Uttar Pradesh Politics : उत्तर प्रदेश के मेरठ में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेता और सरधना विधानसभा सीट से पूर्व विधायक संगीत सिंह सोम ने समाजवादी पार्टी (SP) के अध्यक्ष अखिलेश यादव पर गंभीर आरोप लगाए हैं। सोम ने दावा किया कि अखिलेश यादव, टीटू यादव के जरिए उनकी हत्या कराना चाहते थे। उनके मुताबिक, कथित योजना सफल नहीं हो सकी। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। फिलहाल इस मामले में सामने आई जानकारी के आधार पर किसी निष्कर्ष पर पहुंचना संभव नहीं है।
क्या टीटू यादव के जरिए रची गई थी हत्या की कथित साजिश?
संगीत सिंह सोम ने मेरठ में अपने बयान के दौरान अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए हत्या की कथित साजिश का आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि टीटू यादव के माध्यम से उन्हें निशाना बनाने की योजना बनाई गई थी, लेकिन यह कथित कोशिश सफल नहीं हुई। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में इस दावे के समर्थन में कोई स्वतंत्र प्रमाण सामने नहीं आया है। समाचार एजेंसी पीटीआई-भाषा ने इस संबंध में सोम की प्रतिक्रिया जानने के लिए उनके मोबाइल फोन पर कई बार संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उनका फोन बंद मिला। इस कारण आरोपों को लेकर उनकी ओर से अतिरिक्त जानकारी नहीं मिल सकी।
शाहिद मंजूर ने आरोपों पर टिप्पणी से किया इनकार
संगीत सोम के आरोपों पर समाजवादी पार्टी के विधायक और उत्तर प्रदेश के पूर्व कैबिनेट मंत्री शाहिद मंजूर ने सीधे तौर पर प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया। हालांकि, उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर तंज जरूर कसा। मंजूर ने कहा कि अगर संगीत सोम को अपनी जान का खतरा महसूस हो रहा है, तो उन्हें राज्य सरकार से अतिरिक्त सुरक्षा की मांग करनी चाहिए। उनके मुताबिक, सोम भाजपा के नेता और पूर्व विधायक हैं तथा प्रदेश में उनकी पार्टी की सरकार है। ऐसे में सुरक्षा को लेकर उन्हें सरकार के सामने अपनी बात रखनी चाहिए।
26-27 सुरक्षाकर्मियों से काम नहीं तो और सुरक्षा मांगें: मंजूर
शाहिद मंजूर ने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा कि यदि संगीत सोम को 26-27 सुरक्षाकर्मियों से पर्याप्त सुरक्षा नहीं मिल रही है, तो वह 50 से 100 सुरक्षाकर्मियों की मांग कर सकते हैं। उन्होंने यहां तक कहा कि यदि जेड-प्लस सुरक्षा भी पर्याप्त नहीं लगती, तो सोम राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (NSG) की सुरक्षा मांग सकते हैं। मंजूर ने इस बयान के जरिए सोम के आरोपों पर सवाल उठाने के बजाय उनकी सुरक्षा संबंधी चिंता को सरकार के सामने रखने की बात कही।
टिकट और टीआरपी को लेकर भी शाहिद मंजूर ने कसा तंज
सपा विधायक ने संगीत सोम के बयान पर टिप्पणी करते हुए यह भी कहा कि संभव है कोई अपनी टीआरपी बढ़ाने के लिए इस तरह के दावे कर रहा हो। उन्होंने यह संभावना भी जताई कि ऐसा बयान राजनीतिक टिकट पक्का करने के उद्देश्य से दिया गया हो सकता है। हालांकि, मंजूर ने स्पष्ट किया कि वह इस पूरे मामले पर कोई सीधी टिप्पणी नहीं करना चाहते। उन्होंने सोम को उनके विधायक रहने के समय की याद दिलाते हुए कहा कि उन्हें यह भी देखना चाहिए कि अखिलेश यादव की सरकार के दौरान उन्हें कितने सुरक्षाकर्मी उपलब्ध कराए गए थे।
पहले भी अखिलेश यादव और सपा सरकार पर निशाना साध चुके हैं सोम
संगीत सिंह सोम इससे पहले भी अखिलेश यादव और समाजवादी पार्टी की तत्कालीन सरकार पर आरोप लगाते रहे हैं। उन्होंने दावा किया था कि सपा सरकार के कार्यकाल में उनके और अन्य नेताओं के खिलाफ गंभीर मुकदमे दर्ज कराए गए थे। वर्ष 2013 के मुजफ्फरनगर दंगों को लेकर भी सोम तत्कालीन सरकार की भूमिका पर सवाल उठाते रहे हैं। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हुई हिंसा के संदर्भ में भी वह अखिलेश यादव पर निशाना साध चुके हैं। इसके अलावा, उन्होंने महमूद मदनी पर टिप्पणी करते हुए विवादित बयान दिया था। फिलहाल संगीत सोम के ताजा आरोपों पर राजनीतिक बयानबाजी तेज होने की संभावना है, लेकिन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना अभी बाकी है।