Mohammad Azharuddin MLC: भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मोहम्मद अजहरुद्दीन को तेलंगाना सरकार ने विधान परिषद सदस्य (MLC) के रूप में नामित किया है। यह नामांकन तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी के नेतृत्व वाली सरकार के राज्यपाल कोटे के तहत हुआ है। इस नामांकन के बाद अजहरुद्दीन ने रविवार को अपनी खुशी और आभार व्यक्त किया है।

अजहरुद्दीन का नामांकन और उनका रिएक्शन
अजहरुद्दीन ने अपने सोशल मीडिया हैंडल ‘एक्स’ पर कांग्रेस पार्टी के शीर्ष नेताओं मल्लिकार्जुन खड़गे, सोनिया गांधी, राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा और के. सी. वेणुगोपाल का धन्यवाद किया। उन्होंने अपने नॉमिनेशन के लिए पार्टी नेतृत्व द्वारा जताए गए विश्वास और आशीर्वाद के लिए आभार जताया। साथ ही, मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी, उपमुख्यमंत्री मल्लू भट्टी विक्रमार्क, तेलंगाना प्रदेश कांग्रेस कमेटी (टीपीसीसी) अध्यक्ष महेश कुमार गौड़ और एआईसीसी प्रभारी मीनाक्षी नटराजन के सहयोग को भी उन्होंने सराहा। अजहरुद्दीन ने कहा, “मैं राज्यपाल कोटे के तहत विधायक परिषद सदस्य बनने के इस अवसर को लेकर सम्मानित और विनम्र महसूस करता हूं। मैं पूरी ईमानदारी के साथ अपने राज्य की सेवा के लिए प्रतिबद्ध हूं।”

राजनीति में नया मोड़
पूर्व क्रिकेटर अजहरुद्दीन के नामांकन को राजनीतिक गलियारों में एक महत्वपूर्ण बदलाव के रूप में देखा जा रहा है। माना जा रहा था कि कांग्रेस उन्हें जुबली हिल्स विधानसभा सीट पर उपचुनाव में उम्मीदवार बनाएगी, लेकिन शनिवार को राज्य कैबिनेट की बैठक में उन्हें आमेर अली खान की जगह विधान परिषद सदस्य के तौर पर नामित करने का फैसला लिया गया।
जुबली हिल्स विधानसभा सीट पर उपचुनाव पिछले विधायक और बीआरएस नेता मगंटी गोपीनाथ के निधन के कारण हो रहा है। 2023 के चुनाव में मगंटी गोपीनाथ ने अजहरुद्दीन को करीब 16,000 वोटों से हराया था। अजहरुद्दीन, जो तेलंगाना कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष भी हैं, ने तब उपचुनाव लड़ने की इच्छा जताई थी, लेकिन पार्टी ने अभी तक उम्मीदवार का फैसला नहीं किया है।
अजहरुद्दीन का सियासी सफर
मोहम्मद अजहरुद्दीन ने 2009 में कांग्रेस पार्टी ज्वाइन की और उत्तर प्रदेश की मुरादाबाद लोकसभा सीट से सांसद चुने गए। 2014 में राजस्थान की टोंक-सवाई माधोपुर सीट से उन्होंने चुनाव लड़ा, लेकिन जीत नहीं सके। 2018 में उन्हें तेलंगाना कांग्रेस का कार्यकारी अध्यक्ष बनाया गया। उसी साल विधानसभा चुनाव में उन्होंने पार्टी के लिए प्रचार किया, लेकिन चुनाव में खुद उम्मीदवार नहीं बनाए गए।
2023 में जुबली हिल्स विधानसभा सीट पर चुनाव लड़ा, जहां उन्हें बीआरएस के मगंटी गोपीनाथ ने करारी शिकस्त दी। मोहम्मद अजहरुद्दीन का विधान परिषद सदस्य के रूप में नामांकन तेलंगाना कांग्रेस के लिए राजनीतिक मजबूती का संकेत है। यह कदम पार्टी की रणनीति और अजहरुद्दीन की राजनीतिक सक्रियता को दर्शाता है। अब देखना यह होगा कि वे राज्य की राजनीति में किस प्रकार अपनी भूमिका निभाते हैं और आगामी चुनावों में पार्टी की स्थिति कैसे मजबूत करते हैं।
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