Raipur Municipal Corporation : रायपुर नगर निगम की बैठक के दौरान छत से टपका पानी, व्यवस्था पर विपक्ष ने उठाए सवाल

Raipur Municipal Corporation : राजधानी रायपुर में मानसून की पहली बारिश के बाद शहर की जल निकासी और बदहाल व्यवस्था पर चर्चा करने के लिए नगर निगम ने एक विशेष सामान्य सभा का आयोजन किया था। इस बैठक का उद्देश्य शहर के जलभराव, नालों की सफाई और सड़क मरम्मत जैसे गंभीर मुद्दों पर रणनीति बनाना था। लेकिन, विडंबना देखिए कि जिस छत के नीचे शहर को जलभराव से बचाने की योजनाएं बनाई जा रही थीं, वही छत खुद बारिश के आगे घुटने टेकती नजर आई। चर्चा के बीच अचानक सभाकक्ष की छत से पानी टपकने लगा, जिससे वहां उपस्थित महापौर, पार्षद और अधिकारी हतप्रभ रह गए।

ads

व्यवस्था की पोल खोलता ‘लाइव डेमो’

सभाकक्ष में पानी टपकने की घटना ने इस पूरी बैठक को एक व्यंग्य में बदल दिया। हालात इतने विकट हो गए कि निगम के अधिकारियों को टपकते पानी के नीचे गमले और डस्टबिन रखकर फर्श को भीगने से बचाना पड़ा। जो बैठक शहर को राहत देने के लिए बुलाई गई थी, उसी में मौजूद जनप्रतिनिधियों को पहले सभाकक्ष के भीतर हो रहे ‘जलभराव’ से जूझना पड़ा। यह दृश्य किसी भी प्रशासनिक विफलता के सबसे असरदार ‘लाइव डेमो’ जैसा था, जिसने निगम मुख्यालय की रखरखाव व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

Adst

निगम मुख्यालय की बदहाली और जनता के सवाल

छत से टपकते पानी की तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही हैं। आम जनता अब तीखे कटाक्ष कर रही है कि जब निगम का अपना मुख्यालय मानसून की पहली मार नहीं झेल पा रहा है, तो फिर शहर की सड़कों, गलियों और मोहल्लों की स्थिति का अंदाजा सहज ही लगाया जा सकता है। लोग पूछ रहे हैं कि जिस निगम पर पूरे रायपुर के ड्रेनेज सिस्टम को दुरुस्त रखने की जिम्मेदारी है, वह अपनी ही बिल्डिंग को सुरक्षित नहीं रख पा रहा है। यह घटना साबित करती है कि निगम के दावों और हकीकत में कितना बड़ा अंतर है।

Adst

जिम्मेदारी और जवाबदेही पर बड़ा सवाल

बैठक में महापौर और मेयर-इन-काउंसिल के सदस्यों ने अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर कड़े सवाल उठाए थे, लेकिन छत के टपकने ने विपक्ष के साथ-साथ आम नागरिकों को भी सरकार को घेरने का मौका दे दिया है। सवाल यह नहीं है कि छत क्यों टपकी, बल्कि सवाल यह है कि जब शहर की पूरी व्यवस्था की छत ही टपक रही हो, तो रायपुर की जनता अपनी उम्मीदें किसके भरोसे रखे? यह घटना शहर के विकास के लिए बनने वाली योजनाओं की जमीनी हकीकत का आईना है।

शहर की उम्मीदों का क्या होगा?

नगर निगम में हुई इस घटना ने साबित कर दिया है कि रायपुर का आधारभूत ढांचा कितना कमजोर है। विशेष सभा में जलभराव पर चर्चा तो हुई, लेकिन निगम की छत ने बिना बोले ही शहर की बदहाल स्थिति की सबसे कड़वी सच्चाई बयां कर दी। अब देखना यह होगा कि क्या इस शर्मनाक घटना के बाद निगम प्रशासन अपनी व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए कोई ठोस कदम उठाता है, या फिर आने वाले दिनों में जनता को इसी तरह की अव्यवस्थाओं के बीच रहने को मजबूर होना पड़ेगा।

Read More :  Kanker Crime : कांकेर में शराब के नशे में बेटे ने मां की हत्या, टांगिया से वार के बाद आरोपी गिरफ्तार

Adst
Chandan Das

Chandan Das

Writer & Blogger

All Posts
Previous Post
Next Post

ताज़ा खबरे

  • All Posts
  • FIFA World Cup 2026
  • Thetarget365
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अन्य
  • अपराध
  • कारोबार
  • कृषि
  • खेल
  • छत्तीसगढ़
  • टेक
  • ट्रेंड
  • ताज़ा खबर
  • धर्म
  • पशु-पक्षी
  • मनोरंजन
  • मौसम
  • राजनीति
  • राष्ट्रीय
  • विचार/लेख
  • शिक्षा और नौकरी
  • साहित्य/मीडिया
  • सेहत-फिटनेस

© 2026 | All Rights Reserved | Thetarget365.com | Made By Top News Portal Development Company

Contacts

Call Us At – +91-:9406130006
WhatsApp – +91 62665 68872
Mail Us At – thetargetweb@gmail.com
Meet Us At – Shitla Ward, Ambikapur Dist. Surguja Chhattisgarh.497001.