CG Politics: भूपेश बघेल के साथ मीटर रीडरों का प्रदर्शन, स्मार्ट मीटर नीति पर सरकार घिरी

CG Politics:  विद्युत मीटर रीडर श्रमिक संघ, छत्तीसगढ़ के बैनर तले रायपुर के डंगनिया स्थित कलार समाज भवन में हजारों मीटर रीडर श्रमिकों की विशाल बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में प्रदेशभर से आए श्रमिकों ने स्मार्ट मीटर योजना, रोजगार सुरक्षा और बढ़ते बिजली बिलों से जुड़े मुद्दों पर अपनी चिंता व्यक्त की। कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री और अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के राष्ट्रीय महासचिव भूपेश बघेल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने श्रमिकों की समस्याएं सुनीं और उनके मुद्दों को सरकार के सामने मजबूती से उठाने का भरोसा दिलाया।

ads

श्रमिकों ने रोजगार संकट पर जताई चिंता

बैठक के दौरान विद्युत मीटर रीडर श्रमिक संघ के प्रतिनिधियों ने विस्तार से अपनी समस्याएं रखीं। उनका कहना था कि प्रदेश में स्मार्ट मीटर व्यवस्था लागू होने के बाद हजारों मीटर रीडरों का भविष्य असुरक्षित हो गया है। श्रमिकों के अनुसार यदि प्रीपेड स्मार्ट मीटर प्रणाली पूरी तरह लागू हो जाती है तो लगभग 5,000 मीटर रीडर और उनके परिवारों की आजीविका पर सीधा असर पड़ेगा। उन्होंने सरकार से मांग की कि किसी भी नई तकनीक को लागू करने से पहले प्रभावित कर्मचारियों के लिए वैकल्पिक रोजगार और पुनर्वास की स्पष्ट नीति बनाई जाए।

Adst

भूपेश बघेल ने श्रमिकों की मांगों का किया समर्थन

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने श्रमिकों की बात सुनने के बाद कहा कि रोजगार से जुड़े मुद्दों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि किसी भी नई व्यवस्था को लागू करने से पहले सरकार की जिम्मेदारी है कि प्रभावित कर्मचारियों के हितों की रक्षा सुनिश्चित करे। उन्होंने भरोसा दिलाया कि कांग्रेस पार्टी श्रमिकों की आवाज को हर स्तर पर उठाएगी और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखेगी।

डंगनिया बिजली कार्यालय का किया गया घेराव

बैठक समाप्त होने के बाद मीटर रीडर श्रमिकों ने कांग्रेस नेताओं के साथ डंगनिया स्थित बिजली कार्यालय का घेराव किया। इस प्रदर्शन का नेतृत्व संघ के संरक्षक सुशील सन्नी अग्रवाल ने किया। उनके साथ पूर्व विधायक विकास उपाध्याय, कांग्रेस पदाधिकारी और बड़ी संख्या में श्रमिक मौजूद रहे। प्रदर्शन के दौरान अधिकारियों को ज्ञापन सौंपते हुए मांग की गई कि स्मार्ट मीटर योजना और रोजगार सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर जल्द निर्णय लिया जाए। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि समय रहते उनकी मांगों पर विचार नहीं किया गया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।

स्मार्ट मीटर और बढ़ते बिजली बिलों पर उठाए सवाल

प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि प्रदेश में लगाए जा रहे स्मार्ट मीटरों को लेकर आम लोगों में असंतोष लगातार बढ़ रहा है। उनका दावा था कि जिन उपभोक्ताओं का पहले बिजली बिल ₹300 से ₹400 तक आता था, अब कई मामलों में बिल ₹5,000 से ₹10,000 तक पहुंचने की शिकायतें सामने आ रही हैं। नेताओं ने सरकार से पूछा कि स्मार्ट मीटर योजना का वास्तविक उद्देश्य क्या है और इससे आम उपभोक्ताओं को क्या लाभ मिलेगा। उन्होंने योजना के क्रियान्वयन में पारदर्शिता की भी मांग की।

सरकार की नीतियों पर कांग्रेस का हमला

कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार जनता और श्रमिकों की समस्याओं को गंभीरता से नहीं ले रही है। उनका कहना था कि स्मार्ट मीटर योजना और रोजगार सुरक्षा जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर सरकार की ओर से कोई ठोस पहल दिखाई नहीं दे रही। कांग्रेस का दावा है कि हजारों परिवार अपने भविष्य को लेकर चिंतित हैं, लेकिन सरकार उनकी आशंकाओं का समाधान करने के बजाय नई योजनाओं को लागू करने में जुटी हुई है। नेताओं ने कहा कि रोजगार सुरक्षा सुनिश्चित किए बिना किसी भी नई व्यवस्था को लागू करना उचित नहीं होगा।

श्रमिक संघ की प्रमुख मांगें

विद्युत मीटर रीडर श्रमिक संघ ने सरकार के सामने तीन प्रमुख मांगें रखीं। पहली, प्रीपेड स्मार्ट मीटर व्यवस्था को तब तक लागू नहीं किया जाए जब तक सभी मीटर रीडरों के लिए वैकल्पिक रोजगार और समायोजन की स्पष्ट नीति तैयार न हो जाए। दूसरी, प्रभावित कर्मचारियों के पुनर्वास और रोजगार संरक्षण की ठोस व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। तीसरी, प्रदेश के लगभग 5,000 मीटर रीडरों के प्रतिनिधिमंडल के साथ जल्द बैठक कर उनकी समस्याओं का स्थायी समाधान निकाला जाए।

कांग्रेस ने संघर्ष जारी रखने का दिया भरोसा

कार्यक्रम के अंत में कांग्रेस नेताओं ने कहा कि पार्टी पहले भी श्रमिकों के साथ थी और आगे भी उनके अधिकारों तथा रोजगार की रक्षा के लिए संघर्ष करती रहेगी। उन्होंने कहा कि श्रमिकों की जायज मांगों को पूरा कराने के लिए लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन जारी रहेगा। इस अवसर पर पूर्व विधायक विकास उपाध्याय, पूर्व महापौर प्रमोद दुबे, मीटर रीडर संघ के अध्यक्ष संतोष यादव, उपाध्यक्ष अशोक कुमार साहू, संरक्षक सुशील सन्नी अग्रवाल सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और विद्युत मीटर रीडर श्रमिक उपस्थित रहे। प्रदर्शन और ज्ञापन के माध्यम से श्रमिकों ने स्पष्ट संदेश दिया कि रोजगार सुरक्षा और पुनर्वास के मुद्दे पर किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।

Read more : Tejashwi Yadav Attack: सम्राट चौधरी पर तेजस्वी का बड़ा हमला, बिहार में आंदोलन की चेतावनी

Adst
Chandan Das

Chandan Das

Writer & Blogger

All Posts
Previous Post
Next Post

ताज़ा खबरे

  • All Posts
  • FIFA World Cup 2026
  • Thetarget365
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अन्य
  • अपराध
  • कारोबार
  • कृषि
  • खेल
  • छत्तीसगढ़
  • टेक
  • ट्रेंड
  • ताज़ा खबर
  • धर्म
  • पशु-पक्षी
  • मनोरंजन
  • मौसम
  • राजनीति
  • राष्ट्रीय
  • विचार/लेख
  • शिक्षा और नौकरी
  • साहित्य/मीडिया
  • सेहत-फिटनेस

© 2026 | All Rights Reserved | Thetarget365.com | Made By Top News Portal Development Company

Contacts

Call Us At – +91-:9406130006
WhatsApp – +91 62665 68872
Mail Us At – thetargetweb@gmail.com
Meet Us At – Shitla Ward, Ambikapur Dist. Surguja Chhattisgarh.497001.