Kids Dry Fruits: ड्राई फ्रूट्स और नट्स को सेहत के लिए बेहद पौष्टिक माना जाता है। यही वजह है कि हेल्थ एक्सपर्ट्स बच्चों समेत हर उम्र के लोगों को इन्हें संतुलित मात्रा में डाइट में शामिल करने की सलाह देते हैं। काजू, बादाम, पिस्ता और अखरोट जैसे नट्स में प्रोटीन, विटामिन, मिनरल्स और एंटीऑक्सीडेंट जैसे कई पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो बच्चों की शारीरिक और मानसिक ग्रोथ में मदद कर सकते हैं।
बच्चों की ग्रोथ में मिल सकता है फायदा
नट्स हेल्दी फैट का भी अच्छा स्रोत माने जाते हैं। बढ़ती उम्र के बच्चों के लिए पर्याप्त पोषण बेहद जरूरी होता है, क्योंकि इसी दौरान शरीर और मस्तिष्क का विकास तेजी से होता है। डाइट में सही मात्रा में नट्स शामिल करने से बच्चों को जरूरी पोषक तत्व मिल सकते हैं। हालांकि, बच्चों को नट्स देते समय उनकी उम्र और खाने की क्षमता का ध्यान रखना जरूरी है।
बच्चों को किस उम्र से दें ड्राई फ्रूट्स
बच्चे को ठोस आहार शुरू कराने के बाद नट्स को डाइट में शामिल किया जा सकता है। आमतौर पर छह महीने यानी करीब 180 दिन पूरे होने के बाद बच्चों को कई तरह के खाद्य पदार्थ देना शुरू किया जाता है। हालांकि, बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. संदीप गुप्ता के अनुसार, छोटे बच्चों को नट्स देने की शुरुआत करीब 7 से 8 महीने की उम्र के बाद करना बेहतर हो सकता है।
शुरुआत में एक ही नट्स दें
बच्चे को पहली बार नट्स देते समय सभी प्रकार के नट्स एक साथ शुरू नहीं करने चाहिए। अगर आप बच्चे को बादाम देना चाहते हैं तो सबसे पहले इसे बारीक पीसकर या पाउडर बनाकर थोड़ी मात्रा में दें। इसके बाद बच्चे पर नजर रखें और देखें कि कहीं त्वचा पर लाल चकत्ते, रैशेज या एलर्जी जैसी कोई समस्या तो नहीं हो रही है। किसी तरह की परेशानी नहीं होने पर कुछ दिनों बाद दूसरे नट्स को डाइट में शामिल किया जा सकता है।
पांच साल से छोटे बच्चों को साबुत नट्स न दें
छोटे बच्चों को साबुत काजू, बादाम, पिस्ता या अखरोट खिलाना जोखिम भरा हो सकता है। पांच साल से कम उम्र के बच्चों को नट्स पेस्ट या बारीक पाउडर के रूप में देना ज्यादा सुरक्षित माना जाता है। साबुत या बड़े टुकड़ों में दिए गए नट्स बच्चे के गले में फंस सकते हैं और सांस की नली में जाने का खतरा पैदा कर सकते हैं। इसलिए नट्स की बनावट और आकार का विशेष ध्यान रखें।
घर पर ऐसे तैयार करें नट्स पाउडर
बच्चों के लिए नट्स पाउडर तैयार करने के लिए सबसे पहले एक साफ पैन को हल्का गर्म करें। इसमें काजू, बादाम, पिस्ता और अखरोट डालकर धीमी आंच पर हल्का रोस्ट करें। नट्स को बहुत ज्यादा भूनने से बचें। इसके बाद इन्हें प्लेट में निकालकर पूरी तरह ठंडा करें और फिर मिक्सर में बारीक पीसकर पाउडर तैयार कर लें।
दूध और हलवे में मिला सकते हैं नट्स पाउडर
तैयार नट्स पाउडर को बच्चे की डाइट में आसानी से शामिल किया जा सकता है। इसे बच्चे के दूध या उम्र के अनुसार तैयार किए गए भोजन में मिलाकर दिया जा सकता है। इसके अलावा हलवे जैसी नरम चीजों में भी थोड़ी मात्रा में नट्स पाउडर मिलाया जा सकता है। पहली बार देते समय कम मात्रा से शुरुआत करना बेहतर रहता है।
एलर्जी के लक्षणों पर रखें नजर
नट्स पौष्टिक होने के बावजूद कुछ बच्चों में एलर्जी की समस्या पैदा कर सकते हैं। इसलिए पहली बार किसी नट्स को बच्चे की डाइट में शामिल करते समय विशेष सावधानी बरतें। रैशेज, सूजन, उल्टी, सांस लेने में परेशानी या अन्य असामान्य लक्षण दिखाई देने पर तुरंत चिकित्सकीय सलाह लेना जरूरी है। बच्चों की उम्र, स्वास्थ्य और खाने की क्षमता के अनुसार ही उनकी डाइट तय करनी चाहिए।
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