Catholic School Attack USA: अमेरिका के मिनियापोलिस शहर में बुधवार (27 अगस्त 2027) को एक कैथोलिक स्कूल में भयानक गोलीबारी की घटना हुई, जिसने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया। इस हमले में दो बच्चों की मौत हो गई जबकि 17 से अधिक लोग घायल हुए। बाद में हमलावर ने खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। शुरुआती जांच में एफबीआई ने इस वारदात को घरेलू आतंकवाद और धार्मिक नफरत से जोड़ा है।

हमला कैसे हुआ?
मिनियापोलिस के इस कैथोलिक स्कूल में, प्रार्थना के दौरान एक शूटर ने चर्च की खिड़कियों से अंदर बैठे बच्चों और कर्मचारियों पर अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी। इस हमले से पूरे इलाके में दहशत फैल गई। पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर नियंत्रण किया, लेकिन तब तक बड़ी क्षति हो चुकी थी।

“Nuke India” और अन्य संदिग्ध निशान
हमलावर की बंदूकों पर कई संदिग्ध और भड़काऊ शब्द लिखे मिले। उनमें सबसे चिंताजनक था “Nuke India”, जिसका अर्थ है “भारत पर परमाणु हमला करो”। इसके अलावा बंदूकों पर “माशा अल्लाह” और “डोनाल्ड ट्रंप को मार डालो” जैसे नारे भी लिखे थे। साथ ही, इजरायल के पतन की भी बात कही गई थी। ये सभी संकेत यह दर्शाते हैं कि हमलावर किसी कट्टरपंथी इस्लामिक विचारधारा से प्रभावित था।
हमले से पहले वायरल हुए वीडियो
हमलावर रॉबिन वेस्टमैन ने हमले से कुछ समय पहले अपने नाम से यूट्यूब चैनल पर एक वीडियो पोस्ट किया था। वीडियो में उसने राइफल, शॉटगन, और पिस्टल जैसे कई हथियार दिखाए। उसने कहा था, “यह छोटा हथियार मेरे लिए है, अगर जरूरत पड़ी तो इस्तेमाल किया जाएगा।” वीडियो में हथियारों पर लिखे नारे उसकी कट्टर मानसिकता और हिंसक विचारों को स्पष्ट करते हैं।
इसके अलावा, उसने दो जर्नल का भी उल्लेख किया था, जिनमें से एक 60 पन्नों का और दूसरा 150 पन्नों का था। ये दोनों पूरी तरह सिरिलिक भाषा में लिखे गए थे, जिनकी जांच एजेंसियां कर रही हैं। माना जा रहा है कि ये जर्नल उसकी नफरत और हिंसा की प्रेरणा स्रोत हैं।
ट्रांसजेंडर पहचान और राजनीतिक संदर्भ
रॉबिन वेस्टमैन एक ट्रांसजेंडर व्यक्ति था। हाल ही में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रांसजेंडर अधिकारों पर कई प्रतिबंधात्मक फैसले लिए थे, जिनसे वेस्टमैन समेत कई लोगों में आक्रोश बढ़ा था। हथियारों पर ट्रंप को मारने की धमकी से पता चलता है कि इस हमलावर का राजनीतिक विरोध भी इस घटना के पीछे एक बड़ा कारण हो सकता है।
एफबीआई और सुरक्षा एजेंसियों की कार्रवाई
एफबीआई और अन्य सुरक्षा एजेंसियां इस घटना की जांच कर रही हैं। उन्होंने इस हमले को घरेलू आतंकवाद और धार्मिक नफरत से प्रेरित बताया है। मिनियापोलिस पुलिस ने भी स्थानीय सुरक्षा बढ़ा दी है और समुदाय को सतर्क रहने का आग्रह किया है।
मिनियापोलिस के इस कैथोलिक स्कूल पर हुए हमले ने अमेरिका को फिर से घरेलू आतंकवाद और नफरत की गंभीर समस्या की याद दिला दी है। कट्टर विचारधारा, राजनीतिक असहमति और व्यक्तिगत मानसिक तनाव इस घटना के प्रमुख कारण लग रहे हैं। सुरक्षा एजेंसियां पूरी ताकत से इस मामले की जांच कर रही हैं ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।











