अंतरराष्ट्रीय

Moon Graveyard: चांद बनेगा सैटेलाइट्स का कब्रिस्तान, अंतरिक्ष के कचरे से निपटने के लिए नया मास्टर प्लान

Moon Graveyard: आज की दुनिया चांद और तारों को फतह करने की होड़ में लगी है। लगभग हर दूसरे दिन कोई न कोई रॉकेट सैटेलाइट्स लेकर अंतरिक्ष के लिए उड़ान भरता है। लेकिन समस्या तब शुरू होती है जब ये सैटेलाइट्स अपनी कार्यक्षमता खो देते हैं या उनका ईंधन खत्म हो जाता है। निष्क्रिय होने के बाद ये सैटेलाइट्स अंतरिक्ष में कबाड़ की तरह चक्कर काटते रहते हैं, जो सक्रिय सैटेलाइट्स और भविष्य के स्पेस मिशनों के लिए एक बड़ा खतरा बन जाते हैं। इस मलबे को हटाने के लिए अब तक बड़े जाल बिछाने से लेकर लेजर तकनीक से उन्हें नष्ट करने तक के कई प्रयास किए गए हैं, लेकिन अब वैज्ञानिकों ने एक बेहद अनूठा और शानदार विचार पेश किया है।

Moon Graveyard: चांद के गड्ढे: अब अंतरिक्ष मलबे के लिए बनेंगे ‘कब्रिस्तान’

शोधकर्ताओं और अंतरिक्ष विशेषज्ञों का सुझाव है कि चंद्रमा के विशालकाय गड्ढों (Craters) का उपयोग निष्क्रिय अंतरिक्ष यानों और डेड सैटेलाइट्स के लिए ‘कब्रिस्तान’ के रूप में किया जा सकता है। इस योजना के तहत, चंद्रमा की कक्षा में चक्कर काट रहे बेकार हार्डवेयर को नियंत्रित तरीके से चांद की सतह पर गिराया जाएगा। हालांकि, इस प्रक्रिया में इस बात का विशेष ध्यान रखा जाएगा कि मलबे को केवल उन्हीं गड्ढों में गिराया जाए जिनका कोई सांस्कृतिक, ऐतिहासिक या विशेष वैज्ञानिक महत्व न हो। यह योजना भविष्य में पृथ्वी की कक्षा और चांद के आसपास के क्षेत्र को साफ रखने में गेम-चेंजर साबित हो सकती है।

Moon Graveyard: चंद्र मिशनों की बाढ़: क्यों पड़ रही है कचरा प्रबंधन की जरूरत?

अगले दो दशकों में चंद्रमा की कक्षा में सैटेलाइट्स की संख्या में भारी इजाफा होने वाला है। नासा, इसरो जैसी सरकारी स्पेस एजेंसियों के साथ-साथ अब कई निजी कंपनियां भी चंद्रमा पर अपने बेस बनाने की तैयारी में हैं। चांद की बंजर भूमि पर खनन, बुनियादी ढांचे का निर्माण और वैज्ञानिक प्रयोगों के लिए संचार और नेविगेशन सैटेलाइट्स की एक बड़ी फौज वहां भेजी जाएगी। जब ये उपकरण काम करना बंद कर देंगे, तो उन्हें अंतरिक्ष में आवारा छोड़ने के बजाय सुरक्षित रूप से चांद की सतह पर क्रैश-लैंड कराया जाएगा। द गार्डियन की रिपोर्ट के अनुसार, डॉ. फियोनाघ थॉमसन ने चेतावनी दी है कि यदि सही प्रबंधन नहीं हुआ, तो चांद संभावित रूप से एक ‘कचरा स्थल’ में बदल सकता है।

ग्लासगो स्पेस-कॉम बैठक: विशेषज्ञों ने तैयार किया खाका

हाल ही में ग्लासगो में आयोजित ‘स्पेस-कॉम’ बैठक में डर्हम यूनिवर्सिटी के सीनियर रिसर्च फेलो डॉ. फियोनाघ थॉमसन ने इस मुद्दे पर विशेषज्ञों का एक पैनल बुलाया। बैठक में इस बात पर चर्चा हुई कि ऑपरेटरों को पुराने सैटेलाइट्स को चांद की सतह पर पूर्व-निर्धारित खास स्थानों या विशाल गड्ढों में गिराने के लिए प्रशिक्षित किया जाना चाहिए। यह एक ऐसी रणनीति होगी जिससे न केवल वर्तमान कचरा कम होगा, बल्कि भविष्य के मिशनों के लिए भी रास्ता साफ रहेगा।

अंतरराष्ट्रीय समझौता: यूके और यूएस आर्टेमिस की संयुक्त पहल

भविष्य के स्पेस मिशनों को सुरक्षित और टिकाऊ बनाने के लिए ‘यूके अंतरिक्ष एजेंसी’ और ‘यूएस आर्टेमिस’ के बीच एक महत्वपूर्ण समझौता हुआ है। दोनों एजेंसियां इस सिद्धांत पर काम कर रही हैं कि चंद्रमा के संसाधनों का उपयोग करते समय वहां के पर्यावरण का भी ख्याल रखा जाए। इस समझौते के तहत, चंद्रमा पर कचरा प्रबंधन की नई नीतियों को विकसित किया जा रहा है ताकि अंतरिक्ष अन्वेषण की इस नई दौड़ में हम चांद की सुंदरता और उसकी वैज्ञानिक महत्ता को सुरक्षित रख सकें।

Read More: Suicide By Hanging : धान खरीदी केंद्र के प्रबंधक ने फांसी लगाकर की आत्महत्या, जांच में जुटी पुलिस

Thetarget365

Recent Posts

Ambikapur Fire Incident : अब कसेगा कानून का शिकंजा, विस्फोटक अधिनियम की गैर-जमानती धाराएं भी जुड़ीं

Ambikapur Fire Incident : अंबिकापुर शहर के राम मंदिर रोड पर हुए भीषण अग्निकांड में…

1 hour ago

Pawan Khera Bail : पवन खेड़ा को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत, असम पुलिस के मानहानि केस में मिली अग्रिम जमानत

Pawan Khera Bail :  भारतीय राजनीति के गलियारों से एक बड़ी खबर सामने आई है।…

4 hours ago

LPG Price Hike: 1 मई से गैस सिलेंडर की कीमतों में लगी आग, 5 किलो वाले सिलेंडर के दाम ₹261 बढ़े

LPG Price Hike:  मई महीने की शुरुआत के साथ ही आम आदमी की रसोई पर…

5 hours ago

Health Tips: भीगे हुए मुनक्के हैं सेहत का खजाना, कब्ज और हड्डियों की कमजोरी को कहें अलविदा

Health Tips:  ड्राई फ्रूट्स की दुनिया में मुनक्का एक ऐसा नाम है, जिसे आयुर्वेद में…

5 hours ago

India-Bangladesh Row: असम सीएम के बयान पर बांग्लादेश सख्त, भारतीय उच्चायुक्त को तलब कर दर्ज कराया विरोध

India-Bangladesh Row:  असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की हालिया टिप्पणियों ने भारत और बांग्लादेश…

5 hours ago

This website uses cookies.