Suicide by hanging : रामानुजगंज शहर में एक दर्दनाक घटना ने सभी को झकझोर कर रख दिया। एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय के कन्या छात्रावास की अधीक्षिका नेहा वर्मा (25) ने शनिवार सुबह अपने शासकीय क्वार्टर में दुपट्टे से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मूलतः पटना बिहार निवासी नेहा, बीते वर्ष 27 जून 2024 को अधीक्षिका पद पर नियुक्त हुई थीं और तब से बालिकाओं के छात्रावास की निगरानी कर रही थीं।

घटना सुबह लगभग 10:30 बजे सामने आई जब अन्य स्टाफ ने कमरे का दरवाजा बंद देखा और आवाज देने पर भीतर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। शक होने पर दरवाजा तोड़ा गया, जहां नेहा का शव फांसी पर लटका मिला। तत्काल उसे नीचे उतारा गया, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। मामले की सूचना पुलिस को दी गई, जो मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गई है।

विद्यालय के प्राचार्य राजू सिंह ने बताया कि नेहा वर्मा व्यवहार कुशल और अपने कर्तव्य के प्रति अत्यंत ईमानदार कर्मचारी थीं। “कल रात तक उन्होंने पूरी तन्मयता से अपनी ड्यूटी निभाई। आज की यह घटना हम सभी के लिए चौंकाने वाली है।”
घटना के समय नेहा का मोबाइल लगातार बज रहा था, लेकिन जवाब नहीं मिला। विद्यालय स्टाफ ने बताया कि इंस्टाग्राम के माध्यम से किसी अज्ञात युवक ने घटना की सूचना अन्य कर्मचारियों को दी। फिलहाल पुलिस इस पहलू की भी जांच कर रही है कि यह युवक कौन था और उसका नेहा से क्या संबंध था।
लगातार आत्महत्याओं से सहमा क्षेत्र
रामानुजगंज क्षेत्र में बीते 45 दिनों में यह आत्महत्या का पाँचवाँ मामला है, जो एक गंभीर सामाजिक चिंता को जन्म देता है। गौर करने वाली बात यह है कि इन सभी मामलों में मृतकों की उम्र 18 से 30 वर्ष के बीच थी और वे सभी अविवाहित थे। इस श्रृंखला ने न केवल प्रशासन को बल्कि समाज को भी मानसिक स्वास्थ्य और युवा वर्ग के भीतर पनप रहे तनावों को लेकर सोचने पर मजबूर कर दिया है।
फिलहाल नेहा वर्मा की आत्महत्या के पीछे के कारणों की जांच जारी है। पुलिस आत्महत्या के पहले की उसकी कॉल डिटेल्स, सोशल मीडिया गतिविधियों और व्यक्तिगत हालातों की भी पड़ताल कर रही है।










