अंतरराष्ट्रीय

Uyghurs in Turkey : तुर्किए में उइगरों पर मंडराया निर्वासन का संकट, चीन के दबाव में बढ़ी गिरफ्तारियां

Uyghurs in Turkey :  तुर्किए, जिसे कभी दुनिया भर के प्रताड़ित उइगरों के लिए सबसे सुरक्षित ठिकाना माना जाता था, अब वही उनके लिए खौफ का केंद्र बनता जा रहा है। वर्तमान में तुर्किए में लगभग 50,000 उइगर शरणार्थी रह रहे हैं, लेकिन हाल की घटनाओं ने उनके मन में गहरा डर पैदा कर दिया है। शिनजियांग प्रांत में चीनी सरकार के कथित जुल्मों से बचकर आए ये लोग अब तुर्किए में भी खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। बिना स्थायी नागरिकता और वैध पासपोर्ट के जीवन व्यतीत कर रहे इन शरणार्थियों को सबसे बड़ा डर ‘डिपोर्टेशन’ यानी वापस चीन भेजे जाने का सता रहा है।

मनमानी गिरफ्तारियां और मानवाधिकारों का उल्लंघन

‘बिटर विंटर’ जैसी अंतरराष्ट्रीय पत्रिकाओं और मानवाधिकार संगठनों की रिपोर्टों के अनुसार, तुर्किए की पुलिस अब बिना किसी ठोस आधार के उइगरों को निशाना बना रही है। उन पर आतंकवाद के बेबुनियाद आरोप लगाकर हिरासत में लिया जा रहा है। इस्तांबुल जैसे शहरों में चलाए जा रहे इन ऑपरेशनों ने निर्वासित समुदाय की रातों की नींद हराम कर दी है। मानवाधिकार संगठन ‘ह्यूमन राइट्स वॉच’ ने भी तुर्किए सरकार की इस बदलती नीति पर चिंता जताई है, जहाँ अब सुरक्षा की गारंटी धुंधली होती जा रही है।

इस्तांबुल पुलिस की कार्रवाई और नवजात बच्चों की हिरासत

हाल ही में इस्तांबुल पुलिस ने एक चौंकाने वाले अभियान में 31 उइगरों को हिरासत में लिया। हैरानी की बात यह है कि इनमें से अधिकांश लोग पिछले एक दशक से तुर्किए में शांतिपूर्ण ढंग से अपना व्यवसाय कर रहे थे। इसी कड़ी में मुएयस्सर अली नामक महिला और उनके मात्र एक महीने के नवजात शिशु, एनिस अब्दुल्ला को भी डिपोर्टेशन सेंटर भेज दिया गया। हालांकि व्यापक जन-दबाव के बाद उन्हें एक सप्ताह में रिहा कर दिया गया, लेकिन इस घटना ने पूरे समुदाय को झकझोर कर रख दिया है। बिना किसी कानूनी आरोप के ऐसी गिरफ्तारियां अंतरराष्ट्रीय शरणार्थी कानूनों का उल्लंघन मानी जा रही हैं।

चीनी जासूसी का जाल और दूतावासों का दबाव

उइगरों की मुश्किलें केवल तुर्किए पुलिस तक सीमित नहीं हैं; बीजिंग का प्रभाव यहाँ भी स्पष्ट रूप से देखा जा रहा है। चीनी दूतावास और कांसुलेट तुर्किए में रह रहे उइगरों पर दबाव डाल रहे हैं कि वे अपने ही समुदाय के लोगों की जासूसी करें। जो लोग चीन के लिए जानकारी जुटाने से इनकार करते हैं, उन्हें धमकी दी जाती है कि शिनजियांग में रह रहे उनके परिजनों को प्रताड़ित किया जाएगा। यह ‘ट्रांसनेशनल रिप्रेशन’ (पारराष्ट्रीय दमन) उइगरों को मानसिक रूप से तोड़ने की एक बड़ी साजिश का हिस्सा है।

नई जिंदगी पर मंडराते काले बादल

तुर्किए में बसने के बाद कई उइगरों ने नई भाषा सीखी, घर खरीदे और अपने बच्चों को स्थानीय स्कूलों में भर्ती कराया। उन्होंने सोचा था कि उनका संघर्ष खत्म हो गया है और वे एक सम्मानजनक जीवन जी पाएंगे। लेकिन वर्तमान अस्थिरता ने उनके भविष्य पर सवालिया निशान लगा दिया है। शिक्षाविद अब्दुवेली अयुप ने चेतावनी दी है कि यदि इन लोगों को जबरन चीन वापस भेजा गया, तो उन्हें वहां जेल, अमानवीय यातनाएं और मृत्युदंड तक का सामना करना पड़ सकता है।

तुर्किए की नैतिकता और अंतरराष्ट्रीय समुदाय की भूमिका

अब पूरी दुनिया की निगाहें तुर्किए सरकार पर टिकी हैं। क्या वह आर्थिक और कूटनीतिक दबाव के आगे घुटने टेककर चीनी एजेंडे का हिस्सा बनेगी, या अपनी मानवीय छवि को बरकरार रखेगी? मानवाधिकार कार्यकर्ताओं का कहना है कि तुर्किए को अपनी ‘पैन-तुर्किक’ पहचान और धार्मिक सहानुभूति की रक्षा के लिए उइगरों को नागरिकता और सुरक्षा की ठोस गारंटी देनी चाहिए। फिलहाल, हजारों उइगर परिवार हर पुलिस की दस्तक पर कांप उठते हैं, यह मानवीय संकट अब एक निर्णायक और खतरनाक मोड़ पर पहुँच गया है।

Read More: Gold Silver Price Today: सोना ₹1.58 लाख के पार, चांदी में भारी उछाल; जानें आज के ताजा भाव  

Thetarget365

Recent Posts

Trump Iran Warning : डोनाल्ड ट्रंप की ईरान को दो टूक चेतावनी, परमाणु समझौते पर कड़ा रुख, दी घेराबंदी की धमकी

Trump Iran Warning : अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर ईरान के…

20 minutes ago

Riyan Parag Vaping : रियान पराग की बढ़ी मुश्किलें, वेपिंग विवाद के बाद BCCI का कड़ा एक्शन संभव

Riyan Parag Vaping :  इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 के सीजन में राजस्थान रॉयल्स के…

25 minutes ago

IRGC Military Council : मुज्तबा खामेनेई की रहस्यमयी चुप्पी, क्या ईरान में सेना ने कर दिया है तख्तापलट?

IRGC Military Council :  अमेरिका के साथ बढ़ते तनाव और संभावित सैन्य टकराव ने ईरान…

35 minutes ago

FIFA World Cup 2026 : येलो कार्ड नियमों में बड़े बदलाव, खिलाड़ियों को मिलेगी बड़ी राहत

FIFA World Cup 2026 : फुटबॉल की दुनिया के सबसे बड़े महाकुंभ, FIFA वर्ल्ड कप…

40 minutes ago

West Bengal Polls : दूसरे चरण में रिकॉर्ड तोड़ वोटिंग, 5 बजे तक गिरे 89.99% बंपर वोट

West Bengal Polls  : पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दूसरे चरण में मतदाताओं ने…

45 minutes ago

Bengal Election 2026 : ममता बनर्जी का बड़ा दावा, 1984 के अनुभव से तुलना कर बंगाल चुनाव में जीत पर कही बात

Bengal Election 2026 : पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दूसरे चरण के तहत बुधवार,…

1 hour ago

This website uses cookies.