Kharge Controversy : कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दिवंगत पिता को लेकर की गई कथित टिप्पणी ने देश की राजनीति में नया विवाद खड़ा कर दिया है। इस बयान के बाद भारतीय जनता पार्टी ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। बीजेपी के वरिष्ठ नेताओं ने टिप्पणी को राजनीतिक मर्यादाओं के खिलाफ बताते हुए खरगे से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की है। विवाद के बीच पार्टी ने देशभर में विरोध प्रदर्शन करने की घोषणा भी की है।

नितिन गडकरी ने कांग्रेस पर साधा निशाना
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने सोशल मीडिया के माध्यम से खरगे की कथित टिप्पणी की कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वर्गीय पिता के प्रति पटना में इस्तेमाल किए गए शब्द अत्यंत निंदनीय हैं। गडकरी के मुताबिक, इस तरह की टिप्पणी की जितनी निंदा की जाए, वह कम है। उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष के बयान को राजनीतिक शिष्टाचार और लोकतांत्रिक मर्यादाओं के विपरीत बताया।

राजनीति में विरोध की भी होनी चाहिए मर्यादा
नितिन गडकरी ने अपने संदेश में कहा कि यह पहली बार नहीं है, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी या उनके परिवार को लेकर विवादित भाषा का इस्तेमाल किया गया हो। उन्होंने आरोप लगाया कि पहले भी प्रधानमंत्री की साधारण पृष्ठभूमि का मजाक उड़ाया गया और उनकी मां के प्रति आपत्तिजनक शब्द कहे गए। गडकरी ने कहा कि लोकतंत्र में सरकार की आलोचना करना और उससे सवाल पूछना विपक्ष का अधिकार है, लेकिन राजनीतिक बहस में प्रधानमंत्री के दिवंगत पिता को घसीटना उचित नहीं है।
अमित शाह ने भी जताई नाराजगी
खरगे के बयान को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी कांग्रेस पर निशाना साधा है। बीजेपी की ओर से कहा गया है कि कांग्रेस अध्यक्ष ने राजनीतिक मर्यादाओं का उल्लंघन किया है। पार्टी नेताओं ने मांग की है कि खरगे अपने शब्दों पर खेद जताएं और सार्वजनिक रूप से माफी मांगें। बीजेपी का कहना है कि राजनीतिक विरोध के दौरान भाषा की गरिमा बनाए रखना जरूरी है। हालांकि, इस विवाद पर कांग्रेस की प्रतिक्रिया और बयान का पूरा संदर्भ भी महत्वपूर्ण है।
देशभर में विरोध प्रदर्शन की तैयारी
बीजेपी ने खरगे की कथित टिप्पणी के खिलाफ देशभर में विरोध प्रदर्शन करने की घोषणा की है। पार्टी इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस पर दबाव बनाने की तैयारी में है। गडकरी ने अपने संदेश में कहा कि जब तर्क कमजोर पड़ने लगते हैं, तब भाषा बिगड़ने लगती है। उन्होंने कांग्रेस से इस पूरे मामले पर आत्ममंथन करने और खरगे से अपने शब्दों पर खेद जताने की अपील की। उन्होंने यह भी कहा कि जनता ऐसे मामलों को देख रही है और लोकतांत्रिक तरीके से अपना जवाब देगी।

आखिर किस बात पर शुरू हुआ पूरा विवाद?
जानकारी के मुताबिक, पटना में कांग्रेस के एक कार्यक्रम के दौरान मल्लिकार्जुन खरगे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आलोचना करते हुए भाषण दे रहे थे। इसी दौरान दर्शकों में मौजूद एक व्यक्ति ने कथित तौर पर बीच में हस्तक्षेप करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी कहीं नहीं जाने वाले हैं। बताया जा रहा है कि इस टिप्पणी के जवाब में खरगे ने विवादित बयान दिया, जिसके बाद राजनीतिक विवाद तेज हो गया। अब इस मामले में बीजेपी की माफी की मांग और प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन के कारण सियासी माहौल गरमा गया है।
Read More : Iran US Tensions : सात शर्तों पर अड़ा तेहरान, ट्रंप के सामने समझौते या हमले का विकल्प

