Zubeen Garg Death: मशहूर गायक जुबीन गर्ग की रहस्यमयी मौत ने न सिर्फ उनके प्रशंसकों को स्तब्ध किया है, बल्कि पूरे देश में शोक की लहर दौड़ा दी है। 19 सितंबर 2025 को सिंगापुर में एक म्यूजिक शो के दौरान उनकी अचानक मौत हो गई थी। अब तक उनकी पोस्टमार्टम और ऑटोप्सी रिपोर्ट सामने आ चुकी है, लेकिन मौत के कारणों को स्पष्ट करने वाली विसरा रिपोर्ट अब भी लंबित है। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने पुष्टि की है कि यह रिपोर्ट 10 अक्टूबर 2025 तक आने की संभावना है।

क्या जुबीन गर्ग को जहर दिया गया?
इस मामले में एक बड़ा मोड़ तब आया जब जुबीन के बैंडमेट शेखर ज्योति गोस्वामी ने आरोप लगाया कि उन्हें सिंगापुर में जानबूझकर जहर दिया गया। शेखर का दावा है कि जुबीन को साजिश के तहत सिंगापुर ले जाया गया था, जहां मैनेजर सिद्धार्थ शर्मा और इवेंट ऑर्गेनाइजर श्यामकानु महंत ने उन्हें जहरीला पदार्थ दिया। उन्होंने यह भी बताया कि सिंगापुर में होटल के स्टे के दौरान सिद्धार्थ का व्यवहार संदिग्ध था।

पुलिस जांच में कई गिरफ्तारियां, विदेश में भी संदिग्ध
असम पुलिस इस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। अब तक सिद्धार्थ शर्मा, श्यामकानु महंत, सिंगर अमृताप्रभा महंता और शेखर ज्योति गोस्वामी को हिरासत में लिया गया है। पुलिस के अनुसार, कुछ संदिग्ध आरोपी सिंगापुर में मौजूद हैं। असम के मुख्यमंत्री ने असमिया समुदाय से अपील की है कि वे भारत सरकार और विदेश मंत्रालय पर दबाव बनाएं ताकि सिंगापुर से इन संदिग्धों को भारत लाया जा सके। मुख्यमंत्री ने कहा, “अगर ये लोग भारत नहीं आए, तो जांच अधूरी रह जाएगी। सच्चाई सामने लाने के लिए उनका भारत आना बेहद जरूरी है।”
क्या हुआ था 19 सितंबर को?
जुबीन गर्ग पूर्वोत्तर भारत महोत्सव के तहत एक म्यूजिक परफॉर्मेंस के लिए सिंगापुर में थे। 19 सितंबर को स्विमिंग पूल में तैरते समय उन्हें अचानक घबराहट हुई और वे बेहोश हो गए। चश्मदीदों के मुताबिक, इस दौरान मैनेजर सिद्धार्थ को “जाबो दे, जाबो दे” चिल्लाते हुए सुना गया। जुबीन को तत्काल रिवाइव करने की कोशिश की गई, लेकिन वह सफल नहीं रही।
CID भी जुटी जांच में
इस हाई-प्रोफाइल केस की जांच में अब असम CID भी शामिल हो गई है। सिंगापुर में मौजूद रहे असम पुलिस अधिकारी संदीपन गर्ग भी अब CID के सामने पेश हो चुके हैं और उनका बयान केस डायरी में दर्ज किया गया है।
विसरा रिपोर्ट से खुलेगा मौत का राज?
अब सबकी निगाहें जुबीन गर्ग की विसरा रिपोर्ट पर टिकी हैं, जो 10 अक्टूबर तक आने की उम्मीद है। यही रिपोर्ट यह तय करेगी कि उनकी मौत किसी स्वाभाविक कारण से हुई थी या फिर यह पूर्व नियोजित हत्या का मामला है।
निष्कर्ष: जुबीन गर्ग की रहस्यमयी मौत ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। अब जबकि विसरा रिपोर्ट और अंतरराष्ट्रीय संदिग्धों की गिरफ्तारी की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है, उम्मीद है कि सच्चाई जल्द सामने आएगी और गायक के परिवार और उनके करोड़ों प्रशंसकों को न्याय मिलेगा।










