Ilhan Omar News : अमेरिका में डेमोक्रेटिक सांसद इल्हान उमर से जुड़े मामले ने सोमवार को राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, संघीय अधिकारियों ने वाशिंगटन डीसी में उनके घर पर सुबह-सुबह छापेमारी की। यह कार्रवाई ऐसे समय हुई है, जब अमेरिका में मध्यावधि चुनाव नजदीक हैं और रिपब्लिकन तथा डेमोक्रेटिक पार्टियों के बीच राजनीतिक टकराव तेज है। हालांकि, अधिकारियों ने जांच से जुड़े सभी विवरण सार्वजनिक नहीं किए हैं।
इल्हान उमर ने ट्रंप प्रशासन पर साधा निशाना
मिनेसोटा का प्रतिनिधित्व करने वाली इल्हान उमर ने सोशल मीडिया पर इस कार्रवाई की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकारी तंत्र का इस्तेमाल राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के राजनीतिक विरोधियों को निशाना बनाने के लिए किया जा रहा है। उमर के मुताबिक, ट्रंप करीब दस वर्षों से उन्हें कथित झूठे आरोपों और बदनाम करने वाले अभियानों का निशाना बनाते रहे हैं। उन्होंने इस कार्रवाई को राजनीतिक डराने-धमकाने की एक और कोशिश बताया और कहा कि वह दबाव में चुप नहीं रहेंगी। अन्य डेमोक्रेटिक नेताओं ने भी प्रशासन पर सत्ता के दुरुपयोग के आरोप लगाए।
जांच में गृह सुरक्षा विभाग की भूमिका
सीमा मामलों के प्रभारी टॉम होमन ने फॉक्स बिजनेस से बातचीत में बताया कि मामले की जांच न्याय विभाग के नेतृत्व में चल रही है और गृह सुरक्षा विभाग इसमें सहयोग कर रहा है। उन्होंने जारी आपराधिक जांच के विशिष्ट विवरणों पर टिप्पणी करने से इनकार किया। इससे पहले गृह सुरक्षा मंत्री मार्कवेन मुलिन ने एक पॉडकास्ट में संकेत दिया था कि उमर के परिवार के अमेरिका में प्रवेश से जुड़े मामले में आगे कार्रवाई हो सकती है। उन्होंने कहा था कि नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होने पर निर्वासन जैसी कार्रवाई संभव है।
मध्यावधि चुनाव से पहले कार्रवाई पर सवाल
यह छापेमारी 3 नवंबर को होने वाले अमेरिकी मध्यावधि चुनाव से कुछ सप्ताह पहले हुई है। इन चुनावों में राष्ट्रपति ट्रंप की रिपब्लिकन पार्टी कांग्रेस में अपना नियंत्रण बनाए रखने की कोशिश कर रही है। 44 वर्षीय उमर प्रगतिशील डेमोक्रेटिक खेमे की प्रमुख नेताओं में गिनी जाती हैं और प्रतिनिधि सभा में पांचवें दो-वर्षीय कार्यकाल के लिए चुनाव लड़ रही हैं। उनकी सीट डेमोक्रेटिक पार्टी का मजबूत क्षेत्र मानी जाती है। 2024 के चुनाव में उन्होंने अपने प्रतिद्वंद्वी पर लगभग 50 प्रतिशत अंकों के अंतर से जीत दर्ज की थी।
ट्रंप बोले, छापेमारी में उनकी कोई भूमिका नहीं
इल्हान उमर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मुखर आलोचक रही हैं। ट्रंप भी कई बार सार्वजनिक रूप से उन पर व्यक्तिगत हमले कर चुके हैं। ताजा कार्रवाई के बारे में पूछे जाने पर ट्रंप ने कहा कि वह उमर को व्यक्तिगत रूप से भ्रष्ट मानते हैं, लेकिन इस छापेमारी से उनका कोई लेना-देना नहीं है और इसमें उनकी कोई भूमिका नहीं है। उनके बयान के बाद राजनीतिक बहस और तेज हो गई है।
न्याय विभाग ने सर्च वारंट की पुष्टि की
अमेरिकी न्याय विभाग के प्रवक्ता के अनुसार, होमलैंड सिक्योरिटी इन्वेस्टिगेशंस (HSI) ने अदालत से स्वीकृत सर्च वारंट के आधार पर कार्रवाई की। यह वारंट न्याय विभाग ने प्राप्त किया था और छापेमारी एक जारी संघीय जांच का हिस्सा है। HSI, अमेरिकी आव्रजन एवं सीमा शुल्क प्रवर्तन एजेंसी ICE की जांच इकाई है। विभाग ने मामले की प्रकृति और जांच के अन्य विवरणों पर सार्वजनिक टिप्पणी नहीं की।
कथित आव्रजन धोखाधड़ी की जांच
जांच से परिचित एक व्यक्ति के अनुसार, मामला कथित आव्रजन धोखाधड़ी से जुड़ा हो सकता है। जांच का एक पहलू सोमालिया में जन्मी उमर के आव्रजन दस्तावेजों से संबंधित बताया गया है, जिन्हें उनके दिवंगत पिता ने बचपन में भरा था। फिलहाल ये आरोप जांच के स्तर पर हैं और अदालत में साबित नहीं हुए हैं। इसलिए जांच के निष्कर्ष सामने आने तक किसी भी आरोप को स्थापित तथ्य मानना उचित नहीं होगा।
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