MP Board Toppers Scooty: मध्यप्रदेश में सरकारी स्कूलों के मेधावी विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने के लिए मुख्यमंत्री स्कूटी योजना के तहत बड़ा कार्यक्रम आयोजित होने जा रहा है। मुख्यमंत्री मोहन यादव 16 सितंबर 2026 को प्रदेश के 7,500 से अधिक प्रतिभावान छात्रों को ई-स्कूटी या मोटराइज्ड वाहन का लाभ देंगे। सरकार का उद्देश्य विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करने के साथ उनके आवागमन की समस्या को कम करना है। योजना के लिए करीब 200 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत होने की जानकारी है।
मेधावी छात्रों को स्कूटी खरीदने के लिए मिलेगी सहायता
मुख्यमंत्री स्कूटी योजना के अंतर्गत पात्र विद्यार्थियों को स्कूटी खरीदने के लिए आर्थिक मदद दी जाएगी। सामने आई जानकारी के अनुसार छात्रों को लगभग 1 लाख से 1.25 लाख रुपये तक की सहायता मिल सकती है। इस योजना का विशेष फोकस सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले उन विद्यार्थियों पर है, जिन्होंने बोर्ड परीक्षा में शानदार प्रदर्शन किया है। इससे उन्हें आगे की पढ़ाई के दौरान आने-जाने में सुविधा मिलने की उम्मीद है।
12वीं के टॉपर्स को योजना में मिलेगा लाभ
योजना का लाभ मुख्य रूप से मध्यप्रदेश के सरकारी स्कूलों से 12वीं बोर्ड परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को दिया जाना है। सरकार का मानना है कि ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों में रहने वाले छात्रों के लिए कॉलेज या उच्च शिक्षण संस्थान तक रोजाना पहुंचना चुनौतीपूर्ण होता है। स्कूटी मिलने से ऐसे विद्यार्थियों को अपने गांव या घर से कॉलेज तक आने-जाने में आसानी होगी और उच्च शिक्षा जारी रखने में मदद मिलेगी।
पात्रता के लिए अब 70 प्रतिशत अंक जरूरी
मुख्यमंत्री स्कूटी योजना में पात्रता से जुड़ा एक महत्वपूर्ण बदलाव भी सामने आया है। पहले विद्यार्थियों के लिए न्यूनतम 60 प्रतिशत अंक हासिल करने का प्रावधान बताया गया था। अब इसे बढ़ाकर 70 प्रतिशत किए जाने की जानकारी है। हालांकि, अंतिम पात्रता मानदंड, चयन प्रक्रिया और जरूरी दस्तावेजों से संबंधित नियम विभागीय आधिकारिक आदेश के आधार पर ही मान्य होंगे। छात्रों को अपने स्कूल से पात्रता की पुष्टि करनी चाहिए।
स्कूटी के लिए राशि मिलने से पहले न करें खरीदारी
योजना के तहत पात्र छात्रों को स्कूटी उपलब्ध कराने के लिए सरकार आर्थिक सहायता प्रदान करेगी। राशि जारी करने और वाहन खरीदने की प्रक्रिया विभागीय निर्देशों के अनुसार होगी। विद्यार्थियों को सलाह दी गई है कि वे सरकारी सहायता खाते में आने या विभाग से अनुमति मिलने से पहले अपने स्तर पर स्कूटी खरीदने में जल्दबाजी न करें। पहले भुगतान, दस्तावेज और खरीद प्रक्रिया से जुड़े आधिकारिक निर्देशों की जानकारी लेना जरूरी होगा।
छात्रों को मिलेंगे कई महत्वपूर्ण फायदे
मुख्यमंत्री स्कूटी योजना से विद्यार्थियों को शिक्षा के क्षेत्र में कई फायदे मिलने की उम्मीद है। ग्रामीण क्षेत्रों के छात्रों के लिए कॉलेज तक पहुंचना आसान होगा। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों पर वाहन खरीदने का अतिरिक्त बोझ कम हो सकता है। साथ ही मेधावी विद्यार्थियों का मनोबल बढ़ेगा। सरकार को उम्मीद है कि परिवहन की सुविधा मिलने से छात्र उच्च शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए भी अधिक समय दे पाएंगे।
कार्यक्रम में 7,500 से ज्यादा छात्र होंगे शामिल
जानकारी के मुताबिक 16 सितंबर को होने वाले कार्यक्रम में प्रदेश के 7,500 से अधिक मेधावी विद्यार्थियों को योजना का लाभ देने की तैयारी है। मुख्यमंत्री मोहन यादव कार्यक्रम के दौरान चयनित छात्रों को स्कूटी या मोटराइज्ड वाहन के लिए सहायता प्रदान कर सकते हैं। कार्यक्रम स्थल, चयनित विद्यार्थियों की सूची और वितरण प्रक्रिया को लेकर शिक्षा विभाग की ओर से अलग-अलग निर्देश जारी किए जा सकते हैं।
विद्यार्थियों को दस्तावेजों की जांच करनी होगी
योजना का लाभ लेने वाले छात्रों को अपनी बोर्ड परीक्षा की अंकसूची, आधार कार्ड और बैंक खाते से संबंधित जानकारी तैयार रखनी चाहिए। बैंक खाता आधार से लिंक है या नहीं, इसकी भी जांच करना जरूरी है। स्कूल अथवा शिक्षा विभाग द्वारा मांगे जाने वाले दस्तावेज समय पर जमा करने होंगे। चयन सूची में नाम आने के बाद ही आगे की प्रक्रिया पूरी करने की सलाह दी गई है।
सरकारी स्कूलों के छात्रों को मिलेगा प्रोत्साहन
मध्यप्रदेश सरकार मुख्यमंत्री स्कूटी योजना को सरकारी स्कूलों के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने की पहल के रूप में देख रही है। योजना का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आर्थिक स्थिति या परिवहन की कमी के कारण किसी मेधावी छात्र की आगे की पढ़ाई प्रभावित न हो। 16 सितंबर का प्रस्तावित कार्यक्रम इसी लक्ष्य की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। इससे हजारों विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए सुविधा और नया प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है।
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