AUS vs SA : वर्ल्ड चैंपियन ऑस्ट्रेलिया को अपने ही घर में बड़ा झटका लगा है। मैक्के में खेले गए तीन मैचों की वनडे सीरीज के दूसरे मुकाबले में साउथ अफ्रीका ने ऑस्ट्रेलिया को 84 रनों से हराकर सीरीज 2-0 से अपने नाम कर ली। टी20 सीरीज में रोमांचक जीत के बाद ऑस्ट्रेलियाई फैंस को वनडे में भी बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद थी, लेकिन कप्तान पैट कमिंस, मिचेल स्टार्क, स्टीव स्मिथ और ग्लेन मैक्सवेल जैसे सीनियर खिलाड़ियों की गैरमौजूदगी टीम पर भारी पड़ी।

साउथ अफ्रीका का दमदार प्रदर्शन
दूसरे वनडे में पहले बल्लेबाजी करते हुए साउथ अफ्रीका ने 49.1 ओवर में 277 रन बनाए। यह स्कोर चुनौतीपूर्ण था, लेकिन ऑस्ट्रेलिया जैसी मजबूत बल्लेबाजी लाइनअप के लिए नामुमकिन नहीं। हालांकि, जबाब में ऑस्ट्रेलियाई टीम 193 रन पर सिमट गई।
साउथ अफ्रीका के गेंदबाजों ने ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। तेज गेंदबाजों ने पावरप्ले में ही शुरुआती विकेट निकाल लिए, जिससे दबाव बढ़ता गया। मिडिल ऑर्डर लड़खड़ा गया और कोई भी बल्लेबाज बड़ा स्कोर नहीं बना सका।

ऑस्ट्रेलिया की कमजोरियां उजागर
टीम में सीनियर खिलाड़ियों की गैरहाजिरी ने साफ असर दिखाया।स्टीव स्मिथ और मैक्सवेल पहले ही वनडे से संन्यास ले चुके हैं।कमिंस और स्टार्क को आराम दिया गया था, जिससे गेंदबाजी इकाई अनुभवहीन दिखी।बल्लेबाजी क्रम में कोई भी खिलाड़ी लय में नहीं दिखा, जिससे टीम संघर्ष करती नजर आई। एडम ज़म्पा ने हालांकि गेंद से अच्छा प्रदर्शन करते हुए 3 विकेट लिए और घरेलू मैदान पर अपने 50 ODI विकेट भी पूरे किए, लेकिन टीम को जीत नहीं दिला सके।
साउथ अफ्रीका के लिए बड़ी जीत
इस सीरीज जीत से साउथ अफ्रीका ने न केवल ऑस्ट्रेलिया से टी20 सीरीज की हार का बदला लिया, बल्कि यह साबित किया कि वे वनडे फॉर्मेट में भी बेहद मजबूत टीम हैं। यह जीत आईसीसी रैंकिंग और आगामी चैंपियनशिप के लिहाज से भी अहम है।ऑस्ट्रेलिया के लिए यह सीरीज एक सीख है कि उन्हें वनडे क्रिकेट में नई रणनीति और संतुलन की जरूरत है। युवा खिलाड़ियों को मौका देना जरूरी है, लेकिन साथ ही अनुभव की भी कमी नहीं होनी चाहिए। वहीं साउथ अफ्रीका के लिए यह दौरा आत्मविश्वास बढ़ाने वाला रहा।
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