धर्म

Varuthini Ekadashi 2026: कब है वरुथिनी एकादशी? जानें व्रत का महत्व, शुभ मुहूर्त और पारण का समय

हिंदू धर्म में एकादशी व्रत का स्थान सर्वोपरि माना गया है। सामान्यतः एक वर्ष में कुल 24 एकादशियाँ आती हैं, लेकिन जब ‘अधिकमास’ या ‘पुरुषोत्तम मास’ आता है, तो इनकी संख्या बढ़कर 26 हो जाती है। प्रत्येक माह के कृष्ण और शुक्ल पक्ष में आने वाले ये व्रत साक्षात जगत के पालनहार भगवान श्री हरि विष्णु को समर्पित हैं। हर एकादशी का अपना एक विशिष्ट फल और आध्यात्मिक महत्व होता है। इसी क्रम में वैशाख मास के कृष्ण पक्ष में आने वाली ‘वरुथिनी एकादशी’ को अत्यंत कल्याणकारी माना गया है। मान्यता है कि यह व्रत व्यक्ति के जीवन के सभी संतापों को हर कर उसे सुख-समृद्धि की ओर ले जाता है।

श्रीकृष्ण द्वारा वर्णित महात्म्य: 10 हजार वर्षों की तपस्या का फल

वरुथिनी एकादशी के महत्व का वर्णन स्वयं भगवान श्रीकृष्ण ने धर्मराज युधिष्ठिर के समक्ष किया था। पौराणिक कथाओं के अनुसार, श्रीकृष्ण ने बताया है कि जो भक्त पूरी निष्ठा और श्रद्धा के साथ भगवान विष्णु के चरण कमलों में अपना शीश नवाकर इस व्रत का पालन करते हैं, उन्हें 10 हजार वर्षों तक कठिन तपस्या करने के समान पुण्य प्राप्त होता है। शास्त्रों में यहाँ तक कहा गया है कि वरुथिनी एकादशी का एक दिन का उपवास ‘कन्यादान’ जैसे महादान के बराबर फल प्रदान करता है। यह व्रत न केवल वर्तमान जीवन को संवारता है, बल्कि आध्यात्मिक उन्नति का मार्ग भी प्रशस्त करता है।

शुभ मुहूर्त और उदया तिथि: कब रखें वरुथिनी एकादशी का व्रत?

वर्ष 2026 में वरुथिनी एकादशी की तिथि को लेकर पंचांग गणना काफी महत्वपूर्ण है।

  • तिथि का प्रारंभ: वैशाख कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि 12 और 13 अप्रैल की मध्यरात्रि 01 बजकर 16 मिनट पर शुरू होगी।

  • तिथि का समापन: इस तिथि का अंत 13 और 14 अप्रैल की मध्यरात्रि 01 बजकर 08 मिनट पर होगा।

  • व्रत की तारीख: शास्त्रों में ‘उदया तिथि’ (सूर्योदय के समय व्याप्त तिथि) का विशेष महत्व है, इसलिए 13 अप्रैल 2026, सोमवार को ही वरुथिनी एकादशी का उपवास रखा जाएगा।

  • पारण का समय: व्रत का पारण (व्रत खोलना) अगले दिन यानी 14 अप्रैल 2026 की सुबह 06:54 बजे से 08:31 बजे के बीच करना शुभ रहेगा।

कष्टों से मुक्ति और पापों का नाश: क्यों है यह व्रत विशेष?

वरुथिनी एकादशी का अर्थ है ‘कवच’ की तरह रक्षा करने वाली एकादशी। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस व्रत को करने से व्यक्ति द्वारा अनजाने में किए गए सभी पापों का शमन हो जाता है। यह व्रत दुखों और दरिद्रता को दूर कर सौभाग्य में वृद्धि करता है। जो लोग शारीरिक कष्टों या मानसिक अशांति से जूझ रहे हैं, उनके लिए यह व्रत रक्षा कवच के समान कार्य करता है। शास्त्रों में उल्लेख है कि इस दिन व्रत रखने से मिलने वाला पुण्य सूर्य ग्रहण के दौरान कुरुक्षेत्र में सोना दान करने के समान माना गया है।

मोक्ष का मार्ग और दान की महिमा: मृत्यु के बाद सद्गति

एकादशी व्रत केवल भौतिक सुखों के लिए नहीं, बल्कि मृत्यु के पश्चात आत्मा की शांति और मोक्ष प्राप्ति के लिए भी रखा जाता है। वरुथिनी एकादशी का विधि-विधान से पालन करने वाले जातक को यमलोक की यातनाएं नहीं सहनी पड़तीं और उसे बैकुंठ धाम में स्थान मिलता है। इस दिन अन्न दान, जल दान और सात्विक दिनचर्या का पालन करना विशेष फलदायी होता है। भगवान विष्णु के ‘मधुसूदन’ रूप की पूजा इस दिन विशेष रूप से की जाती है, जिससे जीवन में सकारात्मकता का संचार होता है।

व्रत के नियम और सावधानी

वरुथिनी एकादशी के दिन भक्तों को मांस, मदिरा, तामसिक भोजन और दूसरों की निंदा करने से बचना चाहिए। इस दिन चावल का सेवन वर्जित माना गया है। रात्रि जागरण कर विष्णु सहस्रनाम का पाठ करना और भगवान का संकीर्तन करना उत्तम फल देता है। यदि स्वास्थ्य ठीक न हो, तो फलाहार लेकर भी यह व्रत पूर्ण किया जा सकता है। याद रखें, एकादशी का व्रत केवल भोजन का त्याग नहीं, बल्कि इंद्रियों पर संयम रखने का पर्व है। 13 अप्रैल 2026 को इस पावन अवसर का लाभ उठाएं और भगवान विष्णु की कृपा के पात्र बनें।

Thetarget365

Recent Posts

Cockroach Strength : परमाणु हमले में भी नहीं मरेंगे कॉकरोच? जानिए इस जीव की बेमिसाल ताकत

Cockroach Strength : साल 2008 में आई हॉलीवुड की मशहूर एनिमेटेड फिल्म 'वॉल-ई' (Wall-E) में…

1 hour ago

Alka Lamba Convicted : महिला कांग्रेस अध्यक्ष अलका लांबा दोषी करार, कोर्ट के फैसले से मची भारी खलबली

Alka Lamba Convicted : दिल्ली की राउज एवेन्यू अदालत ने अखिल भारतीय महिला कांग्रेस की…

2 hours ago

Cockroach Janta Party: सीजेआई सूर्यकान्त के बयान से बनी कॉकरोच जनता पार्टी, अब सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी

Cockroach Janta Party : भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकान्त के एक मौखिक बयान से…

2 hours ago

Padma Awards : छत्तीसगढ़ के गोडबोले दंपती पद्मश्री से सम्मानित, एक लाख मरीजों का किया मुफ्त इलाज

Padma Awards : देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मानों में शामिल पद्म पुरस्कारों को लेकर नई…

2 hours ago

Khairagarh News : छत्तीसगढ़ के खैरागढ़ में बीईओ दफ्तर का वीडियो वायरल, प्रशासनिक अमले में मचा भारी हड़कंप

Khairagarh News : छत्तीसगढ़ के नवनिर्मित खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले से एक बेहद शर्मनाक और हैरान करने…

2 hours ago

IPL 2026 Controversy : विराट कोहली और ट्रेविस हेड हैंडशेक विवाद का पूरा सच, जानें एक्शन न होने की वजह

IPL 2026 Controversy : क्रिकेट की दुनिया के दो दिग्गज खिलाड़ियों, भारत के रन-मशीन विराट…

2 hours ago

This website uses cookies.