MUDA Scam : कर्नाटक के चर्चित MUDA घोटाले (Mysuru Urban Development Authority Scam) में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 40.08 करोड़ रुपये मूल्य की 34 अचल संपत्तियां जब्त की हैं। अब तक इस घोटाले में ED द्वारा कुल ₹440 करोड़ की संपत्तियां जब्त की जा चुकी हैं। ये जब्ती प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA), 2002 के तहत 4 अक्टूबर 2024 को की गई।

पूर्व कमिश्नर पर रिश्वत के गंभीर आरोप
ED की जांच में सामने आया है कि MUDA के पूर्व कमिश्नर जीटी दिनेश कुमार ने 31 साइटों का अवैध रूप से आवंटन किया था। इस प्रक्रिया में उन्होंने कथित रूप से भारी रिश्वत ली और उससे अपने रिश्तेदारों और सहयोगियों के नाम पर संपत्तियां खरीदीं। दिनेश कुमार को ED ने 16 सितंबर 2024 को मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप में गिरफ्तार किया था। फिलहाल वे न्यायिक हिरासत में हैं।

मिलीभगत और नियमों का उल्लंघन
एजेंसी ने बताया कि MUDA के कुछ अधिकारी और रियल एस्टेट डेवलपर्स के बीच मिलीभगत थी। नकद लेन-देन के ज़रिए लेआउट मंजूरी और साइट आवंटन किए जा रहे थे। जांच में पाया गया कि यह आवंटन सरकारी आदेशों, 2009 और 2015 के नियमों तथा 1991 की स्वैच्छिक भूमि समर्पण योजना का स्पष्ट उल्लंघन करते हुए किया गया।
तलाशी में खुलासा
ED ने 18 और 28 अक्टूबर 2024 को की गई तलाशी में कई गड़बड़ियां पाईं। दस्तावेज़ों की जांच में सामने आया कि फर्जी नामों से संपत्तियां खरीदी गईं और उन्हें असली मालिकों से छिपाकर मनी लॉन्ड्रिंग को अंजाम दिया गया।
पहले भी हो चुकी है बड़ी जब्ती
MUDA केस में ED ने 17 जनवरी 2024 को कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया से जुड़े कुछ नामों की ₹300 करोड़ की अचल संपत्तियां जब्त की थीं। इन संपत्तियों में 142 रियल एस्टेट प्रॉपर्टीज शामिल थीं, जो अलग-अलग लोगों के नाम पर दर्ज थीं। ये लोग रियल एस्टेट व्यवसायी और एजेंट के रूप में काम कर रहे थे।
CM सिद्धारमैया को मिली क्लीन चिट
हालांकि, इस मामले में 19 फरवरी 2024 को लोकायुक्त पुलिस ने मुख्यमंत्री सिद्धारमैया, उनकी पत्नी पार्वती, साले मल्लिकार्जुन स्वामी और एक जमीन मालिक देवराजू को क्लीन चिट दे दी थी। लोकायुक्त ने जांच में पाया कि इन पर लगे आरोपों को साबित करने के लिए पर्याप्त सबूत नहीं हैं।MUDA स्कैम कर्नाटक की राजनीति और प्रशासन में भ्रष्टाचार और अवैध संपत्ति के खेल को उजागर करता है। ED की कार्रवाई जारी है और यह देखना बाकी है कि इसमें और कौन-कौन से बड़े नाम सामने आते हैं।










