हाथों बेचने की साजिश रच रहा है। उन्होंने कहा कि यूनुस ने अपनी व्यक्तिगत महत्वाकांक्षा के लिए देश को बहुराष्ट्रीय संघर्ष की आग में झोंक दिया है। हसीना ने बांग्लादेश के “बहादुर बेटे-बेटियों” से आह्वान किया कि वे शहीदों के खून से लिखे गए संविधान की रक्षा के लिए उठ खड़े हों और इस विदेशी सेवक कठपुतली शासन को उखाड़ फेंकें।
अपने राष्ट्र के नाम संदेश में शेख हसीना ने स्थिति को सुधारने के लिए पांच प्रमुख मांगें रखी हैं:
लोकतंत्र की बहाली: अवैध प्रशासन को हटाकर सत्ता जनता के चुने हुए प्रतिनिधियों को सौंपी जाए।
हिंसा पर रोक: सड़कों पर हो रही अराजकता को तत्काल समाप्त कर अर्थव्यवस्था को स्थिर किया जाए।
सुरक्षा की गारंटी: अल्पसंख्यकों, महिलाओं और समाज के कमजोर वर्गों की सुरक्षा सुनिश्चित हो।
प्रतिशोध की राजनीति का अंत: पत्रकारों और विपक्षी नेताओं पर दर्ज फर्जी मुकदमे वापस लिए जाएं।
निष्पक्ष जांच: पिछले एक साल की घटनाओं की संयुक्त राष्ट्र की देखरेख में निष्पक्ष जांच कराई जाए।
हसीना ने अपने समर्थकों और देशभक्त नागरिकों से हिम्मत न हारने की अपील की। उन्होंने आवामी लीग को बांग्लादेश की संस्कृति और बहुलवाद का रक्षक बताया। उन्होंने अंत में “जॉय बांग्ला, जॉय बंगबंधु” के नारे के साथ अंतरराष्ट्रीय समुदाय से भी अपील की कि वे बांग्लादेश में लोकतंत्र की पुनर्स्थापना में मदद करें। उन्होंने संकल्प दोहराया कि वे छीनी गई समृद्ध मातृभूमि को बहाल करने के लिए अंतिम सांस तक लड़ेंगी।
Read more: Japan Snap Election 2026: ताकाइची का मास्टरस्ट्रोक या बड़ी भूल? सदन भंग कर जापान को चुनाव में झोंका
Cucumber on Empty Stomach : चिलचिलाती गर्मी और लू के थपेड़ों से बचने के लिए…
Anil Ambani ED Action : भारतीय बैंकिंग क्षेत्र में हुए कथित ऋण धोखाधड़ी और मनी…
IMD Rain Alert : उत्तर भारत के कई राज्य इस समय सूरज की तपिश और…
West Bengal Phase 2: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के लिए मतदान की…
Daily Horoscope 29 April 2026: वैशाख मास के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि और हस्त नक्षत्र…
PBKS vs RR: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL 2026) के रोमांचक मुकाबले में मंगलवार को राजस्थान…
This website uses cookies.