Asian Games 2026 : एशियन गेम्स 2026 में भारत के पहलवान सुजीत कलकल ने पुरुषों के 65 किलोग्राम भार वर्ग में शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया। फाइनल मुकाबले में उनका सामना ताजिकिस्तान के अब्दुलमजीद कुदिएव से हुआ। मुकाबले में एक समय सुजीत 2-9 से काफी पीछे थे, लेकिन उन्होंने आखिरी 11 सेकेंड में जबरदस्त वापसी करते हुए स्कोर 10-9 कर दिया और गोल्ड मेडल जीत लिया।
शुरुआती दौर में कुदिएव ने बनाई मजबूत बढ़त
फाइनल की शुरुआत भारतीय पहलवान के लिए चुनौतीपूर्ण रही। कुदिएव ने शुरुआत से ही आक्रामक रणनीति अपनाई और सुजीत को मैट से बाहर धकेलते हुए शुरुआती अंक हासिल किए। इसके बाद उन्होंने लगातार दो और अंक जुटाए और स्कोर 4-0 कर दिया। सुजीत ने वापसी की कोशिश की, लेकिन ताजिक पहलवान लगातार आक्रमण करते रहे।
पहले पीरियड में सुजीत पर दबाव
पहले पीरियड में मुकाबला आगे बढ़ने के साथ कुदिएव ने अपनी बढ़त बरकरार रखी। पीरियड खत्म होने में करीब एक मिनट बाकी था, तब तक वह सुजीत के खिलाफ 5-2 की बढ़त बना चुके थे। इसके बाद कुदिएव ने एक और शानदार दांव लगाते हुए सुजीत को मैट पर गिराया और फ्लिप के जरिए चार अंक हासिल कर लिए। इससे उनका स्कोर 9-2 हो गया।
दूसरे पीरियड में भारतीय पहलवान ने बदला रुख
दूसरे पीरियड में सुजीत ने मुकाबले में वापसी शुरू की। करीब 1 मिनट 20 सेकेंड के बाद उन्होंने कुदिएव की बढ़त को कम करते हुए स्कोर 4-9 कर दिया। इसके बाद एक और टेकडाउन से सुजीत ने दो अंक हासिल किए और स्कोर 6-9 तक पहुंचा दिया। भारतीय पहलवान अब लगातार दबाव बना रहे थे और उन्होंने एक और सफल दांव लगाकर अंतर सिर्फ एक अंक का कर दिया।
आखिरी सेकेंड में आया मुकाबले का सबसे बड़ा मोड़
मुकाबले में जब केवल 11 सेकेंड बाकी थे, तब सुजीत ने निर्णायक दांव लगाया। इस प्रयास में उन्हें जरूरी अंक मिले और उनका स्कोर 10 हो गया, जबकि कुदिएव 9 अंक पर ही रह गए। इस तरह सुजीत ने 10-9 से फाइनल जीतकर एशियन गेम्स में 65 किलोग्राम वर्ग का स्वर्ण पदक हासिल किया।
सेमीफाइनल में ओलंपिक चैंपियन को हराया
फाइनल से पहले सुजीत ने सेमीफाइनल में जापान के ओलंपिक चैंपियन कोटारो कियोका को हराकर बड़ा उलटफेर किया था। मुकाबले के पहले पीरियड के अंत में सुजीत 0-2 से पीछे थे। हालांकि दूसरे पीरियड में उन्होंने तीन अंक हासिल किए, जबकि कियोका को एक अंक मिला। मुकाबला 3-3 से बराबर रहने के बाद सुजीत को अधिक अंक वाला दांव लगाने के आधार पर विजेता घोषित किया गया।
क्वार्टर फाइनल में तकनीकी श्रेष्ठता से जीत
क्वार्टर फाइनल में सुजीत का सामना ईरान के अब्बास इब्राहिमजादेहसवादकुही से हुआ। भारतीय पहलवान ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया और शुरुआती 20 सेकेंड में शोल्डर थ्रो लगाया। इसके बाद उन्होंने लगातार अंक जुटाते हुए पहले पीरियड के अंत तक 8-0 की बढ़त बना ली। दूसरे पीरियड में एक और टेकडाउन के साथ सुजीत ने 10-0 से तकनीकी श्रेष्ठता के आधार पर मुकाबला जीत लिया।
प्री-क्वार्टर फाइनल में भी दमदार प्रदर्शन
सुजीत ने इससे पहले अफगानिस्तान के सैयद उमर जज़ई को 13-3 से हराया था। मुकाबले की शुरुआत में अफगान पहलवान ने 3-0 की बढ़त बनाई, लेकिन सुजीत ने पुश-आउट और शोल्डर थ्रो के जरिए वापसी की। इसके बाद उन्होंने थ्रो और रोल से अतिरिक्त अंक जुटाए और मुकाबला अपने नाम कर लिया।
भारत की पदक तालिका में बढ़ा योगदान
खबर लिखे जाने तक एशियन गेम्स 2026 में भारत के खाते में कुल 75 पदक दर्ज थे। इनमें 15 स्वर्ण, 25 रजत और 35 कांस्य पदक शामिल थे। भारत पदक तालिका में पांचवें स्थान पर था। सुजीत कलकल का स्वर्ण भारतीय दल के लिए कुश्ती में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में सामने आया।
Read More : Jharkhand Teacher Vacancy : झारखंड में शिक्षक बनने का मौका, 7299 पदों पर भर्ती, जानें आवेदन की पूरी प्रक्रिया