ICC T20 World Cup 2028 : आईसीसी मेन्स टी20 वर्ल्ड कप 2028 क्रिकेट प्रेमियों के लिए पहले से कहीं अधिक चुनौतीपूर्ण और रोमांचक होने वाला है। इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने टूर्नामेंट के प्रारूप में आमूलचूल बदलाव करते हुए सेमीफाइनल से पहले दो अतिरिक्त ‘एलिमिनेटर’ मुकाबले जोड़ने का निर्णय लिया है। इस बदलाव का सीधा असर यह होगा कि अंतिम चार (सेमीफाइनल) में जगह बनाना अब टीमों के लिए और भी कठिन होगा, जिससे टूर्नामेंट का हर मैच अपने आप में महत्वपूर्ण हो जाएगा। एडिनबर्ग में आयोजित वार्षिक बैठक के दौरान इन बदलावों की आधिकारिक घोषणा की गई। अक्टूबर-नवंबर 2028 में ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड की संयुक्त मेजबानी में खेले जाने वाले इस टूर्नामेंट में 20 टीमें हिस्सा लेंगी और कुल 55 मुकाबले आयोजित किए जाएंगे।

बदला हुआ ढांचा: पांच ग्रुप और नई चुनौतियां
टूर्नामेंट के स्ट्रक्चर में किया गया सबसे बड़ा बदलाव ग्रुप स्टेज में है। अब पहले दौर में 4 की बजाय 5 ग्रुप होंगे, जिनमें प्रत्येक ग्रुप में 4-4 टीमें प्रतिस्पर्धा करेंगी। हर ग्रुप से शीर्ष दो टीमें अगले दौर यानी ‘सुपर 10’ के लिए क्वालीफाई करेंगी। इस सुपर 10 स्टेज में 10 टीमों को 5-5 के दो ग्रुप में बांटा जाएगा। नॉकआउट स्टेज के लिए आईसीसी ने एक अभिनव रणनीति अपनाई है: सुपर 10 के दोनों ग्रुप्स की शीर्ष टीम सीधे सेमीफाइनल में प्रवेश करेगी। वहीं, ग्रुप में दूसरे और तीसरे स्थान पर रहने वाली टीमें ‘क्रॉसओवर एलिमिनेटर’ मुकाबले खेलेंगी। इन एलिमिनेटर मुकाबलों के विजेता ही अंतिम दो सेमीफाइनल स्पॉट पक्के करेंगे, जिससे टी20 वर्ल्ड कप के इतिहास में पहली बार सेमीफाइनल से पहले दो नॉकआउट मैच देखने को मिलेंगे।

आईसीसी का उद्देश्य: प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देना
आईसीसी ने स्पष्ट किया है कि यह महत्वपूर्ण निर्णय 2026 टी20 वर्ल्ड कप (भारत और श्रीलंका में आयोजित) में उभरती हुई टीमों के शानदार प्रदर्शन को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। बोर्ड का मानना है कि इस नए फॉर्मेट से एसोसिएट और उभरती टीमों को दूसरे दौर तक पहुंचने के अधिक अवसर मिलेंगे। इसके अलावा, ग्रुप स्टेज के अंतिम मैचों का महत्व भी बढ़ेगा और ‘डेड रबर’ (जिनका नतीजों पर असर न हो) मुकाबलों की संख्या में कमी आएगी। यह बदलाव टूर्नामेंट की गुणवत्ता को बेहतर बनाएगा और दर्शकों के लिए अनुभव को और अधिक रोमांचक कर देगा।
क्वालिफिकेशन की राह: 12 टीमें तैयार, 8 का इंतजार
अब तक टी20 वर्ल्ड कप 2028 के लिए 12 टीमों ने अपनी जगह पक्की कर ली है। मेजबान होने के नाते ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड को स्वतः प्रवेश मिला है। वहीं, इंग्लैंड, भारत, पाकिस्तान, साउथ अफ्रीका, श्रीलंका, वेस्टइंडीज और जिम्बाब्वे ने 2026 वर्ल्ड कप के प्रदर्शन के आधार पर जगह बनाई है। अफगानिस्तान, बांग्लादेश और आयरलैंड ने अपनी टी20आई रैंकिंग के दम पर क्वालिफाई किया है। शेष 8 टीमों का चयन 16 टीमों वाले ग्लोबल क्वालिफायर से होगा, जिसे नवंबर में अंतिम मंजूरी मिलना बाकी है। इस क्वालिफायर में कनाडा, इटली, नामीबिया, नेपाल, नीदरलैंड, ओमान, यूएई और अमेरिका जैसी टीमें शामिल हैं। आईसीसी ने यह भी साफ किया है कि स्कॉटलैंड को सीधे एंट्री नहीं मिलेगी और उन्हें पहले यूरोप रीजनल फाइनल से गुजरना होगा।
Read More : France Violence : फुटबॉल हार के बाद सड़कों पर बवाल, वायरल वीडियो का सच क्या है जानिए












