Rahul Gandhi Asia Cup Silence: भारत ने एशिया कप के फाइनल में पाकिस्तान को रोमांचक मुकाबले में हराकर ऐतिहासिक जीत दर्ज की, जिससे देशभर में जश्न का माहौल है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से लेकर आम जनता तक ने भारतीय टीम को बधाइयों से नवाज़ा, लेकिन विपक्ष के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी की चुप्पी को लेकर सियासी घमासान शुरू हो गया है।

बीजेपी का राहुल गांधी पर निशाना
बीजेपी ने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी पर आरोप लगाया है कि वह भारत की इस बड़ी जीत पर अब तक चुप हैं, जो यह दर्शाता है कि वह देशहित से ऊपर ‘राजनीतिक एजेंडे’ को प्राथमिकता देते हैं। बीजेपी नेता प्रदीप भंडारी ने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर लिखा, “कांग्रेस देश के राष्ट्रीय हितों के खिलाफ है। राहुल गांधी ने अभी तक भारतीय टीम को पाकिस्तान पर ऐतिहासिक जीत की बधाई नहीं दी। जब पाकिस्तान पूरी तरह घिरा होता है, कांग्रेस के नेता तब खेलभावना की दुहाई देने लगते हैं। कांग्रेस भारत की नहीं, पाकिस्तान की बी-टीम है। राहुल गांधी तो आसीम मुनीर के मित्र हैं।”

ऑपरेशन सिंदूर और ऑपरेशन तिल का हवाला
भाजपा नेताओं ने यह भी आरोप लगाया कि जिस तरह ऑपरेशन सिंदूर और ऑपरेशन तिल जैसी सैन्य कार्रवाइयों के बाद कांग्रेस ने भारतीय सेना की सराहना नहीं की, उसी तरह एशिया कप जीत पर भी कोई प्रतिक्रिया नहीं दी गई। बीजेपी आईटी सेल प्रमुख अमित मालवीय ने लिखा,”ऐसा लगता है जैसे पाकिस्तान पर भारत की असाधारण जीत के बाद राहुल गांधी और पूरी कांग्रेस पार्टी ‘कोमा’ में चली गई है। न तो सेना की तारीफ कर पाए, न अब टीम इंडिया की। उन्हें शायद मोहसिन नक़वी और पाकिस्तान के बाकी हैंडलर्स की अनुमति का इंतज़ार है।”
कांग्रेस की “खामोशी” से सवाल खड़े
बीजेपी ने यह भी कहा कि कांग्रेस के किसी भी वरिष्ठ नेता ने सोशल मीडिया पर भारतीय क्रिकेट टीम को बधाई नहीं दी, जो उनके ‘राष्ट्र विरोधी रवैये’ को दर्शाता है। भाजपा नेताओं का दावा है कि यह चुप्पी ‘इरादतन’ है और कांग्रेस हमेशा पाकिस्तान के खिलाफ भारत की किसी भी जीत पर असहज हो जाती है।
राजनीति बनाम खेल?
यह मामला अब केवल खेल तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह राजनीतिक बयानबाज़ी का हिस्सा बन चुका है। बीजेपी का कहना है कि कांग्रेस पाकिस्तान के खिलाफ किसी भी मुद्दे पर खुलकर भारत के साथ नहीं खड़ी होती, चाहे वह सीमा पर सेना की कार्रवाई हो या क्रिकेट के मैदान में ऐतिहासिक जीत।एशिया कप 2025 की इस जीत ने भारतीय क्रिकेट को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया, लेकिन राहुल गांधी और कांग्रेस की चुप्पी को लेकर राजनीतिक हलकों में गंभीर सवाल उठने लगे हैं। बीजेपी द्वारा लगाए गए आरोपों ने कांग्रेस की ‘राष्ट्रभक्ति’ पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।











