TMC BJP Clash : पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में तृणमूल कांग्रेस (TMC) और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के बीच एक बार फिर तनाव बढ़ गया है। टीएमसी के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी के जन्मदिन के मौके पर कालीघाट स्थित उनके आवास के बाहर आधी रात को जमकर हंगामा हुआ। बताया जा रहा है कि इस दौरान दोनों दलों के समर्थक आमने-सामने आ गए और देखते ही देखते विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर मारपीट और हमला करने के आरोप लगाए हैं। घटना में कई लोगों के घायल होने की खबर है। तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए इलाके में भारी संख्या में पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है।
बैनर-पोस्टर लगाने के दौरान शुरू हुआ विवाद
जानकारी के अनुसार, अभिषेक बनर्जी के जन्मदिन पर उनके समर्थक कालीघाट स्थित आवास के बाहर बैनर और पोस्टर लगा रहे थे। इसी दौरान उनकी स्थानीय बीजेपी कार्यकर्ताओं से किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। शुरुआत में दोनों पक्षों के बीच बहस हुई, लेकिन कुछ ही देर में स्थिति बिगड़ गई। आरोप है कि इसके बाद दोनों ओर से ईंट-पत्थर चलाए गए। कुछ लोगों ने लोहे की छड़ों और हॉकी स्टिक से भी हमला किया। अचानक हुए इस घटनाक्रम से आसपास के इलाके में अफरा-तफरी मच गई।

अभिषेक बनर्जी के घर में घुसने की कोशिश का आरोप
टीएमसी समर्थकों ने आरोप लगाया कि बैनर और पोस्टर लेकर पहुंचे बीजेपी कार्यकर्ताओं ने अभिषेक बनर्जी के आवास पर हमला किया और घर के अंदर घुसने का प्रयास किया। बताया गया है कि उनका आवास कालीघाट के पटुआ पाड़ा इलाके में स्थित है। यह जगह काली की मूर्तियों की बिक्री के लिए भी पहचानी जाती है। टीएमसी समर्थकों का दावा है कि कुछ स्थानीय लोगों ने अभिषेक बनर्जी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणियां कीं और इसके बाद समर्थकों पर हमला कर दिया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि झड़प के दौरान महिलाओं को निशाना बनाया गया और कई महिलाएं घायल हुईं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।

बीजेपी ने टीएमसी के आरोपों को बताया गलत
दूसरी ओर, बीजेपी ने अभिषेक बनर्जी के आवास पर हमला करने और समर्थकों को निशाना बनाने के आरोपों को खारिज किया है। बीजेपी की ओर से दावा किया गया कि उसके कार्यकर्ता कुम्हारटोली में काली की मूर्तियां खरीदने गए थे। वहां से लौटते समय वे संबंधित रास्ते से गुजर रहे थे, तभी अभिषेक बनर्जी के समर्थकों ने उन पर हमला कर दिया। इस तरह दोनों राजनीतिक दलों की ओर से घटना को लेकर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं। फिलहाल झड़प की असली वजह और घटनाक्रम की जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
रात 2:30 बजे समर्थकों के साथ धरने पर बैठे अभिषेक
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस की बड़ी टुकड़ी मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को अलग कराया। किसी और अप्रिय घटना को रोकने के लिए सड़क पर बैरिकेडिंग भी की गई। रात करीब 2:30 बजे अभिषेक बनर्जी अपने समर्थकों के साथ आवास के बाहर धरने पर बैठ गए। उन्होंने घर पर हमला करने के आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग उठाई। पुलिस ने उनसे सड़क और आवास के बाहर धरना नहीं देने को कहा। इस दौरान दोनों पक्षों की ओर से नारेबाजी भी जारी रही।

घटना से एक दिन पहले निगरानी का दावा
इस विवाद से एक दिन पहले अभिषेक बनर्जी ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा किया था। उन्होंने दावा किया था कि उनके आवास की निगरानी की जा रही है। अब उनके घर के बाहर हुई झड़प को लेकर राजनीतिक माहौल और गरमा गया है। फिलहाल कालीघाट में पुलिस बल तैनात है और स्थिति पर नजर रखी जा रही है। दोनों पक्षों के आरोपों के बीच पुलिस की जांच और आगे की कार्रवाई पर सबकी निगाहें टिकी हैं।


