IMD Weather Alert : देशभर में मौसम का मिजाज बदलने के बीच 15 अक्टूबर को कई राज्यों में बारिश, आंधी और तेज हवाओं की संभावना जताई गई है। उपलब्ध मौसम रिपोर्ट के मुताबिक, भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश, राजस्थान, उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश समेत 22 राज्यों में खराब मौसम को लेकर चेतावनी दी है। कुछ इलाकों में हवा की रफ्तार 75 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की आशंका है। हालांकि, बारिश की तीव्रता और हवा की गति अलग-अलग क्षेत्रों में भिन्न हो सकती है।
मानसून की वापसी के बीच सक्रिय मौसम प्रणालियां
दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी के दौरान देश के कई हिस्सों में मौसम बदल रहा है। रिपोर्ट के अनुसार, जम्मू के ऊपर पश्चिमी विक्षोभ, उत्तरी हरियाणा के आसपास मौसमी गतिविधियां और बंगाल की खाड़ी के उत्तर-पश्चिमी हिस्से में ऊपरी वायुमंडलीय चक्रवाती परिसंचरण मौसम को प्रभावित कर सकते हैं। इन परिस्थितियों में बादल छाने, बारिश होने और गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चलने की आशंका है। लोगों को सलाह दी गई है कि वे स्थानीय मौसम पूर्वानुमान और प्रशासन की चेतावनियों पर नजर रखें।
किन 22 राज्यों में बिगड़ सकता है मौसम?
रिपोर्ट में दिल्ली, उत्तर प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, बिहार, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, पंजाब, हरियाणा, उत्तराखंड, महाराष्ट्र, गुजरात, तमिलनाडु, कर्नाटक, तेलंगाना, केरल, असम और अरुणाचल प्रदेश को संभावित प्रभावित क्षेत्रों में शामिल किया गया है। इन राज्यों के कुछ हिस्सों में बारिश, आंधी, बिजली चमकने और तेज हवाएं चलने की आशंका जताई गई है। सभी राज्यों में एक जैसी स्थिति रहने की संभावना नहीं है, इसलिए जिला स्तर के पूर्वानुमान को प्राथमिकता देना जरूरी है।
दिल्ली में बारिश से गिर सकता है तापमान
राजधानी दिल्ली में 15 अक्टूबर को बादल छाने और बारिश होने की संभावना बताई गई है। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, यहां हवा की गति लगभग 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। अधिकतम तापमान करीब 27 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान दिया गया है। बारिश होने पर तापमान में गिरावट महसूस हो सकती है। हालांकि, वास्तविक स्थिति स्थानीय पूर्वानुमान और बारिश की तीव्रता पर निर्भर करेगी।
उत्तर प्रदेश में कई जिलों में आंधी-बारिश की आशंका
उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद, बिजनौर, कानपुर, प्रयागराज, गोरखपुर, बाराबंकी, अयोध्या, वाराणसी, जौनपुर, मेरठ और आगरा-मथुरा क्षेत्र में आंधी के साथ बारिश की संभावना जताई गई है। रिपोर्ट में कुछ इलाकों में हवा की गति 75 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की आशंका बताई गई है। लखनऊ में अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। लोगों को यात्रा से पहले मौसम की ताजा जानकारी लेने और बिजली चमकने के दौरान खुले स्थानों से दूर रहने की सलाह दी जाती है।
बिहार में तेज हवाओं के साथ बारिश का अनुमान
बिहार के कटिहार, खगड़िया, सुपौल, किशनगंज, सहरसा, पूर्णिया, मधुबनी, दरभंगा, समस्तीपुर, मुजफ्फरपुर, वैशाली, सारण, शेखपुरा, नालंदा, औरंगाबाद, रोहतास और गया में आंधी तथा बारिश की आशंका जताई गई है। कुछ क्षेत्रों में हवा की गति 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। पटना में अधिकतम तापमान लगभग 32 डिग्री और न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। किसानों और यात्रियों को स्थानीय मौसम अपडेट देखकर ही जरूरी गतिविधियों की योजना बनानी चाहिए।
मध्य प्रदेश और राजस्थान में भी सतर्क रहने की जरूरत
मध्य प्रदेश के पन्ना, सीधी, उमरिया, सतना, इंदौर, भोपाल, देवास, अलीराजपुर, झाबुआ, श्योपुर और मुरैना में बारिश तथा तेज हवाओं की संभावना बताई गई है। कुछ इलाकों में हवा की गति 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। भोपाल में अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
राजस्थान में उदयपुर, पाली, टोंक, बारां, कोटा, हनुमानगढ़, झुंझुनूं, बीकानेर, अलवर, सीकर, जयपुर और श्रीगंगानगर में आंधी-बारिश की आशंका है। रिपोर्ट में हवा की गति 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक रहने की संभावना जताई गई है। जयपुर का अधिकतम तापमान करीब 34 डिग्री और न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस रह सकता है।
पहाड़ी राज्यों में भूस्खलन और तेज हवाओं का खतरा
हिमाचल प्रदेश के सिरमौर, सोलन, ऊना, किन्नौर, बिलासपुर, चंबा, कुल्लू और मंडी में बारिश तथा तेज हवाओं की चेतावनी दी गई है। उत्तराखंड के नैनीताल, रुद्रप्रयाग, ऊधम सिंह नगर, हरिद्वार, पौड़ी गढ़वाल, बागेश्वर और ऋषिकेश में भी मौसम खराब होने की आशंका है। पहाड़ी इलाकों में लगातार बारिश से भूस्खलन, सड़क अवरुद्ध होने और अचानक जलस्तर बढ़ने का खतरा हो सकता है।
खराब मौसम में क्या सावधानियां बरतें?
आंधी के दौरान पेड़ों, बिजली के खंभों और कमजोर निर्माणों के पास खड़े होने से बचें। बिजली चमकने पर खुले मैदान और जलाशयों से दूर रहें। बारिश के समय वाहन धीमी गति से चलाएं, क्योंकि दृश्यता कम होने और सड़क पर पानी भरने से दुर्घटना का खतरा बढ़ सकता है। समुद्र में खराब मौसम की चेतावनी वाले क्षेत्रों में मछुआरे स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग के निर्देशों का पालन करें। पहाड़ी मार्गों पर यात्रा करने से पहले सड़क की स्थिति की जानकारी अवश्य लें।
Read More : SIR Controversy : खरगे के आरोपों पर नड्डा का पलटवार, 13.39 करोड़ नामों का पूरा गणित