Israel Gaza Conflict : गाजा पर नेतन्याहू की दोहरी नीति पर उठे सवाल, 20 की मौत, फिर जताया शोक

Israel Gaza Conflict :  गाजा पट्टी एक बार फिर युद्ध की आग में झुलस रही है। बीते सोमवार को इज़राइली सेना द्वारा गाजा के नासिर अस्पताल पर किए गए हमले में 5 पत्रकारों समेत 20 लोगों की मौत हो गई। इस दर्दनाक घटना के बाद, इज़राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने “बेहद दुखद” बताते हुए शोक प्रकट किया, लेकिन दुनिया भर में उनके इस दोहरे रवैये की आलोचना हो रही है।

ads

पत्रकारों और स्वास्थ्यकर्मियों को भी नहीं बख्शा गया

हमले की पुष्टि फिलिस्तीनी स्वास्थ्य अधिकारियों ने की। अस्पताल की चौथी और दूसरी मंज़िल पर विस्फोटों से अफरातफरी मच गई। अल जज़ीरा और रॉयटर्स जैसे अंतरराष्ट्रीय मीडिया संगठनों से जुड़े पत्रकार, फोटोजर्नलिस्ट, डॉक्टर और अस्पतालकर्मी इस हमले में मारे गए। यह हमला ऐसे समय हुआ है जब गाजा पहले से ही भयंकर मानवीय संकट और भूखमरी का सामना कर रहा है।

ads

नेतन्याहू का बयान और उठते सवाल

घटना के बाद नेतन्याहू ने कहा, “नासिर अस्पताल में हुई घटना बेहद दुखद है। इज़राइल सभी नागरिकों, पत्रकारों और स्वास्थ्यकर्मियों के कार्यों का सम्मान करता है। मैं इस त्रासदी पर अपनी संवेदना व्यक्त करता हूँ। सैन्य अधिकारी मामले की जाँच कर रहे हैं।”

हालांकि, यह कोरी औपचारिकता जैसी प्रतीत होती है, क्योंकि इससे पहले भी कई बार इज़राइल की सेना द्वारा की गई निर्दोषों की हत्याओं पर इसी तरह की प्रतिक्रिया आई है — शोक, खेद और जाँच का वादा, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं।

हमला, कब्ज़ा और अंतहीन युद्ध

इज़राइली सेना गाजा पर पूर्ण कब्ज़े की तैयारी में है। नेतन्याहू का साफ आदेश है कि हमास को पूरी तरह खत्म किया जाए। लेकिन इस अभियान में निर्दोष आम नागरिक, बच्चे, महिलाएं, पत्रकार, और चिकित्साकर्मी लगातार मारे जा रहे हैं। सिर्फ जुलाई में गाज़ा के एकमात्र चर्च पर हमले में चर्च के पादरी गैब्रियल रोमालेनियो समेत तीन लोगों की मौत हुई थी। तब भी नेतन्याहू ने इसे “एक भूल” बताया और जाँच का आश्वासन दिया। लेकिन नतीजे अब तक सामने नहीं आए।

दुनिया भर में आलोचना

नासिर अस्पताल पर हमले के बाद संयुक्त राष्ट्र, यूरोपीय संघ, मानवाधिकार संगठनों और मीडिया संस्थानों ने इज़राइल की तीखी निंदा की है। सवाल यह उठता है कि क्या इज़राइल की सेना जानबूझकर पत्रकारों और नागरिक ढांचों को निशाना बना रही है? क्या ये हमले आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई के नाम पर नागरिकों की सामूहिक सज़ा नहीं हैं?

गाजा पर नेतन्याहू की रणनीति और फिर उसी पर दिखाया गया “शोक” अब दुनिया को भ्रमित करने वाली चाल बन गई है। जाँच और खेद के शब्द अब खोखले लगते हैं जब निर्दोषों की लाशें हर बार जमीन पर गिरती हैं। अंतरराष्ट्रीय समुदाय को अब केवल बयान नहीं, ठोस कार्रवाई की ज़रूरत है।

Read More : SCO Summit 2025 : PM मोदी का जापान और चीन दौरा, SCO सम्मेलन में पुतिन-शी जिनपिंग से होगी मुलाकात

Admin

Admin

Writer & Blogger

All Posts
Previous Post
Next Post

ताज़ा खबरे

  • All Posts
  • FIFA World Cup 2026
  • Thetarget365
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अन्य
  • अपराध
  • कारोबार
  • कृषि
  • खेल
  • छत्तीसगढ़
  • टेक
  • ट्रेंड
  • ताज़ा खबर
  • धर्म
  • पशु-पक्षी
  • मनोरंजन
  • मौसम
  • राजनीति
  • राष्ट्रीय
  • विचार/लेख
  • शिक्षा और नौकरी
  • साहित्य/मीडिया
  • सेहत-फिटनेस

© 2026 | All Rights Reserved | Thetarget365.com | Made By Top News Portal Development Company

Contacts

Call Us At – +91-:9406130006
WhatsApp – +91 62665 68872
Mail Us At – thetargetweb@gmail.com
Meet Us At – Shitla Ward, Ambikapur Dist. Surguja Chhattisgarh.497001.