Cyclone Murasu : बंगाल की खाड़ी में उठे चक्रवाती तूफान मुरासु का असर भारत के पूर्वी तटीय राज्यों में दिखाई देने लगा है। आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु और ओडिशा में तेज बारिश और हवाओं की आशंका के बीच प्रशासन ने राहत एवं बचाव की तैयारियां तेज कर दी हैं। आंध्र प्रदेश के तीन हवाई अड्डों से संचालित कम से कम 19 घरेलू उड़ानें रद्द कर दी गई हैं। संवेदनशील इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की तैयारी भी की जा रही है।
आधी रात के आसपास आंध्र तट से टकराने की आशंका
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, चक्रवात मुरासु पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी के ऊपर सक्रिय था। यह नेल्लोर से लगभग 160 किलोमीटर पूर्व-दक्षिण-पूर्व में स्थित था और करीब 22 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा था।

मौसम विभाग ने इसके सोमवार देर रात से मंगलवार तड़के के बीच ओंगोल और नेल्लोर के आसपास दक्षिण आंध्र प्रदेश के तट को पार करने की आशंका जताई थी। इस दौरान हवा की गति 100 से 110 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है, जबकि तेज झोंके 120 किलोमीटर प्रति घंटे तक चलने का अनुमान है।

आंध्र प्रदेश में 19 उड़ानें रद्द
खराब मौसम के कारण विजयवाड़ा, विशाखापत्तनम और तिरुपति हवाई अड्डों से संचालित कम से कम 19 घरेलू उड़ानें रद्द की गईं। विजयवाड़ा में इंडिगो की 10 और एयर इंडिया एक्सप्रेस की दो उड़ानें प्रभावित हुईं। विशाखापत्तनम में चार और तिरुपति में तीन उड़ानें रद्द रहीं। चेन्नई हवाई अड्डे पर भी कुछ उड़ानें रद्द की गईं। यात्रियों को एयरलाइन से उड़ान की ताजा स्थिति जांचने की सलाह दी गई है।
चेन्नई में बारिश से जलभराव, स्कूल बंद
चक्रवात का प्रभाव तमिलनाडु के उत्तरी हिस्सों में भी देखने को मिला। चेन्नई, चेंगलपट्टू और तिरुवल्लूर में भारी बारिश के कारण कई इलाकों में जलभराव हुआ। मौसम विभाग की चेतावनी के बाद चेन्नई में सोमवार को स्कूलों की छुट्टी घोषित की गई। कांचीपुरम, रानीपेट, वेल्लोर और नीलगिरि में भी भारी बारिश की आशंका जताई गई।

आंध्र की मदद के लिए तमिलनाडु-कर्नाटक आगे आए
तूफान से संभावित नुकसान को देखते हुए तमिलनाडु ने एनडीआरएफ की तीन टीमें भेजीं, जिनमें 90 कर्मी शामिल हैं। इसके अलावा बिजली विभाग के 25 दलों के करीब 500 कर्मचारी उपकरणों के साथ आंध्र प्रदेश पहुंचे। कर्नाटक ने भी बिजली व्यवस्था बहाल करने के लिए 500 प्रशिक्षित कर्मचारियों की तैनाती की घोषणा की।
बिजली आपूर्ति बहाली के लिए हाई अलर्ट
आंध्र प्रदेश के ऊर्जा विभाग ने बिजली वितरण कंपनियों को अलर्ट पर रखा है। अधिकारियों को खंभे, तार, ट्रांसफॉर्मर और मरम्मत उपकरण तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं। ऊर्जा मंत्री जी. रवि कुमार ने प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा परिस्थितियों को देखते हुए 48 घंटे के भीतर बिजली आपूर्ति बहाल करने का लक्ष्य दिया। मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने भी अधिकारियों को सतर्क रहने को कहा।
ओडिशा के पांच जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
मुरासु के प्रभाव से ओडिशा के गंजाम, गजपति, रायगड़ा, कोरापुट और मलकानगिरी में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया। पुरी, खुर्दा और नयागढ़ में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चलने की आशंका है। मछुआरों को 4 नवंबर की दोपहर तक समुद्र में नहीं जाने की सलाह दी गई। कुछ दक्षिणी जिलों में स्कूल-कॉलेज भी बंद रखे गए।
300 से अधिक बचाव दल तैयार, आठ ट्रेनें रद्द
ओडिशा में एनडीआरएफ, ओडीआरएएफ और अग्निशमन सेवा के 300 से अधिक बचाव दल तैयार रखे गए हैं। चक्रवात अर्नब और बाढ़ से पहले ही करीब 1.18 लाख लोग प्रभावित हुए थे। अब नए तूफान के खतरे के बीच प्रशासन ने संवेदनशील क्षेत्रों में सतर्कता बढ़ा दी है। दूसरी ओर, चक्रधरपुर मंडल में सुरक्षा आधुनिकीकरण कार्यों के चलते 3 और 4 नवंबर को आठ ट्रेनें रद्द रहेंगी। यात्रियों को रवाना होने से पहले ट्रेन का स्टेटस जांचने की सलाह दी गई है।


