Cuttack violence news: ओडिशा के कटक शहर में दुर्गा मूर्ति विसर्जन के दौरान दो गुटों के बीच हिंसक झड़प हो गई, जिसके बाद इलाके में अफरातफरी और दहशत फैल गई। घटना के बाद प्रशासन ने कटक नगर निगम क्षेत्र, कटक विकास प्राधिकरण (CDA) और 42 मौजा क्षेत्रों में 24 घंटे के लिए इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी हैं।

कैसे शुरू हुई झड़प?
जानकारी के मुताबिक, रविवार को दुर्गा मूर्ति विसर्जन के दौरान दो समुदायों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते हिंसक रूप ले बैठी। हालात इस कदर बिगड़ गए कि वाहनों और दुकानों में तोड़फोड़ की गई।

स्थिति को संभालने के लिए पुलिस को हल्का लाठीचार्ज करना पड़ा और आंसू गैस के गोले भी दागे गए। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है।
इंटरनेट सेवाएं बंद, सोशल मीडिया पर बैन
ओडिशा सरकार की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि अफवाहों पर लगाम लगाने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए यह कदम उठाया गया है।
रविवार शाम 7 बजे से लेकर 6 अक्टूबर शाम 7 बजे तक, व्हाट्सएप, फेसबुक, X (ट्विटर), और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर प्रतिबंध लगाया गया है। अधिकारियों ने कहा कि इस दौरान डेटा सेवाएं पूरी तरह बंद रहेंगी ताकि गलत सूचना और भड़काऊ कंटेंट के प्रसार को रोका जा सके।
स्थिति पर बीजद और प्रशासन की प्रतिक्रिया
बीजू जनता दल (BJD) की ओर से एक आधिकारिक बयान में कहा गया कि पार्टी कटक की वर्तमान स्थिति से चिंतित है। पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष नवीन पटनायक ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है।
उन्होंने कहा, “कटक शहर में कानून-व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक है। सभी समुदायों से अनुरोध है कि वे एकता और भाईचारे का संदेश दें।”
कड़ी सुरक्षा, पुलिस बल तैनात
प्रशासन ने संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया है। रातभर गश्त और निगरानी के आदेश दिए गए हैं। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए पूरे इलाके में ड्रोन और CCTV कैमरों के जरिए निगरानी की जा रही है।
कटक में हुई यह घटना एक बार फिर यह सवाल खड़ा करती है कि धार्मिक अवसरों पर साम्प्रदायिक सौहार्द और संयम कितना जरूरी है। प्रशासन की मुस्तैदी से स्थिति पर काबू पाया गया, लेकिन भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचने के लिए स्थानीय संवाद और जागरूकता जरूरी है।











