SIR voter list issue: बिहार में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) और मतदाता सूची में गड़बड़ी के मुद्दे पर सियासत गर्म है। स्वतंत्रता दिवस के मौके पर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने भाजपा और चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि “भाजपा सत्ता में बने रहने के लिए अनैतिकता की किसी भी सीमा तक जा सकती है।”

इंदिरा भवन स्थित कांग्रेस मुख्यालय में तिरंगा फहराने के बाद अपने भाषण में खड़गे ने कहा कि बिहार में SIR के जरिए विपक्ष के वोट काटे जा रहे हैं, जबकि जिंदा लोगों को मृत घोषित किया जा रहा है। उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम को सिर्फ चुनावी मुद्दा नहीं बल्कि लोकतंत्र और संविधान की रक्षा की लड़ाई बताया।

“वोटर लिस्ट में गड़बड़ी छुपा रहा चुनाव आयोग”
कांग्रेस अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग पारदर्शिता से बच रहा है। उन्होंने कहा, “आयोग यह बताने को तैयार नहीं है कि किनके वोट काटे गए हैं और किस आधार पर। ये कैसी निष्पक्षता है?” उन्होंने सुप्रीम कोर्ट का आभार जताया, जिसने इस पर सुनवाई करते हुए वोटर लिस्ट सार्वजनिक करने का निर्देश दिया।
ED-CBI का दुरुपयोग और भाजपा की रणनीति
खड़गे ने केंद्र सरकार पर हमला करते हुए कहा कि ईडी, सीबीआई और आयकर विभाग का खुलकर दुरुपयोग हो रहा है। उन्होंने कहा, “विपक्षी नेताओं को डराने और दबाने के लिए केंद्रीय एजेंसियों को मोहरा बनाया जा रहा है। सुप्रीम कोर्ट को इन एजेंसियों को आईना दिखाना पड़ा।”
भारत की वैश्विक स्थिति पर चिंता
अपने संबोधन में खड़गे ने भारत की विदेश नीति पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा, “जहां कभी भारत विकासशील देशों की आवाज था, आज हमारे पड़ोस में भी कोई दोस्त नहीं बचा है। आजादी के नायकों का सपना हमसे दूर होता जा रहा है।”
वोट का अधिकार: लोकतंत्र की आत्मा
खड़गे ने डॉ. भीमराव अंबेडकर को उद्धृत करते हुए कहा, “1949 में अंबेडकर ने कहा था कि वोट का अधिकार सबसे बुनियादी अधिकार है। किसी भी योग्य नागरिक को सिर्फ पूर्वाग्रह के कारण बाहर नहीं किया जाना चाहिए।” उन्होंने इसे भारतीय लोकतंत्र की आत्मा बताया।
संविधान और कांग्रेस की भूमिका
कांग्रेस अध्यक्ष ने स्वतंत्र भारत में संविधान के निर्माण को कांग्रेस की ऐतिहासिक उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा, “ढाई साल की मेहनत से बना यह संविधान आज भी दुनिया के सबसे बेहतरीन संवैधानिक दस्तावेजों में गिना जाता है। कांग्रेस सरकारों ने आठ दशकों में एक मजबूत, समतामूलक भारत की नींव रखी है।”
बिहार SIR और वोटर लिस्ट विवाद को लेकर कांग्रेस का हमला तेज हो गया है। जहां एक ओर विपक्ष इसे लोकतंत्र पर हमला बता रहा है, वहीं भाजपा और चुनाव आयोग पर सवालों की बौछार हो रही है। आगामी चुनावों से पहले यह मुद्दा राजनीतिक रूप से बेहद संवेदनशील होता जा रहा है।











