अंतरराष्ट्रीय

US-India trade tensions: अमेरिका के 50% टैरिफ पर भारत की चुप्पी पर बोले राजनाथ सिंह – “बड़ी सोच वाले तुरंत जवाब नहीं देते”

US-India trade tensions : अमेरिका द्वारा भारत पर लगाए गए 50% टैरिफ को लेकर देश में भले ही सवाल उठ रहे हों, लेकिन इस मुद्दे पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का जवाब बेहद संतुलित और राजनयिक नजर आया। मोरक्को की आधिकारिक यात्रा के दौरान उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत ने इस पर कोई जवाब इसलिए नहीं दिया क्योंकि “हमारी सोच बड़ी है।”

अमेरिका के टैरिफ पर भारत की प्रतिक्रिया क्यों नहीं?

राजनाथ सिंह ने मोरक्को के कासाब्लांका में भारतीय समुदाय के साथ बातचीत करते हुए कहा “जो लोग खुले विचारों वाले और बड़े दिल वाले होते हैं, वे किसी भी बात पर तुरंत प्रतिक्रिया नहीं देते हैं।” यह टिप्पणी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा रूसी तेल खरीदने को लेकर भारत पर लगाए गए 50 प्रतिशत टैरिफ के संदर्भ में आई है। भारत की यह चुप्पी वैश्विक कूटनीति में उसकी परिपक्व सोच और संतुलित दृष्टिकोण को दर्शाती है।

पाकिस्तान और आतंकवाद पर कड़ा संदेश

राजनाथ सिंह ने रबात में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए पहलगाम आतंकी हमले और उसके बाद हुए ऑपरेशन सिंदूर का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि निर्दोष नागरिकों पर हमला होने के बाद भारतीय सेनाओं को पूरी छूट दी गई थी।”हमने धर्म नहीं, कर्म देखकर मारा है,” उन्होंने रामचरितमानस का हवाला देते हुए कहा। यह बयान न केवल भारत की आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति को रेखांकित करता है, बल्कि यह भी स्पष्ट करता है कि भारत की हर कार्रवाई सोच-समझकर की जाती है।

भारत की प्रगति पर भी डाली रोशनी

रक्षा मंत्री ने भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था, स्टार्टअप्स, और रक्षा उत्पादन में हुई प्रगति पर भी जोर दिया। भारत आज दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था है – जो 11वें से चौथे स्थान पर पहुंच गया है। आने वाले समय में भारत शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में शामिल होने की दिशा में अग्रसर है।10 वर्ष पहले जहां 18 यूनिकॉर्न थे, आज उनकी संख्या बढ़कर 118 हो गई है।रक्षा उद्योग ने 1.5 लाख करोड़ रुपये से अधिक का उत्पादन किया है और 100 से अधिक देशों को 23,000 करोड़ रुपये के रक्षा उत्पादों का निर्यात किया गया है।

प्रवासी भारतीयों की सराहना

राजनाथ सिंह ने प्रवासी भारतीयों की मेहनत, ईमानदारी और समर्पण की भी जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि दुनिया में भारत की सकारात्मक छवि बनाने में प्रवासी भारतीयों की भूमिका बेहद अहम है।

अमेरिका के टैरिफ पर भारत की चुप्पी को कमजोरी नहीं, बल्कि कूटनीतिक परिपक्वता के रूप में देखा जाना चाहिए। राजनाथ सिंह का यह बयान भारत की वैश्विक सोच, आंतरिक मजबूती और संतुलित विदेश नीति को दर्शाता है।

Read More :Russia US nuclear Treaty: ‘हम तैयार हैं, लेकिन अमेरिका…’ : न्यू START संधि को लेकर पुतिन की बड़ी शर्त

Thetarget365

Share
Published by
Thetarget365

Recent Posts

IPL 2026: KKR को लगा तगड़ा झटका, हर्षित राणा पूरे सीजन से बाहर, बिना मैच खेले मिलेंगे 4 करोड़! जानें असली वजह

IPL 2026: इंडियन प्रीमियर लीग के 19वें सीजन के आगाज से पहले कोलकाता नाइट राइडर्स…

50 seconds ago

Instagram: इंस्टाग्राम का बड़ा फैसला, 8 मई से चैट्स नहीं रहेंगी प्राइवेट, मेटा हटाएगा एंड-टू-एंड एनक्रिप्शन फीचर

Instagram: मेटा के लोकप्रिय फोटो और वीडियो शेयरिंग प्लेटफॉर्म 'इंस्टाग्राम' (Instagram) के यूजर्स के लिए…

2 hours ago

Strait of Hormuz: ईरान का भारत को बड़ा भरोसा, होर्मुज से मिलेगा सुरक्षित रास्ता, युद्ध के बीच तेहरान निभाएगा दोस्ती

Strait of Hormuz: पश्चिम एशिया में जारी भीषण युद्ध के बीच वैश्विक तेल संकट गहराता…

2 hours ago

This website uses cookies.