INDIA Alliance Rally Delhi : कांग्रेस संगठन ने अनुशासनहीनता के मामलों में सख्त रुख अपनाते हुए भारतीय युवा कांग्रेस (IYC) के 215 पदाधिकारियों को निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई दिल्ली के रामलीला मैदान में 1 नवंबर को आयोजित विपक्षी INDIA गठबंधन की महारैली में शामिल नहीं होने वाले पदाधिकारियों के खिलाफ की गई है। इस कार्रवाई में मध्य प्रदेश के युवा नेताओं की संख्या सबसे अधिक बताई जा रही है। संगठन ने स्पष्ट संकेत दिया है कि राष्ट्रीय स्तर के कार्यक्रमों में जिम्मेदारी निभाने में लापरवाही बरतने वाले पदाधिकारियों को बख्शा नहीं जाएगा।
चुनाव आयोग और SIR के खिलाफ आयोजित हुई थी महारैली
दरअसल, कांग्रेस और INDIA गठबंधन में शामिल विपक्षी दलों ने 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में एक बड़ी महारैली आयोजित की थी। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध दर्ज कराना और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं को लेकर आवाज उठाना था।

इस रैली में कांग्रेस नेता राहुल गांधी समेत विपक्ष के कई प्रमुख नेताओं ने हिस्सा लिया था। नेताओं ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग उठाई थी। पार्टी नेतृत्व ने युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय, प्रदेश और जिला स्तर के पदाधिकारियों को भी इस कार्यक्रम में अनिवार्य रूप से शामिल होने के निर्देश दिए थे।

मोबाइल ऐप और बारकोड स्कैनर से पकड़ी गई अनुपस्थिति
हिंदुस्तान टाइम्स (HT) की रिपोर्ट के मुताबिक, युवा कांग्रेस ने इस बार रैली में पदाधिकारियों की उपस्थिति दर्ज करने के लिए तकनीक का सहारा लिया था। इसके लिए एक विशेष मोबाइल एप्लिकेशन तैयार किया गया था। इसके माध्यम से रैली से संबंधित जरूरी दिशा-निर्देश, कार्यक्रम का स्थान और समय जैसी जानकारियां साझा की गई थीं।
इसके अलावा, दिल्ली के मिंटो रोड स्थित निर्धारित असेंबली प्वाइंट पर पहुंचने वाले पदाधिकारियों की हाजिरी दर्ज करने के लिए बारकोड स्कैनिंग व्यवस्था लागू की गई थी। इस तकनीकी व्यवस्था के जरिए कार्यक्रम में पहुंचे सदस्यों का रिकॉर्ड तैयार किया गया। बताया जा रहा है कि ऐप पर पंजीकरण नहीं कराने और निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं करने वाले पदाधिकारियों को भी चिन्हित किया गया।

मध्य प्रदेश के सबसे ज्यादा 60 पदाधिकारी निलंबित
इस कार्रवाई में मध्य प्रदेश सबसे ऊपर है। यहां के 60 युवा कांग्रेस पदाधिकारियों को निलंबित किया गया है। इसके बाद गुजरात का नंबर आता है, जहां 49 पदाधिकारियों पर कार्रवाई हुई है। झारखंड के 32 और पश्चिम बंगाल के 26 पदाधिकारी भी निलंबन की सूची में शामिल हैं।
अन्य राज्यों में तेलंगाना के 14, हिमाचल प्रदेश के 13, उत्तर प्रदेश मध्य के 11 और हरियाणा के 10 पदाधिकारियों को निलंबित किया गया है। इस तरह कुल आठ राज्यों के 215 पदाधिकारी संगठनात्मक कार्रवाई की जद में आए हैं।
एक्स पर साझा किया गया निलंबन का आदेश
मध्य प्रदेश युवा कांग्रेस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर निलंबन से संबंधित आदेश साझा किया है। संगठन की ओर से इसे राष्ट्रीय नेतृत्व के निर्देशानुसार अनुशासनहीनता के खिलाफ उठाया गया कदम बताया गया है। इस फैसले से स्पष्ट है कि कांग्रेस नेतृत्व अपने संगठनात्मक ढांचे में अनुशासन बनाए रखने को लेकर गंभीर है।
युवा कांग्रेस के भीतर कार्रवाई से बढ़ी हलचल
रामलीला मैदान की महारैली में अनुपस्थित रहने को लेकर हुई इस कार्रवाई ने युवा कांग्रेस के भीतर हलचल बढ़ा दी है। एक तरफ पार्टी नेतृत्व इसे संगठनात्मक अनुशासन से जोड़कर देख रहा है, वहीं दूसरी तरफ इतनी बड़ी संख्या में पदाधिकारियों के निलंबन ने राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा तेज कर दी है। अब देखना होगा कि निलंबित पदाधिकारियों को अपना पक्ष रखने या संगठन में वापसी का मौका मिलता है या नहीं।
राज्यवार निलंबित पदाधिकारियों की संख्या
| राज्य | पदाधिकारियों की संख्या |
|---|---|
| मध्य प्रदेश | 60 |
| गुजरात | 49 |
| झारखंड | 32 |
| पश्चिम बंगाल | 26 |
| तेलंगाना | 14 |
| हिमाचल प्रदेश | 13 |
| उत्तर प्रदेश (मध्य) | 11 |
| हरियाणा | 10 |
| कुल | 215 |
Read More : Viral Video: 12 घंटे की ड्यूटी, पैरों में सूजन और सिर्फ एक कुर्सी की मांग, गार्ड की बात सुनकर रो पड़ेंगे!

