Kabirdham News : कबीरधाम जिले की पुलिस ने हाल ही में ग्राम सिल्हाटी के प्रसिद्ध बाबा विश्वेश्वर महादेव मंदिर में हुई चोरी की वारदात को सुलझाने में एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि उनका एक साथी अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। इस मामले का खुलासा तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल लोकेशन के सटीक विश्लेषण के आधार पर हुआ है। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई ने क्षेत्र में फैली सनसनी को शांत करने का काम किया है।

4 जुलाई की रात को हुई थी वारदात
मामले की शुरुआत तब हुई जब प्रार्थी रोहित कुमार चंद्रवंशी ने चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराई। घटनाक्रम के अनुसार, 4-5 जुलाई की दरमियानी रात अज्ञात चोरों ने ग्राम सिल्हाटी स्थित बाबा विश्वेश्वर महादेव मंदिर के मुख्य द्वार का ताला तोड़कर चोरी की घटना को अंजाम दिया। चोरों ने भगवान महादेव के शिवलिंग पर स्थापित चांदी के त्रिकुंड और माता गौरी की प्रतिमा का चांदी का मुकुट पार कर दिया। मंदिर से चुराए गए इन आभूषणों का वजन करीब 20 तोला था, जिसकी अनुमानित कीमत बाजार में लगभग 35 हजार रुपये आंकी गई है। मंदिर में हुई इस चोरी से स्थानीय श्रद्धालुओं की भावनाएं आहत हुई थीं और पूरे इलाके में आक्रोश था।

सीसीटीवी और तकनीकी साक्ष्यों से पकड़े गए आरोपी
जांच के दौरान पुलिस टीम ने घटनास्थल का सूक्ष्म निरीक्षण किया और मंदिर के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज को खंगाला। साथ ही, संदिग्धों के मोबाइल लोकेशन का बारीकी से विश्लेषण किया गया। इन्हीं तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने संदेह के घेरे में आए मनजीत पुरले और सुनील गोस्वामी को हिरासत में लेकर कड़ी पूछताछ की। पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। उन्होंने बताया कि उन्होंने अपने तीसरे साथी, अश्वनी आहिरे के साथ मिलकर यह योजना बनाई थी। वारदात की रात, अश्वनी आहिरे मंदिर के भीतर घुसकर चोरी कर रहा था, जबकि मनजीत और सुनील बाहर खड़े होकर निगरानी कर रहे थे ताकि किसी की आहट मिलते ही सतर्क किया जा सके।
जब्ती और आगे की कानूनी कार्यवाही
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल (क्रमांक CG 28 V 1888), मोबाइल फोन और कुछ नकदी बरामद की है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान मनजीत पुरले और सुनील गोस्वामी के रूप में हुई है, जो मूलतः मुंगेली जिले के देवरी के निवासी हैं। पुलिस ने आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश किया है। इस पूरे मामले में तीसरा आरोपी अश्वनी आहिरे अभी भी फरार है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। मंदिर से चोरी किए गए अन्य सामानों की बरामदगी और फरार आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस ने सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिया है। कबीरधाम पुलिस का दावा है कि जल्द ही पूरे मामले का अंतिम पटाक्षेप कर दिया जाएगा और सभी दोषियों को कानून के शिकंजे में लिया जाएगा।












