India on Pakistan Airstrike : अफगानिस्तान के कुनार और पक्तिका प्रांतों में पाकिस्तान की ओर से किए गए हवाई हमलों पर भारत ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि किसी संप्रभु पड़ोसी देश के खिलाफ इस तरह की आक्रामक कार्रवाई क्षेत्रीय शांति और सुरक्षा को प्रभावित करती है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने 22 सितंबर को मीडिया ब्रीफिंग में भारत का पक्ष रखा।
कुनार और पक्तिका में हवाई हमलों का मामला
रिपोर्टों के अनुसार, पाकिस्तानी विमानों ने अफगानिस्तान के पूर्वी हिस्से में स्थित कुनार और पक्तिका प्रांतों में हवाई कार्रवाई की। अफगान अधिकारियों ने इन हमलों में नागरिकों के मारे जाने और घायल होने की जानकारी दी है। संयुक्त राष्ट्र सहायता मिशन अफगानिस्तान यानी UNAMA ने भी कुनार में तीन नागरिकों की मौत और चार लोगों के घायल होने की पुष्टि की है।
पाकिस्तान ने 28 आतंकियों के मारे जाने का दावा किया
पाकिस्तान ने अपने हवाई हमलों को आतंकवादी ठिकानों के खिलाफ कार्रवाई बताया है। पाकिस्तानी अधिकारियों के मुताबिक, सीमा से लगे अफगान इलाकों में आतंकियों के शिविरों और ठिकानों को निशाना बनाया गया। पाकिस्तान ने दावा किया कि अभियान में 28 आतंकवादी और कई आत्मघाती हमलावर मारे गए। हालांकि, पाकिस्तान और अफगान अधिकारियों के बयानों में हमलों के लक्ष्यों और हताहतों को लेकर अंतर है।
अफगानिस्तान ने नागरिकों की मौत की बात कही
अफगान तालिबान सरकार ने पाकिस्तानी कार्रवाई की निंदा करते हुए इसे देश की संप्रभुता का उल्लंघन बताया। अफगान अधिकारियों के अनुसार, कुनार में एक महिला और दो अन्य नागरिकों की मौत हुई, जबकि चार लोग घायल हुए। पक्तिका में एक घर और दुकान को नुकसान पहुंचने की जानकारी भी सामने आई है। UNAMA ने भी कुनार में तीन नागरिकों की मौत की पुष्टि की है।
भारत ने क्षेत्रीय शांति और सुरक्षा का मुद्दा उठाया
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत ऐसे हमलों की निंदा करता है। उन्होंने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना जताई और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की। भारत ने इस दौरान अफगानिस्तान की संप्रभुता, स्वतंत्रता और क्षेत्रीय अखंडता के समर्थन की अपनी स्थिति भी दोहराई।
पाकिस्तान-अफगानिस्तान के बीच बढ़ा तनाव
पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच सीमा पार आतंकवाद को लेकर लंबे समय से तनाव बना हुआ है। पाकिस्तान का आरोप है कि तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) और अन्य सशस्त्र समूह अफगानिस्तान की जमीन से पाकिस्तान में हमलों की योजना बनाते हैं। तालिबान सरकार इन आरोपों को खारिज करती रही है। दोनों देशों के बीच इसी विवाद के चलते सीमा पर सैन्य तनाव भी बढ़ता रहा है।
हालिया आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान की कार्रवाई
पाकिस्तान की यह सैन्य कार्रवाई देश के भीतर हुए हालिया घातक हमले के बाद सामने आई है। कोहाट में पुलिस परिसर को निशाना बनाकर किए गए हमले में कई लोगों की मौत हुई थी। पाकिस्तान ने ऐसे हमलों के लिए अफगानिस्तान में मौजूद आतंकवादी समूहों को जिम्मेदार ठहराया है। इसके बाद इस्लामाबाद ने सीमा पार मौजूद कथित आतंकी ठिकानों पर कार्रवाई की बात कही थी।
तालिबान ने जवाब देने की चेतावनी दी
पाकिस्तानी हमलों के बाद तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने कार्रवाई की निंदा करते हुए इसे आक्रामकता बताया। तालिबान अधिकारियों ने संकेत दिया कि अफगानिस्तान ऐसे हमलों पर प्रतिक्रिया देने के अपने अधिकार को सुरक्षित रखता है। अफगान विदेश मंत्रालय ने विरोध दर्ज कराने के लिए पाकिस्तान के प्रभारी राजनयिक को भी तलब किया।
UNAMA ने नागरिकों की सुरक्षा पर जताई चिंता
संयुक्त राष्ट्र मिशन ने सीमा पार हिंसा में नागरिकों की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है। UNAMA ने अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून के तहत सावधानी, नागरिकों और सैन्य लक्ष्यों के बीच अंतर तथा आनुपातिकता के सिद्धांतों का पालन करने की अपील की है। मिशन के अनुसार, 2026 में सीमा पार सशस्त्र हिंसा के कारण अफगानिस्तान में 1,100 से अधिक नागरिकों के मारे जाने या घायल होने के मामले दर्ज किए गए हैं।
भारत की प्रतिक्रिया के बाद क्षेत्रीय चिंता बढ़ी
भारत की प्रतिक्रिया ऐसे समय आई है जब पाकिस्तान और अफगानिस्तान के संबंधों में तनाव लगातार बढ़ रहा है। एक ओर पाकिस्तान सीमा पार आतंकवाद को रोकने के लिए सैन्य कार्रवाई को जरूरी बता रहा है, वहीं अफगान तालिबान इसे अपनी संप्रभुता के खिलाफ कार्रवाई मानता है। कुनार और पक्तिका में ताजा हवाई हमलों तथा नागरिकों के हताहत होने की संयुक्त राष्ट्र पुष्टि के बाद क्षेत्रीय शांति और सुरक्षा को लेकर चिंता और बढ़ गई है।
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