Shehbaz Sharif Diwali wishes : भारत समेत दुनियाभर में दिवाली का त्योहार हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है। इस खास अवसर पर पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने भी हिंदू समुदाय को दीपावली की शुभकामनाएं दी हैं। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर प्रधानमंत्री शरीफ के संदेश को साझा किया। इसमें उन्होंने दुनियाभर के हिंदुओं के साथ-साथ पाकिस्तान में रहने वाले हिंदू समुदाय को विशेष रूप से बधाई दी।
रोशनी को बताया अंधेरे पर जीत का प्रतीक
प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने अपने संदेश में दिवाली को नफरत, असहिष्णुता और निराशा के अंधकार पर प्रकाश की विजय का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि रोशनी का यह त्योहार केवल खुशियां मनाने का अवसर नहीं है, बल्कि यह समाज को एक महत्वपूर्ण संदेश भी देता है। दिवाली मानवीय रिश्तों को मजबूत करने और सामाजिक जीवन में शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व को बढ़ावा देने की प्रेरणा देती है।

उन्होंने अपने संदेश में उम्मीद जताई कि यह पर्व लोगों के बीच सकारात्मक सोच, आपसी विश्वास और सद्भाव को मजबूत करेगा। उनके मुताबिक, उज्ज्वल, समृद्ध और आशापूर्ण भविष्य में अटूट विश्वास दिवाली की सबसे महत्वपूर्ण विशेषताओं में शामिल है।

पाकिस्तानी हिंदुओं को बताया राष्ट्र का अभिन्न हिस्सा
शहबाज शरीफ ने पाकिस्तान में रहने वाले हिंदू समुदाय के योगदान की सराहना भी की। उन्होंने कहा कि पाकिस्तानी हिंदू देश का महत्वपूर्ण और अभिन्न अंग हैं। देश के सामाजिक, सांस्कृतिक और आर्थिक विकास में उनका योगदान अमूल्य है। उन्होंने यह भी कहा कि पाकिस्तान में मौजूद अलग-अलग धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराएं देश की बहुमूल्य सामाजिक विरासत का हिस्सा हैं।
प्रधानमंत्री के संदेश के अनुसार, पाकिस्तान अपनी धार्मिक और सांस्कृतिक विविधता पर गर्व करता है। विभिन्न समुदायों की परंपराएं और मान्यताएं देश की पहचान को समृद्ध बनाती हैं। उन्होंने सभी नागरिकों के बीच सम्मान और सहयोग की भावना बनाए रखने पर जोर दिया।

अल्पसंख्यकों के अधिकारों की सुरक्षा का भरोसा
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री कार्यालय की पोस्ट में देश के संविधान का भी उल्लेख किया गया। इसमें कहा गया कि पाकिस्तान का संविधान अल्पसंख्यकों के धार्मिक और नागरिक अधिकारों की सुरक्षा की गारंटी देता है। सरकार प्रत्येक नागरिक के अधिकार, सम्मान और धार्मिक स्वतंत्रता की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।
संदेश में स्पष्ट किया गया कि किसी व्यक्ति के धर्म, आस्था, रंग या जातीय पहचान के आधार पर उसके अधिकारों में भेदभाव नहीं होना चाहिए। धार्मिक सद्भाव, आपसी एकता और एक-दूसरे के प्रति सम्मान को बढ़ावा देना सभी नागरिकों की साझा जिम्मेदारी है।
शांतिपूर्ण और समावेशी पाकिस्तान बनाने की अपील
शहबाज शरीफ के संदेश में एक ऐसे पाकिस्तान के निर्माण का संकल्प दोहराया गया, जहां सभी समुदायों को समान अवसर मिलें। पोस्ट के मुताबिक, शांतिपूर्ण और समृद्ध राष्ट्र वही बन सकता है, जो विभिन्न संस्कृतियों और परंपराओं को सम्मान के साथ अपनाए।
ऐसे समाज में प्रत्येक नागरिक को शिक्षा और आर्थिक विकास के समान अवसर मिलने चाहिए। सरकार ने सभी नागरिकों के लिए शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व और सामाजिक समावेश को महत्वपूर्ण बताया।
भाईचारा और आपसी समझ मजबूत करने का संदेश
दिवाली के मौके पर शहबाज शरीफ ने अलग-अलग धर्मों के बीच सद्भाव बढ़ाने और भाईचारे के रिश्तों को मजबूत करने की अपील की। उन्होंने शांति, सहिष्णुता और आपसी समझ पर आधारित उज्ज्वल भविष्य के लिए मिलकर काम करने का संदेश दिया।
उन्होंने उम्मीद जताई कि दिवाली मनाने वाले सभी पाकिस्तानी हिंदू इस त्योहार की खुशियों और परंपराओं का भरपूर आनंद लेंगे। साथ ही यह पर्व समाज में शांति, सद्भावना, खुशी, समृद्धि और आशा का संदेश फैलाएगा।
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