Sansad March Update: आज, मंगलवार, 21 जुलाई 2026 को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा प्रस्तावित संसद मार्च को फिलहाल स्थगित कर दिया गया है। सुबह से ही यह अटकलें तेज थीं कि नीट पेपर लीक मामले में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर छात्र आज भी संसद की ओर मार्च निकालेंगे। हालांकि, कुछ देर पहले ही कॉकरोच जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभिजीत दीपके ने यह स्पष्ट कर दिया है कि आज सीजेपी कोई संसद मार्च नहीं निकालेगी। इस दौरान उन्होंने देश की वर्तमान व्यवस्था और कल (सोमवार, 20 जुलाई) को हुई हिंसक घटनाओं को लेकर सरकार से तीखे और गंभीर सवाल पूछे हैं।

कल की हिंसा पर उठे सवाल: पत्थर आखिर कहां से आए?
अभिजीत दीपके ने कल के संसद मार्च के दौरान भड़की हिंसा और पुलिस की विवादास्पद कार्रवाई पर कड़े सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने मुख्य रूप से यह मुद्दा उठाया कि जब पुलिस प्रशासन द्वारा प्रदर्शन में शामिल प्रत्येक छात्र के बैग की कड़ी चेकिंग की जा रही थी, तब प्रदर्शन स्थल पर अचानक पत्थर कहां से आ गए। अभिजीत दीपके ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार को देश के भविष्य यानी इन बच्चों की जान की कोई भी परवाह नहीं है। यदि सरकार या पुलिस प्रशासन को उस मार्च को रोकना ही था, तो भीड़ को नियंत्रित करने के लिए वाटर कैनन या अन्य हल्के साधनों का इस्तेमाल किया जा सकता था।

उन्होंने आगे कहा कि इससे पहले भी दिल्ली पुलिस द्वारा लाठीचार्ज की घटनाएं सामने आ चुकी हैं, लेकिन कल जो हुआ वह पूरी तरह सुनियोजित प्रतीत होता था। दीपके ने सवालिया लहजे में पूछा कि जब हमारे हर एक कार्यकर्ता और छात्र के बैग की बारीकी से जांच हो रही थी, तो फिर वहां पत्थरों से भरे हुए ट्रक कैसे पहुंच गए? उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसा प्रतीत होता है जैसे वहां कानून व्यवस्था संभालने वाली दिल्ली पुलिस की जगह असमाजिक तत्वों और गुंडों को तैनात किया गया था, जिनका एकमात्र उद्देश्य छात्रों के शांतिपूर्ण आंदोलन को बदनाम करना और हिंसा फैलाना था।
घायलों का हाल जानने लेडी हार्डिंग अस्पताल जाएंगे दीपके
प्रेस को संबोधित करते हुए अभिजीत दीपके ने जानकारी दी कि कल की इस दुर्भाग्यपूर्ण और हिंसक घटना में 150 से अधिक छात्र एवं कार्यकर्ता गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिन्हें विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। उन्होंने घोषणा की कि वे आज व्यक्तिगत रूप से लेडी हार्डिंग अस्पताल जाकर घायल बच्चों से मुलाकात करेंगे और उनका हालचाल जानेंगे। दीपके ने कल की पूरी घटना को सरासर तानाशाही करार दिया और कहा कि छात्रों की आवाज को दबाने के लिए जिस प्रकार बल प्रयोग किया गया है, उसकी जितनी निंदा की जाए उतनी कम है।
सोनम वांगचुक के अनशन को लेकर सनसनीखेज खुलासा
आज के प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अभिजीत दीपके ने एक बेहद बड़ा और चौंकाने वाला खुलासा किया। उन्होंने दावा किया कि पर्यावरणविद् और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक कल ही अपना अनशन समाप्त करने वाले थे। सीजेपी नेतृत्व ने उन्हें काफी समझाने-बुझाने के बाद इसके लिए बमुश्किल राजी किया था, लेकिन कल पुलिस की तरफ से जो बर्बरता और क्रूरता दिखाई गई, उसे देखकर सोनम वांगचुक बेहद आहत हुए। उन्होंने स्थिति को देखते हुए यह घोषणा कर दी है कि वे अब दोबारा अनशन पर बैठेंगे।
अभिजीत दीपके ने अंत में स्पष्ट किया कि पार्टी किसी भी कीमत पर छात्रों की सुरक्षा से समझौता नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि हम आज कोई भी मार्च नहीं निकालेंगे क्योंकि हम नहीं चाहते कि हमारे किसी भी बच्चे को जरा सी भी चोट लगे या किसी का सिर फूटे। इसके बावजूद, हमारा विरोध-प्रदर्शन लोकतांत्रिक और पूरी तरह से शांतिपूर्ण तरीकों से आगे भी निरंतर जारी रहेगा।
Read More : Sonam Wangchuk Health : 23 दिन बाद सोनम वांगचुक की सेहत कैसी है? जानिए हेल्थ बुलेटिन का खुलासा












